Chamoli
श्री बदरीनाथ धाम में भगवान नर- नारायण जी की जयंती श्रावण शुक्ल पंचमी 9 से 10 अगस्त को मनायी जायेगी, भगवान बद्रीविशाल वापस हो जाएंगे विराजमान।

बद्रीनाथ धाम – श्री बदरीनाथ धाम में भगवान नर- नारायण जी की जयंती श्रावण शुक्ल पंचमी शुक्रवार 9 अगस्त तथा शनिवार 10 अगस्त को मनायी जायेगी।

श्री बदरीनाथ -केदारनाथ मंदिर समिति मीडिया प्रभारी डा. हरीश गौड़ ने बताया कि भगवान नर-नारायण जी के जन्म उत्सव के अवसर पर पहले दिन 9 अगस्त को श्री बदरीनाथ मंदिर में बाल भोग के पश्चात भगवान नर-नारायण जी की विग्रह डोली माता मूर्ति मंदिर पहुंचेगी। अभिषेक पूजा-अर्चना पश्चात देव डोली वापस श्री बदरीनाथ मंदिर पहुंचेगी। मान्यता है कि भगवान विष्णु के अवतार नर-नारायण ने श्री बदरीनाथ धाम में तपस्या की तथा सहस्रकवच दैत्य के अत्याचार से मुक्त किया।
10 अगस्त शनिवार को भगवान नर- नारायण भगवान की विग्रह मूर्तियां बदरीविशाल के जन्मस्थल लीला ढुंगी पहुंचेंगी जहां धर्माधिकारी राधाकृष्ण थपलियाल तथा वेदपाठी रविंद्र भट्ट एवं पुजारी सुशील डिमरी भगवान नर-नारायण का अभिषेक संपन्न करेंगे।
इसके पश्चात भगवान नर-नारायण श्री बदरीनाथ धाम का भ्रमण करेंगे। इसके पश्चात भगवान नर-नारायण बदरीनाथ मंदिर परिसर में वापस विराजमान हो जायेंगे। इसी के साथ ही श्री नर-नारायण जयंती का समापन हो जायेगा। इस अवसर पर मंदिर समिति पदाधिकारी, अधिकारी कर्मचारी मौजूद रहेंगे।
Chamoli
जल्द ही उत्तराखंड आ सकते हैं पीएम मोदी, बद्रीनाथ में अस्पताल का कर सकते हैं उद्घाटन

Chamoli News : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जल्द ही उत्तराखंड आ सकते हैं। बद्रीनाथ मास्टर प्लान के तहत बनाए जा रहे 45 बेड के आधुनिक अस्पताल का पीएम मोदी उद्घाटन कर सकते हैं। पीएम मोदी के संभावित दौरे को देखते हुए तैयारियां जोरों पर हैं।
Table of Contents
जल्द ही उत्तराखंड आ सकते हैं पीएम मोदी
प्रधानमंत्री मोदी जल्द ही उत्तराखंड आ सकते हैं। बद्रीनाथ धाम में अक्टूबर महीने में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संभावित दौरे की चर्चा है। इसी संभावना को देखते हुए शासन और प्रशासन स्तर पर तैयारियां तेज की जा रही हैं। अस्पताल का निर्माण और आधुनिक चिकित्सा उपकरणों की स्थापना भी इसी अवधि को ध्यान में रखते हुए तेजी से की जा रही है। अस्पताल के उद्घाटन की संभावना भी जताई जा रही है।
दौरे को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक सूचना नहीं
जिलाधिकारी गौरव कुमार ने स्पष्ट किया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बदरीनाथ दौरे को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक सूचना प्राप्त नहीं हुई है। वहीं मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राजीव पाल के अनुसार, प्रधानमंत्री के अक्टूबर में प्रस्तावित संभावित दौरे को ध्यान में रखते हुए अस्पताल भवन के निर्माण और चिकित्सा उपकरणों की स्थापना का कार्य तेजी से कराया जा रहा है। उन्होंने बताया कि जल्द ही अस्पताल का संचालन शुरू होने की उम्मीद है।

श्रद्धालुओं को उपचार के लिए मिलेंगी बेहतर सुविधाएं
बता दें कि नया अस्पताल शुरू होने के बाद बद्रीनाथ धाम में आने वाले श्रद्धालुओं को उपचार के लिए बेहतर और आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाएं स्थानीय स्तर पर उपलब्ध हो सकेंगी। इससे आपातकालीन परिस्थितियों में मरीजों को तत्काल चिकित्सा सहायता देने में भी मदद मिलेगी।
45 बेड के आधुनिक अस्पताल का निर्माण कार्य अंतिम चरण में
चंमोली जिले में बद्रीनाथ मास्टर प्लान के तहत बनाए जा रहे 45 बेड के आधुनिक अस्पताल का निर्माण कार्य अब अंतिम चरण में पहुंच गया है। चार मंजिला इस अस्पताल भवन को सब जिला अस्पताल के रूप में विकसित किया जा रहा है।
अस्पताल में मरीजों और तीर्थयात्रियों के लिए आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। यहां एक्स-रे, अल्ट्रासाउंड, ऑपरेशन थिएटर और आईसीयू जैसी सुविधाएं होंगी। इसके अलावा मरीजों की सुविधा को देखते हुए भवन में लिफ्ट की व्यवस्था भी की गई है।
Chamoli
उत्तराखंड में यहां कुत्तों के आतंक से दहशत में लोग, चार दिनों के लिए बंद किए गए स्कूल

Chamoli News : उत्तराखंड के चमोली जिले के नारायणबगड़ क्षेत्र में आवारा कुत्तों के बढ़ते हमलों ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। लगातार सामने आ रही घटनाओं के बाद इलाके में डर का माहौल है। खासकर बच्चों की सुरक्षा को लेकर प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाते हुए क्षेत्र के सभी विद्यालयों में चार दिन का अवकाश घोषित किया है।
Table of Contents
चमोली के नारायणबगड़ में कुत्तों के आतंक से दहशत में लोग
चमोली के नारायणबगड़ में आवारा कुत्तों के आतंक से लोग दहशत में हैं। लगातार आवारा कुत्ते स्थानीय लोगों और बच्चों पर हमला कर रहे हैं। जिस कारण लोगों को बच्चों को स्कूल भेजने में भी डर लग रहा है। कुत्तों का आतंक इस कदर बढ़ गया है कि इलाके के स्कूलों को 4 दिन के लिए बंद करना पड़ा है।
चार दिनों के लिए बंद किए गए स्कूल
जिला शिक्षा अधिकारी, चमोली की ओर से जारी आदेश के अनुसार नारायणबगड़ क्षेत्र में संचालित सरकारी, अर्द्धसरकारी और निजी स्कूल निर्धारित अवधि तक भौतिक रूप से बंद रहेंगे। हालांकि, विद्यार्थियों की पढ़ाई बाधित न हो, इसके लिए ऑनलाइन कक्षाएं जारी रखने के निर्देश दिए गए हैं।
कुत्तों के हमलों से लोगों में दहशत
मिली जानकारी के मुताबिक नारायणबगड़ क्षेत्र में पिछले कुछ दिनों से आवारा और आक्रामक कुत्तों के हमले बढ़ने की जानकारी सामने आ रही है। इन घटनाओं में कई लोगों के घायल होने की बात कही जा रही है। बाजार सहित आसपास के इलाकों में लोगों को आवाजाही के दौरान सतर्क रहना पड़ रहा है।

बच्चों के स्कूल आने-जाने के दौरान किसी अप्रिय घटना की आशंका को देखते हुए विद्यालयों को अस्थायी रूप से बंद रखने का फैसला लिया गया है। प्रशासन का उद्देश्य फिलहाल बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
ऑनलाइन जारी रहेगी पढ़ाई
अवकाश के दौरान स्कूल भवनों में नियमित कक्षाएं संचालित नहीं होंगी, लेकिन विद्यार्थियों की पढ़ाई पूरी तरह बंद नहीं की जाएगी। स्कूल प्रबंधन ऑनलाइन माध्यम से कक्षाएं आयोजित करेगा, ताकि छुट्टी के बावजूद शैक्षणिक गतिविधियां जारी रह सकें।
Chamoli
चमोली THDC टनल हादसे में लापता दोनों श्रमिकों के शव बरामद, मृतकों की संख्या हुई 10

Chamoli Tunnel Accident : चमोली के पीपलकोटी स्थित टीएचडीसी की निर्माणाधीन सुरंग में 13 अगस्त को हुए हादसे के बाद जारी रेस्क्यू अभियान में बड़ी सफलता मिली है। मंगलवार को सुरंग के अंदर तलाश के दौरान लापता दोनों श्रमिकों के शव बरामद कर लिए गए। शवों को जिला चिकित्सालय, गोपेश्वर भेज दिया गया है।
Table of Contents
चमोली THDC टनल हादसे में लापता दोनों श्रमिकों के शव बरामद
विष्णुगाड़–पीपलकोटी जल विद्युत परियोजना की निर्माणाधीन टनल में दुर्घटना के बाद से ही राहत और बचाव टीमें लगातार अभियान में जुटी हुई थीं। सुरंग के भीतर लापता श्रमिकों की तलाश के साथ-साथ जमा पानी को बाहर निकालने का काम भी जारी था।
रेस्क्यू टीमों ने सुरंग के अंदर अलग-अलग हिस्सों में सर्च ऑपरेशन चलाया। इसी दौरान मंगलवार को दोनों लापता श्रमिकों के शव बरामद कर लिए गए।
एक श्रमिक की हुई पहचान
बरामद शवों में से एक की पहचान 31 वर्षीय लुकास टोपनो के रूप में हुई है। वह झारखंड के खूंटी जिले के सीमरटोली गांव के रहने वाले थे। उनके पिता का नाम बोयसा टोपनो बताया गया है। दूसरे श्रमिक के शव की पहचान की प्रक्रिया भी की जा रही है।

हादसे के समय टनल में थे 22 श्रमिक
13 अगस्त को हुए हादसे के वक्त निर्माणाधीन सुरंग में कुल 22 श्रमिक मौजूद थे। हादसे के बाद 12 श्रमिकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया था। वहीं 8 श्रमिकों की मौत हो गई थी, जबकि दो श्रमिक लापता थे। लापता दोनों श्रमिकों की तलाश के लिए कई दिनों से सुरंग के भीतर रेस्क्यू अभियान चलाया जा रहा था। अब दोनों के शव मिलने के बाद इस हादसे में मृतकों की संख्या 10 हो गई है।
big news19 hours agoउत्तराखंड में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, IAS, PCS अफसरों के हुए बंपर तबादले, देखें लिस्ट
Roorkee18 hours agoरूड़की में भाई ने दो बहनों को उतारा मौत के घाट, रक्षाबंधन से पहले परिवार में पसरा मातम
Breakingnews13 hours agoनेपाल में बाढ़ से भारी तबाही, 384 लोग लापता, 105 भारतीय पर्यटक भी लापता
Cricket9 hours agoBWV vs DNG Dream11 Prediction Match 2 Euro Cup T20 2026: Probable XI, Pitch Report & Fantasy Tips
big news17 hours agoउत्तराखंड में स्वाइन फ्लू से संक्रमित 5 मरीजों की मौत, प्रदेश में अब तक सामने आए 49 मामले
uttarakhand weather11 hours agoउत्तराखंड में अगले एक हफ्ते तक जारी रहेगा बारिश का दौर, एक सितंबर तक जारी किया गया अलर्ट
Pauri16 hours agoयमकेश्वर और गैरसैंण में केंद्रीय विद्यालय की मांग, सांसद बलूनी ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री से की मुलाकात
Cricket10 hours agoENG vs PAK My11Circle Prediction 2nd Test 2026: Dream11 Team, Playing 11, Pitch Report in Hindi





































