Delhi
कोविड के बाद चीन में एक और खतरनाक वायरस ने दी दस्तक , HMPV वायरस से जूझ रहे मरीजों की लगातार बढ़ रही संख्या….
दिल्ली : कोरोना वायरस के कहर से अभी तक उबर न पाने वाला चीन एक बार फिर से वायरस की चपेट में है। सोशल मीडिया पर इन दिनों चीन के अस्पतालों की जो तस्वीरें वायरल हो रही हैं, वे बेहद डरावनी हैं। दावा किया जा रहा है कि अब चीन में ह्यूमन मेटाप्नेयूमोवायरस (HMPV) और अन्य खतरनाक वायरस तेजी से फैल रहे हैं, जिनकी चपेट में लोग आकर गंभीर रूप से बीमार हो रहे हैं।
विशेषज्ञों के मुताबिक, इन्फ्लुएंजा ए और माइकोप्लाज्मा जैसे वायरस भी चीन में बड़ी संख्या में लोगों को प्रभावित कर रहे हैं। ये वायरस ह्यूमन मेटाप्नेयूमोवायरस (HMPV) की तरह ही सर्दी-जुकाम जैसे लक्षण उत्पन्न करते हैं, लेकिन ये गंभीर समस्याएं जैसे न्यूमोनिया और ब्रोंकियोलाइटिस भी पैदा कर सकते हैं।
HMPV क्या है और किसे है सबसे ज्यादा खतरा?
HMPV एक वायरस है जो आमतौर पर सर्दी-जुकाम जैसे लक्षण उत्पन्न करता है, लेकिन यह बच्चों, बुजुर्गों और कमजोर इम्यून सिस्टम वाले व्यक्तियों के लिए अत्यंत खतरनाक हो सकता है। इस वायरस से संक्रमित होने पर मरीजों में खांसी, बुखार और नाक बंद होने जैसी समस्याएं उत्पन्न होती हैं। इसके बाद, संक्रमित व्यक्ति को ब्रोंकियोलाइटिस और न्यूमोनिया जैसी गंभीर बीमारियों का सामना भी हो सकता है।
इस वायरस को लेकर सबसे डरावनी बात यह है कि यह कोविड-19 की तरह तेजी से फैल रहा है। विशेषज्ञों के मुताबिक, HMPV संक्रमित व्यक्ति के खांसने या छींकने से फैलता है, और संक्रमित सतहों को छूने से भी संक्रमण का खतरा बढ़ता है।
सबसे ज्यादा खतरे में कौन लोग हैं?
HMPV वायरस से सबसे ज्यादा प्रभावित होने वाले लोग छोटे बच्चे, बुजुर्ग और कमजोर इम्यून सिस्टम वाले लोग हैं। ऐसे लोग जल्दी गंभीर समस्याओं का सामना कर सकते हैं, और उनकी स्थिति बिगड़ने का खतरा अधिक होता है। इसके अलावा, अस्थमा, क्रॉनिक ऑब्सट्रक्टिव पल्मोनरी डिजीज (COPD), या अन्य फेफड़ों की बीमारियों से जूझ रहे लोग भी इस वायरस से गंभीर रूप से प्रभावित हो सकते हैं।
क्या कहता है WHO?
सोशल मीडिया पर इस वायरस के फैलने की चर्चा तेज़ है, लेकिन विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने अभी तक इस वायरस के बारे में कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है। WHO ने चीन में HMPV वायरस के संक्रमण की पुष्टि तक नहीं की है।
चीन के अस्पतालों में हो रही भारी भीड़ और संक्रमित लोगों की बढ़ती संख्या के बावजूद, चीन सरकार और WHO की ओर से इस मामले में कोई स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है, जिससे लोगों के बीच आशंका और बढ़ गई है।
चीन में एक और वायरस के फैलने के साथ, दुनिया भर में चिंता का माहौल है। चीन का स्वास्थ्य संकट एक बार फिर से वैश्विक स्वास्थ्य सुरक्षा पर सवाल उठा रहा है, और यह देखना होगा कि इस नए वायरस के प्रसार को रोकने के लिए चीन और अन्य देशों द्वारा कौन सी नीतियाँ अपनाई जाती हैं।