Chamoli
उत्तराखंड विधानसभा का मानसून सत्र: पहले दिन विपक्ष का हंगामा, माइक टूटा, टेबल पलटी और सीएम धामी ने रखा 5315 करोड़ का अनुपूरक बजट

उत्तराखंड विधानसभा का मानसून सत्र
भराड़ीसैंण। उत्तराखंड विधानसभा का चार दिवसीय मानसून सत्र मंगलवार से शुरू हुआ, लेकिन पहले ही दिन सदन का माहौल गरमा गया। सुबह 11 बजे जैसे ही कार्यवाही शुरू हुई, विपक्षी कांग्रेस विधायकों ने कानून व्यवस्था के मुद्दे पर हंगामा शुरू कर दिया। विपक्ष का यह विरोध इतना बढ़ा कि दिनभर कार्यवाही को सात बार स्थगित करना पड़ा।

विपक्ष का हंगामा
कांग्रेस विधायकों ने सदन के वेल में पहुंचकर नारेबाजी की। इस दौरान माहौल इतना बिगड़ गया कि विपक्षी विधायकों ने सचिव की टेबल पलटने की कोशिश की, माइक तोड़ डाले और कार्यसूची को फाड़कर सदन में उछाल दिया। यहां तक कि कई विधायक वेल में धरने पर भी बैठ गए। विधानसभा अध्यक्ष ने इस पर नाराजगी जताते हुए इसे बेहद दुखद और अलोकतांत्रिक बताया।

अनुपूरक बजट और विधेयक पेश
विपक्षी हंगामे के बीच ही मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 5315 करोड़ रुपये का अनुपूरक बजट सदन पटल पर रखा। इसके अलावा नौ अहम विधेयक भी पेश किए गए, जिनमें शामिल हैं:
उत्तराखंड विनियोग 2025-26 का अनुपूरक विधेयक
उत्तर प्रदेश श्री बदरीनाथ तथा श्री केदारनाथ मंदिर अधिनियम 1939 संशोधन विधेयक
धर्म स्वतंत्रता एवं विधि विरुद्ध प्रतिषेध संशोधन विधेयक
निजी विश्वविद्यालय संशोधन विधेयक
साक्षी संरक्षण निरसन विधेयक
अल्पसंख्यक शिक्षा विधेयक
समान नागरिक संहिता (यूसीसी) संशोधन विधेयक
पंचायती राज संशोधन विधेयक
लोकतंत्र सेनानी सम्मान विधेयक
श्रद्धांजलि
सदन की कार्यवाही के दौरान दिवंगत पूर्व विधायक मुन्नी देवी को श्रद्धांजलि भी दी गई। नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य, कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज, धन सिंह रावत और सौरभ बहुगुणा सहित कई नेताओं ने उन्हें याद किया।
सीएम धामी का विपक्ष पर हमला
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि सदन में जनता के मुद्दों पर गंभीर चर्चा होनी चाहिए थी, लेकिन विपक्ष ने कानून व्यवस्था की धज्जियां उड़ाने का काम किया। उन्होंने कहा,
“हम सदन चलाना चाहते थे, बहस करना चाहते थे, लेकिन कांग्रेस ने देशभर में अपनी जो परंपरा बना ली है, वही उत्तराखंड में भी दिखाई दी। जनता सब देख रही है।”
सीएम ने आगे कहा कि पंचायत चुनाव, लोकसभा और विधानसभा चुनावों में भाजपा को जनता का लगातार आशीर्वाद मिला है। यही वजह है कि कांग्रेस बौखला रही है और ईवीएम, चुनाव आयोग और सरकार पर आरोप लगाती है। उन्होंने कहा कि भाजपा राज्य को देश का सर्वश्रेष्ठ राज्य बनाने के लिए काम कर रही है और सदन को भी जनता के हितों पर केंद्रित होना चाहिए।
अगले दिन तक स्थगित
लगातार हंगामे और अव्यवस्था के चलते विधानसभा की कार्यवाही को मंगलवार शाम स्थगित कर बुधवार सुबह 11 बजे तक के लिए टाल दिया गया।
Chamoli
कुरुड़ से नंदा देवी की बड़ी जात यात्रा शुरू, मां नंदा की डोली कैलाश के लिए हुई रवाना

Chamoli News : उत्तराखंड की प्रसिद्ध धार्मिक यात्रा मां नंदा देवी की बड़ी जात शनिवार, 5 सितंबर को सिद्धपीठ कुरुड़ से शुरू हो गई। मां नंदा की डोली के प्रस्थान के साथ ही कुरुड़ का माहौल पूरी तरह भक्तिमय हो गया। श्रद्धालुओं ने जयकारों के साथ मां नंदा को विदाई दी। डोली के साथ बड़ी संख्या में भक्त भी यात्रा पर रवाना हुए।
Table of Contents
कुरुड़ से नंदा देवी की बड़ी जात यात्रा शुरू
कुरुड़ से नंदा देवी की बड़ी जात यात्रा शुरू हो गई है। यात्रा शुरू होने से पहले सिद्धपीठ कुरुड़ में पांच दिनों तक मां नंदा राजराजेश्वरी की विशेष पूजा और धार्मिक अनुष्ठान आयोजित किए गए। अनुष्ठान पूरे होने के बाद परंपरागत रीति-रिवाजों के साथ डोली को कैलाश की ओर रवाना किया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु मां के दर्शन के लिए पहुंचे। डोली की विदाई के समय भक्त भावुक भी दिखाई दिए।
मां नंदा की डोली कैलाश के लिए हुई रवाना
मां नंदा की बड़ी जात यात्रा को उत्तराखंड की प्रमुख और कठिन धार्मिक यात्राओं में गिना जाता है। यात्रा का मार्ग करीब 280 किलोमीटर लंबा है। इस दौरान मां की डोली पहाड़ी गांवों और विभिन्न पड़ावों से गुजरते हुए हिमालयी क्षेत्र की ओर आगे बढ़ेगी।
परंपरागत लोकजात यात्रा में डोली का पड़ाव वेदनी कुंड तक रहता है, लेकिन इस बार बड़ी जात यात्रा को आगे होमकुंड तक ले जाने की तैयारी है। होमकुंड में निर्धारित धार्मिक परंपराओं के अनुसार पूजा-अर्चना और अन्य अनुष्ठान किए जाएंगे। इसके बाद यात्रा का समापन होगा।

गांवों में होगा डोली का भव्य स्वागत
कुरुड़ से निकलने के बाद मां नंदा की डोली अपने निर्धारित पड़ावों से होते हुए आगे बढ़ेगी। रास्ते में आने वाले गांवों में श्रद्धालु मां नंदा की डोली का स्वागत करेंगे। जगह-जगह पूजा-पाठ और धार्मिक आयोजन होंगे। पारंपरिक ढोल-नगाड़ों और मां नंदा के जयकारों से यात्रा मार्ग का माहौल भक्तिमय रहेगा।
12 साल बाद आयोजित हो रही बड़ी जात
इस बार की बड़ी जात यात्रा को लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह है। 12 वर्ष के अंतराल के बाद आयोजित हो रही इस यात्रा में चमोली के अलावा उत्तराखंड के अलग-अलग हिस्सों से भी भक्त पहुंच रहे हैं। यात्रा के शुभारंभ के साथ ही कुरुड़ और आसपास के क्षेत्रों में धार्मिक उत्साह देखने को मिल रहा है।
Chamoli
चमोली में घास लेने गई महिलाओं पर भालू ने किया हमला, एक की मौके पर मौत, 1 घायल

Chamoli News : चमोली जिले के पोखरी क्षेत्र में शुक्रवार सुबह जंगल में घास लेने गई दो महिलाओं पर भालू ने हमला कर दिया। अचानक हुए हमले के बाद दोनों महिलाएं गंभीर रूप से घायल हो गईं। हादसे में एक महिला की मौत हो गई। जबकि एक महिला घायल बताई जा रही है।
Table of Contents
चमोली में घास लेने गई महिलाओं पर भालू ने किया हमला
चमोली जिले के पोखरी विकासखंड की नैल ग्राम पंचायत के सिदेली गांव से भालू के हमले सामने आई है। जानकारी के अनुसार गांव की विमला देवी (55) और लक्ष्मी देवी (42) शुक्रवार सुबह बोगा जंगल की ओर घास काटने गई थीं। इसी दौरान जंगल में अचानक उनका सामना भालू से हो गया और भालू ने दोनों पर हमला कर दिया।
भालू के हमले में एक महिला की मौत
हमले से बचने के दौरान दोनों महिलाएं चट्टान से नीचे जा गिरीं। हादसे में उन्हें गंभीर चोटें आईं। घटना की जानकारी मिलने के बाद ग्रामीण तुरंत जंगल पहुंचे और दोनों महिलाओं को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पोखरी लेकर आए।

अस्पताल पहुंचने पर चिकित्सकों ने विमला देवी को मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों के मुताबिक उनकी मौत अस्पताल लाए जाने से पहले ही हो चुकी थी। वहीं लक्ष्मी देवी की हालत गंभीर बताई गई, जिसके चलते प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें हायर सेंटर रेफर कर दिया गया।
एक महिला गंभीर रूप से घायल
तहसीलदार रामकिशोर ध्यानी ने बताया कि घायल महिला को जल्द उपचार दिलाने के लिए जिलाधिकारी के निर्देश पर हेलिकॉप्टर की व्यवस्था की गई थी। हालांकि मौसम खराब होने के कारण हेलिकॉप्टर उड़ान नहीं भर सका। इसके बाद घायल महिला को एंबुलेंस के माध्यम से हायर सेंटर भेजा गया।
जंगल में भालू के हमले की इस घटना से सिदेली गांव समेत आसपास के इलाकों में भय का माहौल है। ग्रामीणों में जंगल जाने को लेकर चिंता बढ़ गई है।
Chamoli
17 अक्टूबर को बंद होंगे चतुर्थ केदार रुद्रनाथ मंदिर के कपाट, उसके बाद यहां कर सकते हैं दर्शन

Chamoli News : उत्तराखंड के उच्च हिमालयी क्षेत्र में स्थित पंचकेदारों में शामिल चतुर्थ केदार रुद्रनाथ धाम के कपाट आगामी 17 अक्टूबर को शीतकाल के लिए बंद कर दिए जाएंगे।
Table of Contents
17 अक्टूबर को बंद होंगे चतुर्थ केदार रुद्रनाथ मंदिर के कपाट
चतुर्थ केदार रुद्रनाथ मंदिर के कपाट बंद होने की तिथि का ऐलान हो गया है। इस साल 17 अक्टूबर को रूद्रनाथ धाम के कपाट बंद होंगे। रुद्रनाथ मंदिर के पुजारी हरीश भट्ट के अनुसार, वर्तमान में बड़ी संख्या में श्रद्धालु कठिन पैदल यात्रा कर धाम पहुंच रहे हैं। मौसम अनुकूल होने के कारण यात्रा सुचारू रूप से जारी है और तीर्थयात्रियों में रुद्रनाथ के दर्शन को लेकर विशेष उत्साह देखा जा रहा है।
शीतकाल में गोपीनाथ मंदिर में होती है पूजा
शीतकाल के दौरान भारी बर्फबारी और कठिन मौसम के कारण रुद्रनाथ धाम की यात्रा बंद हो जाती है। इस अवधि में भगवान रुद्रनाथ की पूजा-अर्चना गोपेश्वर स्थित गोपीनाथ मंदिर में की जाती है। यानी की कपाट बंद होने के बाद गोपीनाथ मंदिर में रूद्रनाथ जी के दर्शन कर सकते हैं।

11,808 फीट की ऊंचाई पर स्थित है रुद्रनाथ धाम
चमोली जिले में समुद्र तल से करीब 11,808 फीट की ऊंचाई पर स्थित रुद्रनाथ मंदिर उत्तराखंड के प्रमुख शिव धामों में शामिल है। हिमालय की ऊंची और दुर्गम चोटियों के बीच स्थित यह मंदिर अपनी आध्यात्मिक मान्यता के साथ-साथ अद्भुत प्राकृतिक सौंदर्य के लिए भी जाना जाता है।
रुद्रनाथ में होती है भगवान शिव के मुख की पूजा
पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, रुद्रनाथ पंचकेदारों में विशेष स्थान रखता है। यहां भगवान शिव के एकानन यानी मुख स्वरूप की पूजा की जाती है, जबकि भगवान शिव के संपूर्ण स्वरूप से जुड़ी मान्यता नेपाल के काठमांडू स्थित पशुपतिनाथ मंदिर से जुड़ी हुई है।
uttarakhand weather7 hours agoउत्तराखंड में अगले चार दिन होगी भारी बारिश, आज 5 जिलों के लिए अलर्ट जारी
Nainital22 hours agoशुद्धिकरण केस में कांग्रेस के दावों पर सवाल! हाईकोर्ट ने याचिका की निस्तारित
big news24 hours agoनैनीताल के ज्योलीकोट में दूषित पानी से 2 की मौत, 200 से भी ज्यादा लोग हुए बीमार
Uttarkashi5 hours agoउत्तरकाशी में भतीजे ने चाचा पर कुल्हाड़ी से किया वार, इलाज के दौरान मौत
Dehradun6 hours agoदेहरादून की हवा अब हुई बेहतर, स्वच्छ वायु सर्वेक्षण में 12वां स्थान
Haridwar5 hours agoहरिद्वार में पुलिया पर खेल रही थीं दो बच्चियां, अचानक नाले में गिरीं, एक बची, दूसरी लापता
Breakingnews22 minutes agoदेहरादून पुलिस में बड़ा उलटफेर, 53 इंस्पेक्टर-दरोगा बदले, देखें पूरी लिस्ट
Rudraprayag34 minutes agoरूद्रप्रयाग के मथ्यागांव में दर्दनाक हादसा, गहरी खाई में गिरी कार, 2 की मौत






































