Haridwar
कांवड़ यात्रा के बाद गंगा घाटों पर लगा गंदगी का अंबार, स्थानीय लोग और श्रद्धालु परेशान
Haridwar News : धर्मनगरी हरिद्वार में कांवड़ यात्रा रविवार को संपन्न हो गई है। लेकिन इसके बाद जो तस्वीरें सामने आई हैं इनसे स्थानीय लोग और श्रद्धालु बेहद ही परेशान हैं। दरअसल गंगा घाटों पर गंदगी का अंबार लगा है जिस से बदबू भी आ रही है।
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कांवड़ यात्रा के बाद गंगा घाटों पर लगा गंदगी का अंबार
धर्मनगरी हरिद्वार में कांवड़ यात्रा भले ही संपन्न हो चुकी हो, लेकिन यात्रा के समापन के बाद गंगा घाटों की जो तस्वीर सामने आई है वो बेहद ही चिंताजनक और प्रशासनिक दावों की पोल खोलने वाली है। पवित्र गंगा के घाटों पर जगह–जगह कूड़े के ढेर लगे हैं। प्लास्टिक, कपड़े, भोजन सामग्री और अन्य कचरे का अंबार साफ देखा जा सकता है। घाटों के आसपास से गुजरते ही बदबू का एहसास हो रहा है। जिससे स्थानीय लोग और श्रद्धालु दोनों ही परेशान हैं।
गंदगी के कारण स्थानीय लोग और श्रद्धालु दोनों परेशान
शारदीय कांवड़ यात्रा के दौरान लाखों श्रद्धालु हरिद्वार पहुंचे थे। प्रशासन ने यात्रा से पहले साफ-सफाई के बड़े-बड़े दावे किए थे और जिला अधिकारी मयूर दीक्षित ने दुकानदारों व स्थानीय लोगों से सहयोग की अपील भी की थी। लेकिन जमीनी हकीकत इन दावों से बिल्कुल उलट नजर आ रही है।

शारदीय कावड़ यात्रा खत्म होते ही घाटों की सफाई व्यवस्था चरमराई हुई दिखाई दे रही है। नगर निगम की टीम अब तक पूरी तरह से कूड़ा उठाने में नाकाम रही है, जिससे कई स्थानों पर हालात बदतर बने हुए हैं।
नगर निगम की सक्रियता पर उठ रहे सवाल
श्रद्धालुओं का कहना है कि गंगा हमारी आस्था का केंद्र है, लेकिन यहां फैली गंदगी देखकर बेहद दुख हो रहा है। उनका आरोप है कि हरिद्वार प्रशासन की लापरवाही के साथ-साथ कई दुकानदारों ने भी अपने आसपास की सफाई की जिम्मेदारी नहीं निभाई। नगर निगम की सक्रियता पर भी सवाल उठ रहे हैं।
धर्मनगरी की पहचान स्वच्छता और पवित्रता से है, लेकिन मौजूदा हालात इस पहचान को धूमिल कर रहे हैं। अब सवाल यह है कि आखिर कब तक गंगा घाटों की सफाई केवल कागजी दावों तक सीमित रहेगी और कब जमीनी स्तर पर ठोस कार्रवाई दिखाई देगी।