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उत्तराखंड में आज भारी बारिश का अलर्ट, मैदानी जिलों में बाढ़ की चेतावनी जारी, 5 जिलों में स्कूल बंद
Uttarakhand Weather alert : उत्तराखंड में आज भी बारिश का दौरा जारी रहेगा। मौसम विभाग ने राज्य के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कई इलाकों में तेज बारिश की संभावना जताई है। कुछ जिलों के लिए भारी से अत्यधिक भारी वर्षा का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
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उत्तराखंड में आज भारी बारिश का अलर्ट
मौसम विज्ञान केंद्र के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार देहरादून, उत्तरकाशी, टिहरी, रुद्रप्रयाग, चमोली, ऊधम सिंह नगर, बागेश्वर, पिथौरागढ़ और नैनीताल के कई क्षेत्रों में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। इन इलाकों में गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने की भी आशंका जताई गई है। वहीं राज्य के अन्य जिलों में भी कहीं-कहीं तेज बारिश के दौर देखने को मिल सकते हैं।
मैदानी जिलों में बाढ़ की चेतावनी जारी
आईएमडी ने उत्तराखंड के कई जिलों में अल्मोड़ा, बागेश्वर, चमोली, चम्पावत, देहरादून, पौड़ी, टिहरी, नैनीताल, पिथौरागढ़, रुद्रप्रयाग और उत्तरकाशी के कुछ जलग्रहण क्षेत्रों में अगले 24 घंटे के दौरान फ्लैश फ्लड का खतरा जताया गया है। लगातार बारिश के कारण छोटे नदी-नालों का जलस्तर बढ़ने, जलभराव और भूस्खलन की आशंका है।

2 अगस्त तक प्रदेश में बारिश का सिलसिला रहेगा जारी
मौसम विशेषज्ञों ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचें। खासकर नदी, नालों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों के आसपास जाने से परहेज करें। पहाड़ी जिलों में रहने वाले लोगों को लगातार मौसम विभाग और स्थानीय प्रशासन की ओर से जारी किए जा रहे अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी गई है।
पूर्वानुमान के अनुसार 2 अगस्त तक प्रदेश में बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है। इस दौरान कई स्थानों पर तेज बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां बनी रहने की संभावना है।
आज प्रदेश के 5 जिलों में सभी स्कूल बंद
भारी से अत्यधिक भारी बारिश और आकाशीय बिजली की चेतावनी को देखते हुए जिला प्रशासन ने एहतियातन मंगलवार को कई जिलों में स्कूलों की छुट्टी घोषित कर दी है। आदेश के तहत चमोली, रुद्रप्रयाग, बागेश्वर, पौड़ी और पिथौरागढ़ जिलों में कक्षा 1 से 12 तक के सभी सरकारी, सहायता प्राप्त, अशासकीय और निजी विद्यालयों में अवकाश रहेगा।
प्रशासन ने अभिभावकों और आम नागरिकों से अपील की है कि वे मौसम संबंधी सभी आधिकारिक निर्देशों का पालन करें और किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन तथा आपदा प्रबंधन विभाग के संपर्क में रहें।