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Monsoon Update: उत्तराखंड में मानसून की दस्तक में हो सकती है देरी, IMD ने बताया कब पहुंचेगा उत्तराखंड ?
Uttarakhand Monsoon Update : उत्तराखंड में इस वर्ष दक्षिण-पश्चिम मानसून की एंट्री सामान्य समय से कुछ देर से होने की संभावना है। मौसम विभाग के मुताबिक मानसून देरी से आगे बढ़ रहा है। जिस कारण उत्तराखंड पहुंचने में उसे देरी हो सकती है।
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उत्तराखंड में मानसून की दस्तक में हो सकती है देरी
शुरुआती अनुमान के अनुसार मानसून के 20 जून तक राज्य में पहुंचने की उम्मीद जताई गई थी, लेकिन वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए इसके आगमन में कुछ दिनों की देरी हो सकती है।
हालांकि प्रदेश में प्री-मानसून गतिविधियां सक्रिय बनी हुई हैं, जिसके चलते पर्वतीय जिलों में रुक-रुक कर बारिश हो रही है। दूसरी ओर मैदानी और तराई क्षेत्रों में अभी तक व्यापक वर्षा नहीं हुई है, जिससे लोगों को उमस और गर्मी का सामना करना पड़ रहा है। हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर जैसे जिलों में तापमान और गर्म हवाओं ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है।
मानसून की रफ्तार पड़ी धीमी
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार दक्षिण-पश्चिम मानसून इस बार शुरुआत में सामान्य गति से आगे बढ़ा, लेकिन बाद में इसकी प्रगति धीमी पड़ गई। कई क्षेत्रों में मानसून की गतिविधियां ठहराव की स्थिति में हैं, जिससे उत्तर भारत और विशेष रूप से उत्तराखंड तक इसके पहुंचने में देरी की संभावना बढ़ गई है।
उत्तराखंड में सामान्य तौर पर मानसून 20 जून के आसपास प्रवेश करता है, लेकिन इस बार इसकी समय-सीमा कुछ आगे खिसक सकती है।
रूक-रूक कर तय किया अंडमान से केरल तक का सफर
इस वर्ष मानसून अंडमान-निकोबार द्वीप समूह में सामान्य से लगभग छह दिन पहले सक्रिय हो गया था। इसके बाद यह 4 जून को केरल तट पर पहुंचा, जो सामान्य तिथि से करीब तीन दिन विलंबित था। अरब सागर शाखा ने इसके बाद तेजी दिखाई और निर्धारित समय के आसपास कर्नाटक तथा महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों तक पहुंच गई। हालांकि 8 जून के बाद इसकी प्रगति धीमी हो गई।

वहीं बंगाल की खाड़ी शाखा ने भी कुछ दिनों की देरी से पूर्वोत्तर राज्यों में प्रवेश किया और बाद में आंध्र प्रदेश, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, झारखंड तथा बिहार के कई हिस्सों तक पहुंची। इसके बावजूद मानसून की गति सामान्य से थोड़ी धीमी बनी हुई है।
उत्तराखंड पहुंचने में होगी कुछ दिन की देरी
मौसम विभाग के अनुसार मानसून को झारखंड, छत्तीसगढ़, बिहार, पूर्वी उत्तर प्रदेश और मध्य भारत के कुछ हिस्सों से गुजरने के बाद उत्तराखंड तक पहुंचना होता है। वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए इसके आगमन में कुछ दिनों की देरी संभव है।
मानसूनी बारिश कृषि, जल स्रोतों के पुनर्भरण और गर्मी से राहत के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है। ऐसे में किसान और आम लोग दोनों मानसून का इंतजार कर रहे हैं।
मौसम विभाग ने लोगों से की सतर्क रहने की अपील
भारतीय मौसम विभाग (IMD) का कहना है कि मानसून फिलहाल अपनी सामान्य प्रगति से थोड़ा पीछे चल रहा है। हालांकि राज्य में प्री-मानसून बारिश का सिलसिला जारी है और आने वाले दिनों में भी कई इलाकों में बारिश की संभावना बनी रहेगी।
मौसम विभाग ने लोगों से मौसम संबंधी अपडेट पर नजर बनाए रखने और खराब मौसम के दौरान आवश्यक सावधानी बरतने की अपील की है।