Delhi
कच्चे जूट का MSP बढ़ाकर हुआ 5650 रुपये प्रति क्विंटल , केंद्रीय कैबिनेट ने लिया फैसला….
नई दिल्ली : केंद्रीय कैबिनेट ने बुधवार को एक महत्वपूर्ण फैसला लेते हुए मार्केटिंग सीजन 2025-26 के लिए कच्चे जूट के न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) को बढ़ाकर 5650 रुपये प्रति क्विंटल करने की मंजूरी दे दी। यह एमएसपी कच्चे जूट के पिछले मूल्य से 315 रुपये प्रति क्विंटल यानी छह प्रतिशत अधिक है। इस फैसले को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में स्वीकृति दी गई।
पीयूष गोयल ने दी जानकारी
वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने इस फैसले की जानकारी देते हुए बताया कि नया एमएसपी अखिल भारतीय भारित औसत उत्पादन लागत पर 66.8 प्रतिशत रिटर्न को सुनिश्चित करता है, जिससे जूट उत्पादकों को लाभ होगा। उन्होंने कहा, “सरकार ने 2014-15 में कच्चे जूट के एमएसपी को 2400 रुपये प्रति क्विंटल से बढ़ाकर 2025-26 विपणन सत्र के लिए 5650 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया है, जो 2.35 गुना बढ़ोतरी है।”
उन्होंने यह भी कहा कि इस वृद्धि से जूट उत्पादकों की आय बढ़ेगी और उनकी आजीविका को सशक्त बनाने में मदद मिलेगी। यह निर्णय न केवल जूट उत्पादन को प्रोत्साहित करेगा, बल्कि आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगा, और मोदी सरकार के विकसित भारत के विजन को पूरा करने में सहायक होगा।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन को 5 साल का एक्सटेंशन
इसके साथ ही केंद्रीय मंत्रिमंडल ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) को अगले पांच साल तक जारी रखने की मंजूरी भी दी। यह कदम देश के स्वास्थ्य क्षेत्र में सुधार की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। प्रधानमंत्री मोदी की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में स्वास्थ्य मिशन के विस्तार को लेकर निर्णय लिया गया।
जनवरी में केंद्रीय कैबिनेट के ताबड़तोड़ फैसले
केंद्रीय कैबिनेट ने जनवरी माह में कई महत्वपूर्ण फैसले लिए हैं। पिछले हफ्ते हुई केंद्रीय कैबिनेट की मीटिंग में केंद्रीय कर्मचारियों के लिए 8वें वेतन आयोग के गठन को मंजूरी दी गई थी, जिससे देश के लगभग 50 लाख सैलरीड कर्मचारियों और 68 लाख पेंशनर्स को लाभ मिलेगा।