Tehri Garhwal
पांच साल बाद लंबगांव-सेरा में दोबारा शुरू हुआ राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान।

लंबगांव/टिहरी गढ़वाल – पिछले पांच साल से बंद पड़े प्रतापनगर क्षेत्र के राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) लंबगांव-सेरा का दोबारा संचालन शुरू हो गया। प्रतापनगर विधायक विक्रम सिंह नेगी ने आईटीआई का उद्घाटन किया।

विधायक ने कहा कि आईटीआई संस्थान भविष्य में तकनीकी शिक्षा और राेजगारपरक शिक्षा देने में मील का पत्थर साबित हाेगा। वर्ष 2014 में लंबगांव में आईटीआई संस्थान खाेला गया था। जिसमें वर्ष 2018 तक क्षेत्र के 56 बच्चाें ने फीटर और इलेक्ट्रिशियन ट्रेड से प्रशिक्षण प्राप्त किया। लेकिन 2018 के बाद संस्थान काे बंद कर दिया था। इससे युवाओं काे काफी दिक्कतें हुईं थीं। उन्हाेने कहा कि लंबगांव मे बीएड काॅलेज का भवन भी बनकर तैयार हाे गया है।
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रक्षाबंधन पर डाक विभाग की खास तैयारी, 26 अगस्त को भी खुले रहेंगे डाकघर

Tehri News : भाई-बहन के अटूट प्रेम और विश्वास का पर्व रक्षाबंधन नजदीक आते ही डाक विभाग ने राखियों को समय पर पहुंचाने के लिए विशेष तैयारियां शुरू कर दी हैं। दूर रह रहे भाइयों तक बहनों की राखियां समय पर पहुंच सकें, इसके लिए टिहरी मंडल के सभी डाकघरों में राखियों की डाक को प्राथमिकता के आधार पर भेजने की व्यवस्था की गई है।
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रक्षाबंधन पर डाक विभाग की खास तैयारी
टिहरी मंडल के डाकघर अधीक्षक गंगा सिंह राणा ने सभी डाकघरों के अधिकारियों और कर्मचारियों को राखियों की डाक समय पर भेजने के निर्देश दिए हैं। मंडल के 353 शाखा डाकघरों और 42 प्रधान डाकघरों में राखियों की डाक को प्राथमिकता दी जा रही है।
26 अगस्त को भी खुले रहेंगे डाकघर
रक्षाबंधन के मद्देनजर 26 अगस्त को सार्वजनिक अवकाश होने के बावजूद डाकघर खुले रहेंगे, ताकि बहनों द्वारा भेजी गई राखियां समय पर भाइयों तक पहुंचाई जा सकें। इसके साथ ही डाक विभाग की ओर से राखी भेजने वाली बहनों को डाक शुल्क में 10 प्रतिशत की विशेष छूट भी दी जा रही है।

समय रहते राखियां डाक के माध्यम से भेजने की अपील
विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे समय रहते राखियां डाक के माध्यम से भेजें, जिससे त्योहार के दिन बहन का प्यार भाई की कलाई तक पहुंच सके। राखी भेजने वाली कमला चमोली ने कहा कि रक्षाबंधन भाई-बहन के प्रेम का पवित्र त्योहार है। उन्होंने सभी भाइयों और बहनों को रक्षाबंधन की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि सभी भाइयों की लंबी उम्र और सुख-समृद्धि की कामना करती हूं।
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ग्रामोत्थान परियोजना से बदली भैंसकोटी की महिलाओं की जिंदगी, बेकरी उद्यम से बनीं आत्मनिर्भर

Tehri News : विकासखंड थौलधार के ग्राम भैंसकोटी की सात महिलाओं ने ग्रामोत्थान परियोजना के सहयोग से बेकरी उद्यम शुरू कर आत्मनिर्भरता की मिसाल पेश की है। राजेश्वरी सकलानी, गीता भट्ट, आशा देवी, रजनी, अनीता, विशिला देवी और शकुन्तला देवी ने जनवरी 2026 से बेकरी व्यवसाय शुरू किया, जिससे उन्हें हर माह करीब 50 से 60 हजार रुपये की आय हो रही है।
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ग्रामोत्थान परियोजना से बदली भैंसकोटी की महिलाओं की जिंदगी
महिलाएं दिव्य ग्राम संगठन से जुड़ी हैं। संगठन के अंतर्गत स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से संचालित इस उद्यम को ग्रामोत्थान परियोजना से 6 लाख रुपये की सहायता मिली। इसके अलावा 3 लाख रुपये बैंक ऋण और 1 लाख रुपये महिलाओं के अंशदान से कुल 10 लाख रुपये की लागत से बेकरी स्थापित की गई।
बेकरी उद्यम से बनीं आत्मनिर्भर
बेकरी में मंडुवा बिस्किट, आटा बिस्किट, मशरूम बिस्किट, फैन, बन, ब्रेड और केक जैसे उत्पाद तैयार किए जा रहे हैं। इनकी बिक्री थौलधार, कमांद, कांडीखाल और टिहरी के बाजारों में की जा रही है। महिलाओं के अनुसार व्यवसाय से करीब 30 से 40 हजार रुपये प्रतिमाह शुद्ध लाभ हो रहा है।

योजना का उद्देश्य महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ना
प्रभारी परियोजना निदेशक, जिला ग्रामीण विकास अभिकरण ज्योति ने बताया कि ग्रामोत्थान परियोजना का उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं और स्वयं सहायता समूहों को स्थानीय संसाधनों के आधार पर स्वरोजगार से जोड़ना है। भैंसकोटी की महिलाओं की सफलता इसका बेहतर उदाहरण है।
अन्य महिलाओं को भी इससे जोड़ने की तैयारी
महिलाओं ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, जिला प्रशासन और ग्रामोत्थान परियोजना की टीम का आभार जताते हुए कहा कि सरकारी सहयोग से उन्हें अपने पैरों पर खड़े होने का अवसर मिला है। अब वे अपने कारोबार को और विस्तार देने और अन्य महिलाओं को भी इससे जोड़ने की तैयारी कर रही हैं।
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टिहरी में प्रस्तावित मेडिकल कॉलेज की मांग को लेकर जनाक्रोश रैली, हजारों की संख्या में सड़कों पर उतरे लोग

Tehri News : नई टिहरी में प्रस्तावित टिहरी मेडिकल कॉलेज को नई टिहरी से गजा क्षेत्र के पिफल्टी में स्थानांतरित किए जाने की चर्चाओं से उबाल के चलते शुक्रवार को टिहरी मेडिकल कॉलेज संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले प्रदर्शन किया।
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टिहरी में प्रस्तावित मेडिकल कॉलेज की मांग को लेकर जनाक्रोश रैली
टिहरी क्षेत्र के तमाम संगठन, नागरिक मंच, जनप्रतिनिधि, मातृशक्ति, युवा, बेरोजगार, व्यापार मंडल और स्थानीय लोग भारी तादाद में सड़कों पर उतरे और जिला मुख्यालय में धरना-प्रदर्शन कर वृहत जनाक्रोश रैली निकाली।
क्षेत्रीय लोगों ने जनाक्रोश रैली निकालते हुए मेडिकल कॉलेज जिला मुख्यालय पर स्थापित करने की मांग की। कहा कि किसी भी हाल में मेडिकल कॉलेज को बाहर नहीं ले जाने देंगे, मेडिकल कॉलेज अन्यत्र ले जाने पर भारी रोष लोगों में दिखा और जनाक्रोश रैली के दौरान नई टिहरी, बौराड़ी व बीपूरम के बाजार समर्थन में पूरी तरह से बंद रहे।

हजारों की संख्या में सड़कों पर उतरे लोग
संघर्ष समिति ने चेतावनी दी मेडिकल कॉलेज को अन्यत्र ले जाने का प्रयास किया तो क्षेत्र के लोगों को मजबूरन उग्र आंदोलन को मजबूर होना पड़ेगा। वही समिति के सयोजक राकेश भूषण गोदियाल में कहा कि वर्ष 2022-23 में नई टिहरी के इणियां क्षेत्र में मेडिकल कॉलेज निर्माण की प्रक्रिया शुरू की गई थी और शासन के निर्देशों के तहत टीएचडीसी ने प्रारंभिक निर्माण संबंधी कार्रवाई भी शुरू कर दी थी।
कॉलेज को अन्यत्र स्थानांतरित करने से जनता में भारी आक्रोश
वक्ताओं ने कहा कि दो-दो मुख्यमंत्रियों की घोषणाओं के बावजूद मेडिकल कॉलेज को अन्यत्र स्थानांतरित करने से क्षेत्र की जनता में भारी आक्रोश है। नगर पालिका परिषद प्रीति पोखरियाल ने कहा की ये न तो किसी व्यक्ति का मुद्दा है और न ही किसी राजनीतिक दल का। यह पूरी तरह जनहित का मुद्दा है। इस जनहित की लड़ाई में सभी लोगों को आगे आना होगा। यह किसी एक व्यक्ति की नहीं, बल्कि पूरे शहर और जिले के हित की लड़ाई है।
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