Dehradun
मौसम ने बदली करवट, आज भारी बारिश और बर्फ़बारी की संभावना।

देहरादून – उत्तराखंड में आज से मौसम फिर बदल गया है। तड़के यमुनोत्री धाम सहित आस-पास बर्फबारी हुई तो बड़कोट तहसील क्षेत्र में बारिश। वहीं, मैदानी इलाकों में कई जगह हल्का कोहरा छाया हुआ है। राजधानी देहरादून समेत पहाड़ों की रानी मसूरी, धनोल्टी और कैम्पटी में हल्की धूप है, लेकिन ठंडी हवाएं चलने से तापमान में गिरावट दर्ज की गई।

वहीं, आज प्रदेश के ऊंचाई वाले इलाकों में आज बुधवार से भारी बारिश और बर्फबारी होने की संभावना है। इसके लिए मौसम विज्ञान केंद्र की ओर से ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
मौसम विज्ञान केंद्र की ओर से 2500 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में बारिश और बर्फबारी होने की संभावना जताई है। प्रदेशभर में कहीं-कहीं तेज गर्जन और बिजली चमकने के साथ ओलावृष्टि की संभावना है। तापमान की बात करें तो दून का अधिकतम तापमान 17 और न्यूनतम तापमान आठ डिग्री रहने के आसार हैं।
Uttarakhand
Mussoorie News: मसूरी में बारिश का कहर, पानी वाले बैंड पर दरकी पहाड़ी, कई मकान खतरे की जद में

Mussoorie News: मसूरी में भारी बारिश से दरकी पहाड़ी, पानी वाले बैंड पर मकानों पर मंडराया खतरा
मसूरी : पहाड़ों की रानी मसूरी में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने आम जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है। देर रात से जारी तेज बारिश के कारण संवेदनशील पानी वाला बैंड के पास पहाड़ी का एक बड़ा हिस्सा अचानक दरक गया। भूस्खलन के चलते भारी मात्रा में मलबा और बोल्डर सड़क पर आ गिरे, जिससे पहाड़ी के ऊपर बने कई मकानों पर गिरने का खतरा मंडराने लगा है और स्थानीय निवासियों में दहशत का माहौल है।
पानी वाले बैंड पर भूस्खलन से बढ़ा खतरा
मसूरी-देहरादून मुख्य मार्ग पर स्थित पानी वाला बैंड लंबे समय से भूस्खलन के लिहाज से अत्यधिक संवेदनशील जोन बना हुआ है। ताजा घटना में पहाड़ी का ऊपरी हिस्सा धंसने से मलबा तेजी से नीचे की ओर खिसक रहा है। जिस पहाड़ी पर यह लैंडस्लाइड हुआ है, उसके ठीक ऊपर रिहाइशी मकान स्थित हैं। यदि बारिश का दौर इसी तरह जारी रहा तो पहाड़ी का कमजोर हिस्सा खिसकने से बड़ा हादसा हो सकता है।
मसूरी-देहरादून मार्ग पर यातायात बाधित
भूस्खलन के कारण मसूरी-देहरादून मार्ग पर गाड़ियों की आवाजाही प्रभावित हुई है। पहाड़ी से लगातार गिर रहे पत्थरों और मलबे की वजह से सड़क पर लंबा जाम लग गया है। सूचना मिलने के बाद लोक निर्माण विभाग (PWD) और आपदा प्रबंधन की टीमें जेसीबी (JCB) मशीनों के साथ मौके पर तैनात हैं और मलबा हटाकर रास्ता साफ करने के प्रयास में जुटी हुई हैं।
सितंबर 2025 की आपदा की यादें हुई ताज़ा
पानी वाले बैंड की वर्तमान स्थिति ने स्थानीय लोगों को सितंबर 2025 में आई भीषण आपदा की याद दिला दी है। उस समय भी इसी स्थान पर भारी तबाही हुई थी, जिससे कई दुकानों व मकानों को भारी नुकसान पहुंचा था। स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि प्रशासन द्वारा हर बार केवल फौरी राहत कार्य किए जाते हैं, जबकि पहाड़ी के स्थायित्व (Slope Stabilization) के लिए कोई ठोस व स्थायी निर्माण कार्य नहीं किया गया।
प्रशासन की चेतावनी और अलर्ट
मौसम विभाग ने उत्तराखंड के कई पर्वतीय जिलों में अगले कुछ दिनों तक भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। मसूरी प्रशासन और पुलिस ने यात्रियों व पर्यटकों से अपील की है कि:
- अनावश्यक यात्रा से बचें और सुरक्षित स्थानों पर रहें।
- मसूरी-देहरादून मार्ग पर यात्रा करने से पहले मार्ग की अद्यतन स्थिति (Traffic Update) अवश्य जांच लें।
- भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में गाड़ियां चलाते समय विशेष सतर्कता बरतें।
Uttarakhand
Uttarakhand Weather Alert : मौसम विभाग ने कई जिलो के लिए जारी किया ऑरेंज अलर्ट..

Uttarakhand Weather Alert: भारी बारिश की चेतावनी जारी
देहरादून: मौसम विज्ञान विभाग ने क्षेत्र में मानसून के जोर पकड़ने के साथ ही विभिन्न जिलों के लिए अलर्ट जारी किया है। राज्य के कई हिस्सों में लगातार हो रही बारिश को देखते हुए प्रशासन ने आम जनता और यात्रियों को एहतियात बरतने की सलाह दी है।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव के क्षेत्र, मानसून ट्रफ और पश्चिमी विक्षोभ के संयुक्त प्रभाव से पर्वतीय एवं मैदानी क्षेत्रों में वर्षा की गतिविधियों में वृद्धि दर्ज की गई है।
अलर्ट और प्रभावित क्षेत्र
- ऑरेंज अलर्ट: देहरादून, बागेश्वर, चमोली और नैनीताल जिलों में कुछ स्थानों पर तीव्र से अति तीव्र बारिश की संभावना जताई गई है।
- येलो अलर्ट: टिहरी, पौड़ी, रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़, उत्तरकाशी, चंपावत, ऊधमसिंह नगर और हरिद्वार में गरज-चमक के साथ मूसलाधार बारिश का अनुमान है।
- यातायात पर प्रभाव: लगातार बारिश के कारण पर्वतीय मार्गों पर भूस्खलन और मलबे की वजह से कई ग्रामीण और मुख्य सड़कें बंद हो गई हैं, जिन्हें खोलने का कार्य जारी है।
सुरक्षा और बचाव संबंधी दिशा-निर्देश
- नदियों और नालों से दूरी: जलस्तर में अचानक वृद्धि की आशंका को देखते हुए नदियों, गदेरों और जलभराव वाले निचले क्षेत्रों से दूर रहने का परामर्श दिया गया है।
- यात्रा संबंधी सलाह: भूस्खलन संभावित क्षेत्रों और संकरे पहाड़ी रास्तों पर यात्रा करने से बचें। मौसम साफ होने तक चारधाम यात्रा और अन्य गैर-जरूरी यात्राओं को टालने की अपील की गई है।
- स्थानीय प्रशासन की तैयारी: आपातकालीन सेवाओं, आपदा प्रबंधन टीमों और स्थानीय पुलिस को सतर्क मोड़ पर रखा गया है ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।
Uttarakhand
Dehradun News : सरकारी अस्पताल में प्रसव के बाद नवजात अदला-बदली का गंभीर आरोप,परिजनों ने की DNA टेस्ट और CCTV फुटेज की मांग…

Dehradun News: सरकारी अस्पताल में नवजात की अदला-बदली ,कागजों में ‘Baby Boy’ दर्ज होने से गहराया शक
देहरादून के एक सरकारी अस्पताल में प्रसव के बाद नवजात को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पीड़ित परिवार ने अस्पताल प्रशासन पर लापरवाही और नवजात शिशु की अदला-बदली का आरोप लगाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच, CCTV फुटेज और DNA टेस्ट कराने की मांग की है।
जन्म से जुड़े कागजातों में गड़बड़ी से बढ़ा शक
परिजनों के अनुसार, महिला को 22 अगस्त को अस्पताल में भर्ती कराया गया था। शुरुआत में सामान्य प्रसव की बात कही गई, लेकिन 24 अगस्त की रात अचानक सिजेरियन ऑपरेशन (C-section) करने का फैसला लिया गया।
विवाद तब शुरू हुआ जब ऑपरेशन के बाद अस्पताल की ओर से परिजनों को दिए गए कागजात में स्पष्ट रूप से ‘लड़का’ (Baby Boy) पैदा होने का उल्लेख था। हालांकि, जब नवजात को परिजनों को सौंपा गया, तो वह लड़की थी। परिजनों द्वारा सवाल उठाने पर अस्पताल कर्मचारियों ने इसे महज ‘लिखने की गलती’ (Clerical Error) बताकर पल्ला झाड़ लिया।

पीड़ित परिवार की प्रमुख मांगे
अस्पताल के जवाब से असंतुष्ट परिजनों ने स्वास्थ्य विभाग और संबंधित अधिकारियों को प्रार्थना पत्र देकर निम्नलिखित मांगे रखी हैं:
- CCTV फुटेज सुरक्षित करना: डिलीवरी के दौरान ओटी (OT) के बाहर, एग्जिट गेट और गलियारों की वीडियो रिकॉर्डिंग परिजनों को दिखाई जाए और सुरक्षित रखी जाए।
- DNA जांच: उस दिन अस्पताल में जन्मे सभी बच्चों और परिजनों को सौंपे गए नवजात का निष्पक्ष DNA टेस्ट कराया जाए।
- कथित वीडियो की जांच: परिजनों का दावा है कि उनके पास एक वीडियो रिकॉर्डिंग है, जिसमें अस्पताल की एक नर्स यह कहती दिख रही है कि नवजात को ओटी के बाहर से लाया गया था।
प्रशासनिक ढिलाई पर कड़ी कार्रवाई की मांग
शिकायत दर्ज कराए एक सप्ताह बीत जाने के बावजूद परिजनों का आरोप है कि उन्हें जांच को लेकर कोई ठोस जानकारी नहीं दी गई है और न ही फुटेज उपलब्ध कराई गई है। परिजनों ने मांग की है कि मामले की उच्चस्तरीय जांच कराकर यदि किसी भी स्तर पर नवजात की अदला-बदली या जानबूझकर की गई गड़बड़ी पाई जाती है, तो दोषी कर्मचारियों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।
Cricket11 hours agoIND-W vs THAI-W Dream11 Prediction Match 3: Asia Cup 2026 Pitch Report & Fantasy XI Tips
Uttarakhand9 hours agoUttarakhand Weather Alert : मौसम विभाग ने कई जिलो के लिए जारी किया ऑरेंज अलर्ट..
Cricket2 hours agoNAM vs ZIM My11 Prediction 3rd T20i Tri Series 2026: Best Dream Team, Pitch Report & Playing 11
Uttarakhand7 hours agoMussoorie News: मसूरी में बारिश का कहर, पानी वाले बैंड पर दरकी पहाड़ी, कई मकान खतरे की जद में
Cricket2 hours agoBAN-W vs INDO-W My11 Prediction Match 4 Asia Cup 26: Pitch Report, Best Dream Team & Playing 11





































