Rudraprayag
रुद्रप्रयाग में 6.7 तीव्रता का भूकंप, अगस्त्यमुनि बाजार में भारी नुकसान, सुरंग में फंसे 40-50 श्रमिक

रुद्रप्रयाग में आज 9ः45 बजे आए 6.7 तीव्रता के भूकंप से जनपद के अनेक क्षेत्रों में व्यापक नुकसान की सूचना प्राप्त हुई है। जिला प्रशासन द्वारा राहत और बचाव कार्यों के लिए सभी टीमों को उच्च सतर्कता के साथ मोर्चे पर लगा दिया गया है। जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र से लगातार स्थिति की निगरानी की जा रही है।
रुद्रप्रयाग में 6.7 तीव्रता के भूकंप से नुकसान
भूकम्प के झटकों के बाद प्राप्त प्रारंभिक जानकारी के अनुसार जिला चिकित्सालय, कोटेश्वर में भवन को क्षति पहुंची है तथा उद्योग विभाग भवन, भटवाड़ी सैण भी भूकम्प के कारण प्रभावित हुआ है। जवाड़ी बाइपास सड़क मार्ग पर गंभीर भू-धंसाव होने से एक मैक्स वाहन गहरी खाई में गिर गया, जिसमें सवारों की स्थिति का पता लगाया जा रहा है। जनपद स्तरीय आई.आर.एस. टीम के नोडल अधिकारियों को तुरंत जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र में उपस्थित होने के निर्देश जारी किए गए हैं।
सुमेरपुर रेलवे सुरंग में 40-50 श्रमिक फंसने की सूचना
आज प्रातः 10 बजे मेघा कंपनी द्वारा सूचना दी गई कि निर्माणाधीन रेलवे सुरंग, सुमेरपुर, रुद्रप्रयाग में भूकंप के झटकों के बाद भारी मलबे के प्रवेश के कारण सुरंग बंद हो गई है। सुरंग के भीतर 40 से 50 श्रमिकों के फंसे होने की आशंका है। राहत दल मौके के लिए रवाना हो चुके हैं और सुरंग की स्थिरता का आकलन किया जा रहा है। बता दें कि आज आपदा प्रबंधन विभाग की ओर से प्रदेशभर में मॉक ड्रिल की गई। इसी के तहत रूद्रप्रयाग में भी मॉक ड्रिल की गई।
Rudraprayag
केदारनाथ के लिए इस दिन से फिर शुरू हो सकती है हेली सेवा, तैयारियां हुई तेज

Kedarnath Heli Service : चारधाम यात्रा के दूसरे चरण में केदारनाथ धाम के लिए एक बार फिर हेली सेवा शुरू करने की तैयारी की जा रही है। इसके लिए उत्तराखंड नागरिक उड्डयन विकास प्राधिकरण ने आवश्यक तैयारियां शुरू कर दी हैं। प्रस्तावित योजना के अनुसार 15 सितंबर से केदारनाथ के लिए हेलीकॉप्टर सेवा दोबारा संचालित की जा सकती है।
Table of Contents
केदारनाथ के लिए इस दिन से फिर शुरू हो सकती है हेली सेवा
केदारनाथ के लिए हेली सेवा के संचालन को लेकर 14 अगस्त को नई दिल्ली में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की जाएगी। बैठक में डीजीसीए, हेली ऑपरेटरों और मौसम विभाग के अधिकारी शामिल होंगे।
इस दौरान केदारनाथ हेली सेवा के साथ-साथ चारधाम चार्टर्ड सेवा को फिर से शुरू करने को लेकर चर्चा की जाएगी। अंतिम फैसला बैठक में मौसम की स्थिति और उड़ान संचालन से जुड़े सुरक्षा मानकों को ध्यान में रखते हुए लिया जाएगा।
22 अप्रैल को कपाट खुलने के साथ शुरू हो गई थी हेली सेवा
बता दें कि इस वर्ष 22 अप्रैल को केदारनाथ धाम के कपाट खुलने के साथ ही श्रद्धालुओं के लिए हेली सेवा भी शुरू कर दी गई थी। यात्रियों को गुप्तकाशी, फाटा और सिरसी स्थित हेलिपैड से केदारनाथ तक पहुंचाने के लिए आठ एविएशन कंपनियां सेवाएं दे रही थीं।

मानसून सीजन में बंद की गई थी हेली सर्विस
मानसून सीजन को देखते हुए डीजीसीए ने हेली ऑपरेटरों को 25 जून तक ही उड़ान संचालन की अनुमति दी थी। इसके बाद सुरक्षा कारणों और मौसम की परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए केदारनाथ धाम के लिए हेली सेवा को अस्थायी रूप से रोक दिया गया।
15 सितंबर से शुरू हो सकती है केदारनाथ हेली सेवा
अब मानसून के बाद चारधाम यात्रा के दूसरे चरण में हेली सेवाओं को दोबारा शुरू करने की तैयारी है। प्रस्तावित कार्यक्रम के मुताबिक 15 सितंबर से केदारनाथ हेली सेवा के साथ चारधाम चार्टर्ड सेवा भी शुरू की जा सकती है। हालांकि उड़ानों के संचालन पर अंतिम निर्णय संबंधित अधिकारियों की बैठक और मौसम की स्थिति की समीक्षा के बाद लिया जाएगा।
Rudraprayag
मध्यमहेश्वर यात्रा मार्ग पर बड़ा हादसा!, ट्रॉली व्यवस्था के बीच नदी में गिरा श्रद्धालु

Rudraprayag News :रुद्रप्रयाग जिले में स्थित द्वितीय केदार भगवान मध्यमहेश्वर यात्रा मार्ग पर सोमवार को एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। गौण्डार गांव के पास मोरखंडा नदी पार करने के दौरान एक श्रद्धालु अचानक संतुलन खो बैठा और नदी में जा गिरा। मौके पर मौजूद स्थानीय लोगों और अन्य यात्रियों की तत्परता से उसका समय रहते रेस्क्यू कर लिया गया।
Table of Contents
मध्यमहेश्वर यात्रा मार्ग पर ट्रॉली व्यवस्था के बीच नदी में गिरा श्रद्धालु
रूद्रप्रयाग में मोरखंडा नदी पर बना अस्थायी लकड़ी का पुल पहले ही बह चुका है। इसके बाद श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों की आवाजाही ट्रॉली के जरिए कराई जा रही है। इसी दौरान ट्रॉली में सवार होने की कोशिश कर रहा एक तीर्थयात्री अचानक फिसलकर नदी में गिर गया।

स्थानीय लोगों ने दिखाई बहादुरी
घटना के तुरंत बाद आसपास मौजूद लोगों ने बिना समय गंवाए राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद घायल श्रद्धालु को नदी से सुरक्षित बाहर निकाला गया और प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया गया। बताया जा रहा है कि वह घायल है और उसकी स्थिति गंभीर बनी हुई है।
यात्रा मार्ग पर बढ़ा जोखिम
अस्थायी पुल बह जाने के बाद ट्रॉली ही नदी पार करने का एकमात्र साधन बनी हुई है। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के एकत्र होने से यात्रा मार्ग पर अव्यवस्था और सुरक्षा संबंधी चुनौतियां भी बढ़ गई हैं। ऐसे में किसी भी समय बड़ा हादसा होने की आशंका बनी हुई है।
Rudraprayag
रुद्रप्रयाग में दर्दनाक हादसा, घास लेने गई महिला उफनते गदेरे में बही, मौत से इलाके में पसरा मातम

Rudraprayag News : रुद्रप्रयाग जिले के बसुकेदार क्षेत्र से रविवार को एक दुखद और चिंताजनक घटना सामने आई। घास लेने जंगल गई एक महिला अचानक उफनते गदेरे के तेज बहाव की चपेट में आ गई, जिससे उसकी मौके पर ही बह जाने की सूचना मिली। करीब डेढ़ घंटे तक चले सर्च ऑपरेशन के बाद महिला का शव घटनास्थल से कुछ दूरी पर बरामद कर लिया गया।
Table of Contents
रुद्रप्रयाग में घास लेने गई महिला उफनते गदेरे में बही
रूद्रप्रयाग के बसुकेदार में रविवार सुबह लगभग 11:32 बजे ग्राम प्रधान सेमकोटी ने जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र, रुद्रप्रयाग को सूचना दी कि ग्राम स्वारा के तिमली क्षेत्र के आगे घास लेने गई एक महिला अचानक गदेरे में बह गई है। सूचना मिलते ही जिला प्रशासन ने तत्काल राहत और बचाव अभियान शुरू कर दिया।
महिला की डूबने से हुई मौत
जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार के अनुसार, जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र के निर्देश पर जल पुलिस, स्टेट डिजास्टर रिस्पांस फोर्स (SDRF) और डिस्ट्रिक्ट डिजास्टर रिस्पांस फोर्स (DDRF) बसुकेदार की टीमों को तुरंत घटनास्थल के लिए रवाना किया गया। बचाव दल ने गदेरे और आसपास के क्षेत्रों में व्यापक स्तर पर तलाश अभियान चलाया।

डेढ़ घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद बरामद हुआ शव
करीब डेढ़ घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद राहत टीमों ने महिला का शव घटनास्थल से कुछ दूरी पर बरामद कर लिया। मृतका की पहचान 38 वर्षीय विनीता देवी, पत्नी हिम्मत सिंह नेगी, निवासी ग्राम कोटी के रूप में हुई है।
इस हादसे के बाद मृतका के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं पूरे गांव और आसपास के क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। लगातार हो रही बारिश के कारण उफनते गदेरों और नदी-नालों के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और खराब मौसम के दौरान अनावश्यक रूप से नदी-नालों के आसपास न जाने की अपील की है।
Cricket8 hours agoTRT-W vs SUL-W Dream11 Prediction Final 2026: Pitch Report, Playing 11, Fantasy Cricket Tips
National9 hours agoNag Panchami 2026: 16 या 17 अगस्त कब है नाग पंचमी? जानें सही तिथि, शुभ मुहूर्त
Cricket6 hours agoTRT vs MO Dream11 Prediction Final 2026: Playing 11, Pitch Report & Fantasy Tips in Hindi
Uttarakhand12 hours agoमुख्यमंत्री आवास में 80वें स्वतंत्रता दिवस पर हुआ ध्वजारोहण, CM धामी ने दी प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं
Uttarakhand12 hours agoपौड़ी में स्वतंत्रता दिवस पर देशभक्ति का उल्लास, तिरंगे के रंग में रंगा पूरा जनपद
Uttarakhand13 hours agoउत्तराखंड के मुख्य सचिव आनंद वर्द्धन का स्वतंत्रता दिवस संबोधन: पलायन, पर्यटन और 2047 के संकल्प पर दिया ज़ोर…
Uttarakhand12 hours agoChamoli Tunnel Landslide : टीएचडीसी टनल में रेस्क्यू अभियान जारी, एक और श्रमिक बाहर निकाला गया; दो की तलाश जारी







































