Dehradun
झंडा मेला में उमड़ी श्रधालुओं कि भीड़ , दरबार साहिब से शुरू हुई नगर परिक्रमा , भजनों में झूमी मंडली।

झंडा मेला , देहरादून : आज सुबह राजधानी देहरादून में श्रीझंडे जी आरोहण के तीसरे दिन दरबार साहिब से नगर परिक्रमा शुरू हई। भजन कीर्तन से निहाल हुई संगत, एसजीआरआर बिंदाल में रुकी . श्रधालुओं कि मंडली सुंदर-सुंदर भजनों पर संगत झूमती नजर आई।
श्रीमहन्त देवेंद्र दास महाराज की अगुवाई में नगर परिक्रमा के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ निकली , इस दौरान सड़कों पर आस्था का सैलाब के चलते श्री झंडे जी मेले की नगर परिक्रमा के लिए शहर का रूट बदला गया है. बड़ी संख्या में पुलिस फोर्स तैनात किए गए । बीते बुधवार को दून में भक्ति, उत्साह, उल्लास और उमंग के साथ श्री झंडे जी का आरोहण हुआ उसके पश्चात् द्रोणनगरी गुरु महाराज के जयकारों से गूंज उठी। श्रीझंडे जी के आरोहन साथ ही छह अप्रैल तक चलने वाला मेला भी शुरू हो गया।
वहीँ सहर कि सड़कों पर दिखी संगत में देशभर से देहरादून पहुंचे हजारों श्रद्धालु श्री झंडे जी आरोहण के साक्षी बने।हर साल की तरह आरोहण होते ही बाज ने भी श्री झंडे जी की परिक्रमा की गयी और जगह-जगह लंगर लगाकर प्रसाद वितरित किया गया। वहीं श्री दरबार साहिब में एलईडी स्क्रीन लगाकर सजीव प्रसारण दिखाया गया।
नगर परिक्रमा के चलते पटेलनगर मंडी और बल्लीवाला समेत अन्य क्षेत्रों से आने वाले वाहन सहारनपुर चौक से नहीं भेजे जा रहे। ऐसे में रूट डायवर्जन के चलते ,नगर परिक्रमा के सहारनपुर चौक पहुंचने पर कांवली रोड से सहारनपुर चौक की ओर कोई भी यातायात नहीं जाएगा। पटेलनगर मंडी से आने वाले ट्रैफिक को कमला पैलेस की ओर भेजा जा रहा है। साथ ही बल्लीवाला से आने वाले यातायात को जीएमएस रोड व लक्ष्मण चौक की ओर से आने वाले यातायात को पार्क रोड की ओर भेजा जा रहा है।
वहीँ बिन्दाल से घंटाघर के मध्य पहुंचने पर चकराता रोड से घंटाघर आने वाले ट्रैफिक को बल्लूपुर चौक और बिन्दाल चौकी कट से कैंट की ओर डायवर्ट किया गया है।
Uttarakhand
Dehradun News: विकासनगर में 120 पेटी अवैध शराब बरामद, तीन तस्कर गिरफ्तार

Dehradun News: नशा तस्करों पर देहरादून पुलिस का शिकंजा, 120 पेटी अवैध शराब जब्त
देहरादून जनपद में नशा मुक्त अभियान को लेकर देहरादून पुलिस लगातार बड़ी कार्रवाई कर रही है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर जिलेभर में अवैध शराब, चरस, स्मैक और गांजा तस्करों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत विकासनगर पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए 120 पेटी अवैध अंग्रेजी शराब के साथ तीन तस्करों को गिरफ्तार किया है।
संदिग्ध वाहन की तलाशी में मिली भारी मात्रा में शराब
कोतवाली विकासनगर क्षेत्र में चलाए जा रहे सघन चेकिंग अभियान के दौरान पुलिस टीम ने पांवटा साहिब की ओर से आ रहे एक संदिग्ध छोटा हाथी वाहन (HR-47-H-9508) को रोककर जांच की। वाहन में सवार तीनों व्यक्तियों से परिवहन की जा रही सामग्री के बारे में पूछताछ की गई, लेकिन वे संतोषजनक जवाब नहीं दे सके।
इस पर पुलिस ने वाहन की तलाशी ली, जिसमें 120 पेटी ‘9 वन’ ब्रांड की चंडीगढ़ मार्का अंग्रेजी व्हिस्की बरामद हुई। इसके बाद पुलिस ने मौके पर ही तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया और तस्करी में प्रयुक्त वाहन को सीज कर दिया।
तीनों आरोपी हरियाणा के निवासी
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों की पहचान इस प्रकार हुई है—
| आरोपी का नाम | निवासी |
|---|---|
| जय सिंह पुत्र जगत सिंह (चालक) | थाना जोई, जिला भिवानी, हरियाणा |
| अमित कुमार पुत्र रणवीर सिंह | जिला भिवानी, हरियाणा |
| मंजीत पुत्र जयवीर सिंह | थाना चरखी दादरी, हरियाणा |
आबकारी अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज
इस मामले में कोतवाली विकासनगर में मु.अ.सं. 188/26 के तहत धारा 63/72 आबकारी अधिनियम में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस आरोपियों के आपराधिक इतिहास की भी जांच कर रही है।

बरामदगी
- 120 पेटी अवैध अंग्रेजी शराब (9 वन मेक चंडीगढ़ मार्का व्हिस्की)
- शराब तस्करी में प्रयुक्त छोटा हाथी वाहन संख्या HR-47-H-9508
पुलिस टीम की सराहनीय भूमिका
इस कार्रवाई को सफल बनाने वाली पुलिस टीम में शामिल रहे—
- उपनिरीक्षक वैभव गुप्ता, चौकी प्रभारी कुल्हाल, कोतवाली विकासनगर
- कांस्टेबल राजकुमार
- हेड कांस्टेबल मनोज कुमार
नशा मुक्त देहरादून अभियान जारी
देहरादून पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जनपद को नशा मुक्त बनाने के उद्देश्य से अवैध शराब और अन्य मादक पदार्थों की तस्करी करने वालों के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। पुलिस ने चेतावनी दी है कि कानून का उल्लंघन करने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कड़ी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
Uttarakhand
धामी सरकार की बड़ी सौगात, मात्र 3 लाख रुपये में मिलेगा आधुनिक फ्लैट, तैयार हुई उत्तराखंड की सबसे बड़ी EWS आवासीय परियोजना…

तैयार हुई उत्तराखंड की सबसे बड़ी EWS आवासीय परियोजना
गरीब और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को सम्मानजनक जीवन देने के संकल्प के साथ उत्तराखंड सरकार और भारत सरकार मिलकर एक ऐसी आवासीय परियोजना को अंतिम रूप दे रही हैं, जो हजारों लोगों के जीवन में बड़ा बदलाव लाने वाली है। प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अंतर्गत रुद्रपुर के ग्राम बागवाला में 1872 ईडब्ल्यूएस (आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग) आवासों का निर्माण कार्य लगभग पूरा हो चुका है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के दिशा-निर्देशों के अनुरूप सचिव आवास डॉ. आर. राजेश कुमार की सतत निगरानी में विकसित यह परियोजना राज्य में गरीब परिवारों के लिए सुरक्षित और आधुनिक आवास उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है। जिला स्तरीय विकास प्राधिकरण (उधमसिंह नगर) द्वारा संचालित इस महत्वाकांक्षी योजना का उद्देश्य ऐसे परिवारों को अपना घर उपलब्ध कराना है, जिनके पास अब तक पक्का मकान नहीं है। परियोजना के पूर्ण होने के बाद हजारों लोगों का वर्षों पुराना सपना साकार होने जा रहा है।
गरीब परिवारों के लिए उम्मीद की नई बस्ती
‘अपना घर, अपना स्वाभिमान’ की भावना के साथ तैयार की गई इस EWS आवासीय परियोजना में कुल 1872 आवासों का निर्माण किया गया है। इनमें से 832 फ्लैट पूरी तरह तैयार हो चुके हैं, जबकि 512 अतिरिक्त फ्लैटों में अंतिम चरण के छोटे-मोटे कार्य तेजी से चल रहे हैं। सरकार की योजना शीघ्र ही परियोजना का लोकार्पण कर लाभार्थियों को उनके नए घरों की चाबियां सौंपने की है। सबसे बड़ी बात यह है कि छह लाख रुपये लागत वाले इन आधुनिक फ्लैटों के लिए लाभार्थी को मात्र तीन लाख रुपये ही देने होंगे। शेष राशि भारत सरकार और उत्तराखंड सरकार द्वारा डेढ़-डेढ़ लाख रुपये की सब्सिडी के रूप में वहन की जाएगी। इससे सीमित आय वाले परिवारों को भी सम्मानजनक आवास प्राप्त करने का अवसर मिलेगा।

आधुनिक सुविधाओं से लैस आवासीय परिसर
करीब 6.0281 हेक्टेयर भूमि पर विकसित इस आवासीय परियोजना का निर्माण क्षेत्रफल लगभग 39,220 वर्ग मीटर है। योजना में कुल 23 बहुमंजिला आवासीय ब्लॉक बनाए गए हैं, जिनमें आधुनिक शहरी सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा गया है। प्रत्येक फ्लैट में एक बेडरूम, ड्राइंग रूम, किचन, टॉयलेट, बाथरूम और बरामदा उपलब्ध कराया गया है। लगभग 28 वर्ग मीटर क्षेत्रफल वाले इन आवासों को इस प्रकार डिजाइन किया गया है कि छोटे परिवारों को पर्याप्त सुविधा और बेहतर जीवन स्तर मिल सके। परियोजना की विशेषता यह है कि सभी भवन भूकंपरोधी तकनीक से निर्मित किए गए हैं। इसके साथ ही चौड़ी सड़कों, पर्याप्त पार्किंग, पेयजल, विद्युत आपूर्ति और स्वच्छ वातावरण की व्यवस्था भी सुनिश्चित की गई है।
पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास पर विशेष जोर
बागवाला आवासीय परियोजना को केवल मकानों का समूह नहीं, बल्कि एक आधुनिक और टिकाऊ आवासीय परिसर के रूप में विकसित किया गया है। परिसर में वर्षा जल संचयन (रेन वाटर हार्वेस्टिंग), सीवरेज सिस्टम और अत्याधुनिक एसटीपी (सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट) की व्यवस्था की गई है।परियोजना में हरे-भरे पार्क, बच्चों के लिए सुरक्षित खेल क्षेत्र और सौंदर्यीकरण के व्यापक कार्य भी पूरे किए जा चुके हैं। हॉर्टिकल्चर का कार्य पूर्ण होने से परिसर का वातावरण आकर्षक और पर्यावरण अनुकूल बन गया है।
बेहतर कनेक्टिविटी से बढ़ेगी सुविधा
आवासीय परिसर का स्थान भी इसकी सबसे बड़ी विशेषताओं में शामिल है। बागवाला स्थित यह परियोजना मुख्य बाजार और प्रमुख मार्ग से लगभग तीन किलोमीटर की दूरी पर है। बस स्टेशन छह किलोमीटर और रेलवे स्टेशन आठ किलोमीटर दूर स्थित है। बेहतर सड़क संपर्क और शहर के प्रमुख क्षेत्रों से नजदीकी के कारण यहां रहने वाले परिवारों को शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और अन्य आवश्यक सुविधाओं तक आसानी से पहुंच मिल सकेगी।
पारदर्शी होगी आवंटन प्रक्रिया
सरकार ने आवास आवंटन प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी बनाने का निर्णय लिया है। पात्र लाभार्थियों का चयन कंप्यूटर आधारित रैंडमाइजेशन लॉटरी प्रणाली के माध्यम से किया जाएगा। आवेदन के लिए आवेदक का प्रधानमंत्री आवास योजना के एमआईएस पोर्टल पर पंजीकृत होना आवश्यक है। साथ ही आवेदक को 17 जून 2015 से पूर्व का उत्तराखंड निवासी होना चाहिए तथा उसकी वार्षिक आय तीन लाख रुपये या उससे कम होनी चाहिए। आवेदक या उसके परिवार के किसी सदस्य के नाम देश में कहीं भी पक्का मकान नहीं होना चाहिए। मात्र पांच हजार रुपये जमा कर आवेदन प्रक्रिया शुरू की जा सकती है। शेष राशि के भुगतान के लिए बैंकों के माध्यम से ऋण सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी।
सुरक्षा और गुणवत्ता के मानकों पर खरा परिसर
परियोजना में सुरक्षा और गुणवत्ता को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। परिसर में आरसीसी बाउंड्री वॉल और मुख्य प्रवेश द्वार का निर्माण पूरा हो चुका है। सभी ब्लॉकों में विद्युत कार्य पूर्ण कर लिए गए हैं तथा यूपीसीएल द्वारा इलेक्ट्रिकल सेफ्टी जांच भी पूरी की जा चुकी है। इसके अलावा फायर डिपार्टमेंट द्वारा फायर फाइटिंग सिस्टम का सफल परीक्षण किया जा चुका है। जलापूर्ति व्यवस्था के लिए अंडरग्राउंड टैंक और ओवरहेड टैंक स्थापित किए गए हैं, जबकि एसटीपी भी परीक्षण चरण में पहुंच चुका है।
धामी सरकार की समावेशी विकास सोच का उदाहरण
प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत विकसित बागवाला परियोजना उत्तराखंड में समावेशी विकास और सामाजिक सुरक्षा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में राज्य सरकार लगातार ऐसी योजनाओं को गति दे रही है, जिनका सीधा लाभ आम नागरिकों और विशेष रूप से आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को मिल रहा है। सचिव आवास डॉ. आर. राजेश कुमार की निगरानी में तेजी से आगे बढ़ी यह परियोजना अब अपने अंतिम चरण में है। आने वाले दिनों में जब हजारों परिवार अपने नए घरों में प्रवेश करेंगे, तब यह केवल मकानों का हस्तांतरण नहीं होगा, बल्कि आत्मसम्मान, सुरक्षा और बेहतर भविष्य की एक नई शुरुआत होगी। बागवाला की यह आवासीय बस्ती उत्तराखंड में गरीब परिवारों के जीवन स्तर को बदलने वाली एक नई पहचान बनने जा रही है।
सचिव आवास डॉ. आर. राजेश कुमार का बयान
सचिव आवास एवं आवास आयुक्त डॉ. आर. राजेश कुमार ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अंतर्गत रुद्रपुर के बागवाला में विकसित की गई यह परियोजना आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने वाली है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के मार्गदर्शन में राज्य सरकार प्रत्येक पात्र परिवार को सम्मानजनक आवास उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। परियोजना में गुणवत्ता, सुरक्षा और आधुनिक सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा गया है। सभी कार्य निर्धारित मानकों के अनुरूप पूरे किए गए हैं। शीघ्र ही पात्र लाभार्थियों को आवासों का आवंटन कर चाबियां सौंपी जाएंगी, जिससे हजारों परिवारों का अपने घर का सपना साकार होगा।
Uttarakhand
नंदा गौरा योजना: हरिद्वार और उत्तरकाशी की 4098 बालिकाओं को मिला लाभ, खातों में पहुंचे 19.23 करोड़ रुपये

नंदा गौरा योजना के तहत बड़ी डीबीटी ट्रांसफर
देहरादून : नंदा गौरा योजना के तहत गुरुवार को हरिद्वार और उत्तरकाशी जनपद की कुल 4098 पात्र बालिकाओं को योजना का लाभ प्रदान किया गया। महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास मंत्री रेखा आर्या ने डीबीटी (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से इन बालिकाओं के बैंक खातों में लगभग 19.23 करोड़ रुपये की धनराशि हस्तांतरित की।
पहले छूटी हुई बालिकाओं को मिला लाभ
कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने बताया कि वर्ष 2025-26 में प्रदेश की 33,251 पात्र बालिकाओं को 26 फरवरी 2026 को ही योजना का लाभ दिया जा चुका था।
हालांकि, हरिद्वार और उत्तरकाशी जनपद की कुछ बालिकाओं की आवश्यक औपचारिकताएं और जनपद स्तरीय समिति से अनुमोदन समय पर पूरा नहीं हो सका था, जिसके कारण उन्हें उस समय लाभ नहीं मिल पाया था।
अब सभी प्रक्रियाएं पूर्ण होने के बाद गुरुवार को यमुना कॉलोनी स्थित कैंप कार्यालय से इन 4098 बालिकाओं को डीबीटी के माध्यम से सहायता राशि जारी की गई।

सरकार की प्रतिबद्धता
मंत्री रेखा आर्या ने कहा कि सरकार का स्पष्ट संकल्प है कि प्रदेश की कोई भी पात्र बेटी योजना के लाभ से वंचित न रहे। उन्होंने कहा कि नंदा गौरा योजना बालिकाओं की शिक्षा, आत्मनिर्भरता और उज्ज्वल भविष्य के लिए एक महत्वपूर्ण पहल है।
लाभार्थियों का विवरण
इस बार लाभान्वित बालिकाओं में शामिल हैं:
- जन्म के समय सहायता पाने वाली 417 बालिकाएं
- 12वीं उत्तीर्ण कर स्नातक में प्रवेश लेने वाली 3681 बालिकाएं
योजना का अब तक का कुल आंकड़ा
गौरतलब है कि नंदा गौरा योजना के अंतर्गत वर्ष 2017-18 से 2025-26 तक प्रदेश की कुल 4,11,035 बालिकाओं को लगभग 1314 करोड़ रुपये की धनराशि डीबीटी के माध्यम से वितरित की जा चुकी है।
Uttarakhand4 hours agoDehradun News: विकासनगर में 120 पेटी अवैध शराब बरामद, तीन तस्कर गिरफ्तार
Cricket8 hours agoENG-W vs NZ-W Dream11 Team Match 28 T20 WC 2026 : फैंटेसी क्रिकेट प्रेडिक्शन, पिच रिपोर्ट और प्लेइंग XI
Cricket7 hours agoIRE vs IND Dream11 Team 2nd T20I 2026: फैंटेसी क्रिकेट प्रेडिक्शन, पिच रिपोर्ट और बेस्ट ड्रीम11 टीम
Cricket4 hours agoAUS-W vs IND-W Dream11 Team Match 30 T20 WC 2026 : फैंटेसी क्रिकेट प्रेडिक्शन, पॉइंट्स टेबल समीकरण और पिच रिपोर्ट






































