Rudraprayag
केदारनाथ धाम पहुंचे बॉलीवुड गायक सोनू निगम, बाबा के दर्शन का लिया आशीर्वाद, प्रशंसकों की लगी भीड़।

रुद्रप्रयाग – जाने माने बॉलीवुड गायक सोनू निगम ने आज सुबह भगवान केदारनाथ के दर्शन किए। सोनू निगम आज सुबह सवा सात बजे हेलीकॉप्टर से केदारनाथ धाम पहुंचे। हैलीपेड पर तीर्थयात्री और उनके प्रशंसक बड़ी संख्या में उन्हें देखने और बातचीत करने के लिए उत्सुक दिखे। बाद में कई प्रशंसकों ने उनके साथ फोटो खिंचवाए। वहीं हैलीपैड पर मंदिर समिति और तीर्थपुरोहित समाज ने उनका स्वागत किया। उनके साथ पारिवारिक जन भी केदारनाथ दर्शन को पहुंचे थे।

हैलीपेड से पैदल वह केदारनाथ मंदिर आए और बाहर से प्रणाम किया। उन्होंने यात्रियों के साथ ही मंदिर में प्रवेश किया और भगवान शिव की अराधना की। साथ ही जलाभिषेक किया। मंदिर प्रांगण में मंदिर समिति प्रभारी अधिकारी/ अधिशासी अभियंता अनिल ध्यानी ने बॉलीवुड हस्ती को भगवान केदारनाथ का प्रसाद भेंट किया और उनका स्वागत किया।
बीकेटीसी मीडिया प्रभारी डॉ हरीश गौड़ ने अवगत कराया कि केदारनाथ मंदिर में दर्शन के बाद गायक सोनू निगम अभिभूत दिखे। जब उनसे पूछा गया कि वह अचानक भगवान केदारनाथ के दर्शन को आ गये तो उन्होंने कहा यहीं समझों “संदेशे आते है ” अर्थात उन्हें भगवान केदारनाथ का बुलावा आया था। वह ईश्वर के प्रति सदा कृतज्ञ रहे हैं। कहा वह साथ ही अपने संघर्ष के बुरे- भले दिनों को और उस समय के सहयोगियों को हमेशा याद रखते है जिन्होंने मुंबई में बुरे दौर में उनको संभाला। जब वह अपने पिता के साथ शादियों में स्टेज पर गाते थे।
उनके संदेशे आते हैं कहते तीर्थयात्री समझ गये कि उनका इशारा उनके गाये प्रसिद्ध गाने की तरफ भी है। उल्लेखनीय है कि बॉर्डर फिल्म में संदेशे आते है हमें तड़पाते है जो चिठ्ठी आती है पूछे जाती है कि घर कब आओगे ” गाने को गाकर सोनू निगम को देश विदेश में उनके प्रशंसकों ने सर आंखों पर बिठा दिया था। आज 27 वर्ष बाद भी यह गाना लोक प्रियता के पहले पायदान पर है और यह गाना पत्थर दिल को भी भावुक कर देता है। सोनू निगम ने देश की सभी भाषाओं में गाने गाये, माता रानी के जागरण भजन को भी ख्याति मिली, हिंदी,पंजाबी, उड़िया, तमिल, बंगाली हो या मराठी गाने गाये है।
आज इस अवसर पर प्रभारी अधिकारी/ अधिशासी अभियंता अनिल ध्यानी सहित पुजारी शिवशंकर लिंग केदारसभा अध्यक्ष राजकुमार तिवारी सहित वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी यदुवीर, वेदपाठी स्वयंबर सेमवाल पुष्पवान,लोकेंद्र रिवाड़ी, अरविंद शुक्ला, पारेश्वर त्रिवेदी, ललित त्रिवेदी आदि मौजूद रहे।
Rudraprayag
केदारनाथ के लिए इस दिन से फिर शुरू हो सकती है हेली सेवा, तैयारियां हुई तेज

Kedarnath Heli Service : चारधाम यात्रा के दूसरे चरण में केदारनाथ धाम के लिए एक बार फिर हेली सेवा शुरू करने की तैयारी की जा रही है। इसके लिए उत्तराखंड नागरिक उड्डयन विकास प्राधिकरण ने आवश्यक तैयारियां शुरू कर दी हैं। प्रस्तावित योजना के अनुसार 15 सितंबर से केदारनाथ के लिए हेलीकॉप्टर सेवा दोबारा संचालित की जा सकती है।
Table of Contents
केदारनाथ के लिए इस दिन से फिर शुरू हो सकती है हेली सेवा
केदारनाथ के लिए हेली सेवा के संचालन को लेकर 14 अगस्त को नई दिल्ली में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की जाएगी। बैठक में डीजीसीए, हेली ऑपरेटरों और मौसम विभाग के अधिकारी शामिल होंगे।
इस दौरान केदारनाथ हेली सेवा के साथ-साथ चारधाम चार्टर्ड सेवा को फिर से शुरू करने को लेकर चर्चा की जाएगी। अंतिम फैसला बैठक में मौसम की स्थिति और उड़ान संचालन से जुड़े सुरक्षा मानकों को ध्यान में रखते हुए लिया जाएगा।
22 अप्रैल को कपाट खुलने के साथ शुरू हो गई थी हेली सेवा
बता दें कि इस वर्ष 22 अप्रैल को केदारनाथ धाम के कपाट खुलने के साथ ही श्रद्धालुओं के लिए हेली सेवा भी शुरू कर दी गई थी। यात्रियों को गुप्तकाशी, फाटा और सिरसी स्थित हेलिपैड से केदारनाथ तक पहुंचाने के लिए आठ एविएशन कंपनियां सेवाएं दे रही थीं।

मानसून सीजन में बंद की गई थी हेली सर्विस
मानसून सीजन को देखते हुए डीजीसीए ने हेली ऑपरेटरों को 25 जून तक ही उड़ान संचालन की अनुमति दी थी। इसके बाद सुरक्षा कारणों और मौसम की परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए केदारनाथ धाम के लिए हेली सेवा को अस्थायी रूप से रोक दिया गया।
15 सितंबर से शुरू हो सकती है केदारनाथ हेली सेवा
अब मानसून के बाद चारधाम यात्रा के दूसरे चरण में हेली सेवाओं को दोबारा शुरू करने की तैयारी है। प्रस्तावित कार्यक्रम के मुताबिक 15 सितंबर से केदारनाथ हेली सेवा के साथ चारधाम चार्टर्ड सेवा भी शुरू की जा सकती है। हालांकि उड़ानों के संचालन पर अंतिम निर्णय संबंधित अधिकारियों की बैठक और मौसम की स्थिति की समीक्षा के बाद लिया जाएगा।
Rudraprayag
मध्यमहेश्वर यात्रा मार्ग पर बड़ा हादसा!, ट्रॉली व्यवस्था के बीच नदी में गिरा श्रद्धालु

Rudraprayag News :रुद्रप्रयाग जिले में स्थित द्वितीय केदार भगवान मध्यमहेश्वर यात्रा मार्ग पर सोमवार को एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। गौण्डार गांव के पास मोरखंडा नदी पार करने के दौरान एक श्रद्धालु अचानक संतुलन खो बैठा और नदी में जा गिरा। मौके पर मौजूद स्थानीय लोगों और अन्य यात्रियों की तत्परता से उसका समय रहते रेस्क्यू कर लिया गया।
Table of Contents
मध्यमहेश्वर यात्रा मार्ग पर ट्रॉली व्यवस्था के बीच नदी में गिरा श्रद्धालु
रूद्रप्रयाग में मोरखंडा नदी पर बना अस्थायी लकड़ी का पुल पहले ही बह चुका है। इसके बाद श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों की आवाजाही ट्रॉली के जरिए कराई जा रही है। इसी दौरान ट्रॉली में सवार होने की कोशिश कर रहा एक तीर्थयात्री अचानक फिसलकर नदी में गिर गया।

स्थानीय लोगों ने दिखाई बहादुरी
घटना के तुरंत बाद आसपास मौजूद लोगों ने बिना समय गंवाए राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद घायल श्रद्धालु को नदी से सुरक्षित बाहर निकाला गया और प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया गया। बताया जा रहा है कि वह घायल है और उसकी स्थिति गंभीर बनी हुई है।
यात्रा मार्ग पर बढ़ा जोखिम
अस्थायी पुल बह जाने के बाद ट्रॉली ही नदी पार करने का एकमात्र साधन बनी हुई है। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के एकत्र होने से यात्रा मार्ग पर अव्यवस्था और सुरक्षा संबंधी चुनौतियां भी बढ़ गई हैं। ऐसे में किसी भी समय बड़ा हादसा होने की आशंका बनी हुई है।
Rudraprayag
रुद्रप्रयाग में दर्दनाक हादसा, घास लेने गई महिला उफनते गदेरे में बही, मौत से इलाके में पसरा मातम

Rudraprayag News : रुद्रप्रयाग जिले के बसुकेदार क्षेत्र से रविवार को एक दुखद और चिंताजनक घटना सामने आई। घास लेने जंगल गई एक महिला अचानक उफनते गदेरे के तेज बहाव की चपेट में आ गई, जिससे उसकी मौके पर ही बह जाने की सूचना मिली। करीब डेढ़ घंटे तक चले सर्च ऑपरेशन के बाद महिला का शव घटनास्थल से कुछ दूरी पर बरामद कर लिया गया।
Table of Contents
रुद्रप्रयाग में घास लेने गई महिला उफनते गदेरे में बही
रूद्रप्रयाग के बसुकेदार में रविवार सुबह लगभग 11:32 बजे ग्राम प्रधान सेमकोटी ने जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र, रुद्रप्रयाग को सूचना दी कि ग्राम स्वारा के तिमली क्षेत्र के आगे घास लेने गई एक महिला अचानक गदेरे में बह गई है। सूचना मिलते ही जिला प्रशासन ने तत्काल राहत और बचाव अभियान शुरू कर दिया।
महिला की डूबने से हुई मौत
जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार के अनुसार, जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र के निर्देश पर जल पुलिस, स्टेट डिजास्टर रिस्पांस फोर्स (SDRF) और डिस्ट्रिक्ट डिजास्टर रिस्पांस फोर्स (DDRF) बसुकेदार की टीमों को तुरंत घटनास्थल के लिए रवाना किया गया। बचाव दल ने गदेरे और आसपास के क्षेत्रों में व्यापक स्तर पर तलाश अभियान चलाया।

डेढ़ घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद बरामद हुआ शव
करीब डेढ़ घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद राहत टीमों ने महिला का शव घटनास्थल से कुछ दूरी पर बरामद कर लिया। मृतका की पहचान 38 वर्षीय विनीता देवी, पत्नी हिम्मत सिंह नेगी, निवासी ग्राम कोटी के रूप में हुई है।
इस हादसे के बाद मृतका के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं पूरे गांव और आसपास के क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। लगातार हो रही बारिश के कारण उफनते गदेरों और नदी-नालों के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और खराब मौसम के दौरान अनावश्यक रूप से नदी-नालों के आसपास न जाने की अपील की है।
uttarakhand weather15 hours agoउत्तराखंड वालों सावधान! इन जिलों में भारी बारिश की चेतावनी, देखें वेदर अपडेट
Cricket6 hours agoSUL-W vs SOB-W Dream11 Prediction Eliminator 2026: Pitch Report, Playing 11 & Fantasy Cricket Tips
Cricket12 hours agoAsian Games 2026 Cricket Full Schedule: पुरुष और महिला मैचों की तारीखें, टीम और वेन्यू डिटेल्स
uttarakhand weather7 hours agoउत्तराखंड में 14 से 17 अगस्त तक भारी बारिश का अलर्ट, अधिकारियों से अलर्ट मोड में रहने के निर्देश
Dehradun12 hours agoदेहरादून में पुलिस और बदमाशों के बीच मुठभेड़, एक गैंगस्टर घायल, एक फरार
Cricket6 hours agoMO vs SUL Dream11 Prediction Eliminator 2026: Playing 11, Pitch Report & Fantasy Tips
Rudraprayag9 hours agoकेदारनाथ के लिए इस दिन से फिर शुरू हो सकती है हेली सेवा, तैयारियां हुई तेज
Breakingnews7 hours agoदेहरादून में भीषण सड़क हादसा, बेकाबू ट्रक ने मजदूर को कुचला, मौके पर ही मौत…





































