Udham Singh Nagar
SDM का सीक्रेट ऑपरेशन : मरीज बनकर गई पटवारी, खुल गई फर्जी अस्पताल की पोल
Rudrapur News : उधम सिंह नगर के दिनेशपुर क्षेत्र में प्रशासन ने एक अवैध अस्पताल के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए उसे सील कर दिया है। इस कार्रवाई ने पूरे इलाके में चर्चा का माहौल बना दिया है, क्योंकि अस्पताल में चल रही कथित अनियमितताओं की जांच के लिए प्रशासन ने बेहद गोपनीय तरीके से जांच कराई थी।
Table of Contents
मरीज बनकर गई पटवारी, खुल गई फर्जी अस्पताल की पोल
दिनेशपुर में संचालित एक निजी अस्पताल के खिलाफ लंबे समय से शिकायतें मिल रही थीं। आरोप था कि अस्पताल बिना आवश्यक अनुमति और वैध दस्तावेजों के चिकित्सा सेवाएं संचालित कर रहा है। इसके अलावा अस्पताल में कुछ गैरकानूनी गतिविधियों के संचालन की भी शिकायतें प्रशासन तक पहुंच रही थीं।
शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी के निर्देश पर गदरपुर की एसडीएम रिचा सिंह ने विशेष जांच की योजना तैयार की। शिकायतों की सच्चाई जानने के लिए तहसील की एक महिला पटवारी को मरीज बनाकर अस्पताल भेजा गया। गुप्त जांच के दौरान अस्पताल की कार्यप्रणाली और वहां उपलब्ध चिकित्सा सुविधाओं का बारीकी से निरीक्षण किया गया।
छापेमारी में हुआ बड़ा खुलासा
जांच में सामने आए तथ्यों ने शिकायतों की पुष्टि कर दी। इसके बाद एसडीएम रिचा सिंह के नेतृत्व में स्वास्थ्य विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने अस्पताल पर छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान अस्पताल संचालकों से लाइसेंस, पंजीकरण और अन्य जरूरी दस्तावेज मांगे गए, लेकिन वे वैध अभिलेख प्रस्तुत नहीं कर सके।

निरीक्षण के दौरान अस्पताल के संचालन में कई गंभीर अनियमितताएं भी पाई गईं। इसके बाद प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से अस्पताल को सील कर दिया और संबंधित लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी।
नियमों का उल्लंघन करने वाले संस्थानों के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई
स्वास्थ्य विभाग अब पूरे मामले की विस्तृत जांच कर रहा है। अधिकारियों का कहना है कि ये पता लगाया जाएगा कि अस्पताल कितने समय से नियमों का उल्लंघन कर रहा था और इससे कितने लोग प्रभावित हुए हैं। एसडीएम रिचा सिंह ने कहा कि जनहित और स्वास्थ्य सुरक्षा से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उन्होंने स्पष्ट किया कि नियमों का उल्लंघन करने वाले संस्थानों के खिलाफ आगे भी इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। फिलहाल इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में अवैध रूप से संचालित स्वास्थ्य संस्थानों पर भी प्रशासन की नजर बनी हुई है, और आने वाले दिनों में ऐसी और जांचें देखने को मिल सकती हैं।