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चैत्र नवरात्रि 2026 पर कैसे करें कलश स्थापना ?, जानें कलश स्थापना का शुभ समय और विधि
Chaitra Navratri 2026 पर ऐसे करें कलश स्थापना, ये समय रहेगा सबसे शुभ
Chaitra Navratri 2026 : हिंदू परंपरा में चैत्र नवरात्रि का विशेष स्थान है। इन नौ दिनों में मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की विधिपूर्वक पूजा की जाती है। इस वर्ष नवरात्रि 19 तारीख से आरंभ हो रही है और इसी दिन से हिंदू नववर्ष की भी शुरुआत हो रही है, जिससे इसका महत्व और बढ़ जाता है।
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चैत्र नवरात्रि 2026 पर कैसे करें कलश स्थापना ?
चैत्र नवरात्रि का शुभारंभ प्रतिपदा तिथि पर होने वाली घटस्थापना, यानी कलश स्थापना से किया जाता है। इसे पूरे पर्व की आधारशिला माना जाता है। विधि-विधान से कलश स्थापित कर देवी दुर्गा का आह्वान किया जाता है और घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।

कलश स्थापना का शुभ समय
ज्योतिष विशेषज्ञों के अनुसार, कलश स्थापना के लिए सुबह 6:50 बजे से 7:52 बजे तक का समय उत्तम है। इसके अतिरिक्त अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:05 बजे से 12:50 बजे तक रहेगा। इन दोनों समयों में से किसी एक में श्रद्धापूर्वक स्थापना करना शुभ फलदायी माना गया है।
कलश स्थापना की विधि
कलश स्थापना करते समय मन में श्रद्धा और आस्था का होना सबसे महत्वपूर्ण है। पूजा के दौरान नौ लौंग लेकर उन्हें कलावा में बांधकर एक माला तैयार की जा सकती है, जिसे पहले दिन मां दुर्गा को अर्पित किया जाता है। ऐसा करने से देवी की कृपा बनी रहती है।
कलश के लिए सोना, चांदी या अन्य धातु का पात्र इस्तेमाल किया जा सकता है, लेकिन शास्त्रों में मिट्टी के कलश को सबसे अधिक पवित्र और शुभ माना गया है। सही विधि और सच्ची भक्ति के साथ की गई स्थापना से नवरात्रि का पूजन पूर्ण फलदायी होता है।
नवरात्रि पूजा की सामग्री की लिस्ट
| पूजा सामग्री | रोली, हल्दी, अक्षत, फूल, माला, धूप, दीपक, कपूर, लाल कपड़ा, चुनरी, बिंदी, चूड़ी, कंगन, कुमकुम, मेहंदी, इत्र |
|---|---|
| अन्य सामग्री | पूजा थाली, घंटी, शंख, गंगाजल, आम/अशोक पत्ते, नारियल, जौ, दुर्गा चालीसा, मिठाई, घी, मूर्ति/फोटो, कलश, फल, लौंग, पान, सुपारी |
FAQs Chaitra Navratri 2026
Q1. चैत्र नवरात्रि में कलश स्थापना कब की जाती है?
कलश स्थापना प्रतिपदा तिथि के दिन की जाती है, जो नवरात्रि का पहला दिन होता है।
Q2. Chaitra Navratri 2026 की कलश स्थापना का शुभ मुहूर्त क्या है?
सुबह 6:50 बजे से 7:52 बजे तक का समय शुभ माना गया है। इसके अलावा अभिजीत मुहूर्त 12:05 बजे से 12:50 बजे तक भी उत्तम है।
Q3. कलश स्थापना क्यों महत्वपूर्ण मानी जाती है?
यह नवरात्रि पूजा की शुरुआत का मुख्य अनुष्ठान है, जिससे मां दुर्गा का आह्वान किया जाता है और घर में सकारात्मक ऊर्जा आती है।
Q4. कलश में क्या-क्या रखा जाता है?
कलश में गंगाजल, जौ, सिक्के, सुपारी आदि रखे जाते हैं और ऊपर नारियल व आम/अशोक के पत्ते लगाए जाते हैं।
Q5. कलश किस धातु का होना चाहिए?
सोना, चांदी या तांबे का कलश उपयोग किया जा सकता है, लेकिन मिट्टी का कलश सबसे शुभ माना जाता है।
Q6. क्या कलश स्थापना घर में कोई भी कर सकता है?
हाँ, कोई भी श्रद्धा और सही विधि के साथ घर पर कलश स्थापना कर सकता है।
Q7. कलश स्थापना में लौंग का क्या महत्व है?
नौ लौंग को कलावे में बांधकर माला बनाकर अर्पित करने से मां दुर्गा की विशेष कृपा प्राप्त होती है।