Uttarakhand

टनकपुर में सीएम के प्रस्तावित कार्यक्रम की तैयारियों का डीएम ने लिया जायजा,छात्रों को दिए सफलता के मंत्र..

Published

on

सीएम धामी का 01 सितंबर को टनकपुर दौरा , प्रशासन ने तेज की तैयारियां

सीएम पुष्कर सिंह धामी के आगामी 01 सितंबर को टनकपुर स्थित डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम राजकीय प्रौद्योगिकी संस्थान के प्रस्तावित भ्रमण और विभिन्न विकास कार्यों के लोकार्पण कार्यक्रम को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। शनिवार को जिलाधिकारी मनीष कुमार ने संस्थान का स्थलीय निरीक्षण कर कार्यक्रम की तैयारियों और विभिन्न विकास कार्यों की प्रगति का जायजा लिया। जिलाधिकारी ने कार्यक्रम स्थल, नवनिर्मित गर्ल्स हॉस्टल, नए सृजित संकायों सहित संस्थान की विभिन्न व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों और संस्थान प्रबंधन को सभी तैयारियां समयबद्ध और सुव्यवस्थित तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देशों के क्रम में संस्थान के विस्तारीकरण और विकास कार्यों को तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है। विद्यार्थियों के लिए बेहतर शैक्षणिक और आवासीय सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ ही संस्थान की आधारभूत व्यवस्थाओं को मजबूत किया जा रहा है। उन्होंने विश्वविद्यालय के निदेशक डॉ. एच.एल. मंडोरिया एवं प्रबंधन टीम के साथ परिसर का निरीक्षण कर विकास कार्यों की प्रगति की जानकारी ली। संस्थान के विस्तारीकरण के लिए चार हेक्टेयर भूमि क्षतिपूरक वनीकरण/कैम्पा के तहत आवंटित की जा चुकी है। वहीं कार्यदायी संस्था ब्रिडकुल के माध्यम से केएमएल फाइल अपलोडिंग और ‘परिवेश’ पोर्टल पर ऑनलाइन स्वीकृतियों से संबंधित प्रक्रिया भी तेजी से आगे बढ़ाई जा रही है।

विद्यार्थियों से बोले डीएम सफलता के लिए लक्ष्य और अनुशासन जरूरी

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने संस्थान में आयोजित ‘इंट्रोडक्शन प्रोग्राम—एक्सपर्ट टॉक ऑन रोल ऑफ इंजीनियर इन द डेवलपमेंट ऑफ सोसाइटी’ में मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग किया। उन्होंने इंजीनियरिंग विद्यार्थियों से सीधा संवाद करते हुए करियर, शिक्षा और समाज के विकास में इंजीनियरों की भूमिका पर विचार साझा किए। डीएम ने विद्यार्थियों से कहा कि जीवन में सफलता के लिए स्पष्ट लक्ष्य, अनुशासन और निरंतर मेहनत बेहद जरूरी है। उन्होंने छात्रों से अभी से अपना लक्ष्य निर्धारित कर योजनाबद्ध तरीके से आगे बढ़ने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि चुनौतियां जीवन का हिस्सा हैं, इसलिए कठिन परिस्थितियों में घबराने के बजाय धैर्य और सकारात्मक सोच के साथ उनका सामना करना चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों को कक्षा में पढ़ाए जाने वाले विषयों की पहले से तैयारी करने, नियमित कक्षाओं में उपस्थित रहने और लगातार रिवीजन की आदत विकसित करने की सलाह दी। साथ ही फिजिकल फिटनेस, व्यक्तित्व विकास और एक्स्ट्रा करिकुलर एक्टिविटीज को भी पढ़ाई का महत्वपूर्ण हिस्सा बताया।

चार साल का कॉलेज जीवन भविष्य की नींव—डीएम

अपने इंजीनियरिंग छात्र जीवन के अनुभव साझा करते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि कॉलेज के चार वर्ष देखते ही देखते गुजर जाते हैं। इसलिए विद्यार्थियों को इस समय का भरपूर सदुपयोग करना चाहिए। उन्होंने पढ़ाई के साथ प्रैक्टिकल लर्निंग, मॉक अभ्यास और इंडस्ट्रियल विजिट पर विशेष ध्यान देने की बात कही। उन्होंने विद्यार्थियों से उत्तराखंड के ऐतिहासिक और महत्वपूर्ण स्थलों का भ्रमण कर राज्य की प्राकृतिक, सांस्कृतिक और सामाजिक विविधता को समझने तथा उसे देश-दुनिया तक पहुंचाने का भी आह्वान किया।

‘नशे से दूर रहें, समाज को भी जागरूक करें’

जिलाधिकारी ने युवाओं को नशे से पूरी तरह दूर रहने की अपील करते हुए कहा कि युवा स्वयं नशामुक्त रहें और अपने आसपास के लोगों को भी नशे के दुष्प्रभावों से बचाने के लिए प्रयास करें। उन्होंने कहा कि स्वस्थ शरीर, सकारात्मक सोच और अनुशासित जीवन ही युवाओं को सफलता की ओर ले जाता है। संवाद के दौरान विद्यार्थियों ने डीएम से टॉपर बनने की रणनीति, परीक्षा तनाव, समय प्रबंधन और करियर प्लानिंग को लेकर सवाल पूछे। जिलाधिकारी ने अपने अनुभवों के आधार पर विद्यार्थियों को व्यावहारिक सुझाव दिए और कठिन परिस्थितियों में भी निरंतर मेहनत व सकारात्मक सोच बनाए रखने के लिए प्रेरित किया।
अंत में जिलाधिकारी ने छात्र-छात्राओं के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि आज के विद्यार्थी ही कल समाज और देश के विकास की मजबूत नींव बनेंगे।

FOR MORE UTTARAKHAND NEWS VISIT HERE

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Trending

Exit mobile version