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आयरन स्क्रैप फर्मों पर छापेमारी, 12 करोड़ रुपये का फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट फर्जीवाड़ा उजागर !

हरिद्वार: ऋषिकेश और हरिद्वार की आयरन स्क्रैप फर्मों पर राज्य कर विभाग की विशेष अन्वेषण इकाई ने छापेमारी कर 12 करोड़ रुपये के इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) फर्जीवाड़े का पर्दाफाश किया है। यह कार्रवाई अपर आयुक्त गढ़वाल जोन पीएस डुंगरियाल और संयुक्त आयुक्त अजय कुमार सिंह के नेतृत्व में पांच टीमों द्वारा की गई।
जांच में पाया गया कि कारोबारी फर्जी बिलों के माध्यम से इनपुट टैक्स क्रेडिट का लाभ उठा रहे थे। कार्रवाई के बाद, आरोपियों ने अपनी गलती स्वीकार कर 81 लाख रुपये की राशि जमा कर दी। विभाग ने संबंधित फर्मों के दस्तावेजों को जब्त कर लिया है और मामले की गहन जांच शुरू कर दी है।
अपर आयुक्त पीएस डुंगरियाल ने बताया कि फर्जीवाड़े के खिलाफ यह अभियान लगातार जारी रहेगा और जल्द ही एक करोड़ रुपये और वसूले जाएंगे। उन्होंने कहा कि जीएसटी चोरी करने वालों के खिलाफ विभाग सख्ती से कार्रवाई करेगा।
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हरिद्वार के धनोरी में कॉलेज की बिल्डिंग गिरी, मलबे में दबने से एक पीएसी जवान घायल

Haridwar News : हरिद्वार जिले के धनौरी में सोमवार को एक हादसे के बाद अफरा-तफरी मच गई। पिरान कलियर थाना क्षेत्र स्थित अमृत लॉ कॉलेज परिसर में बनी एक इमारत का हिस्सा अचानक गिर पड़ा। इस दौरान एक पीएसी जवान के मलबे में दबने की सूचना मिली, जिसके बाद पुलिस और राहत टीम ने तत्काल रेस्क्यू अभियान शुरू किया।
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हरिद्वार के धनोरी में कॉलेज की बिल्डिंग गिरी
जानकारी के मुताबिक, कानून व्यवस्था की ड्यूटी के लिए पीएसी की एक प्लाटून अमृत लॉ कॉलेज परिसर में ठहरी हुई थी। इसी दौरान पीएसी जवान आदिल कॉलेज में मौजूद थे। बताया गया कि जब वह बाथरूम इस्तेमाल करने गए, तभी अचानक इमारत का एक हिस्सा ढह गया और वह मलबे में फंस गए।
मलबे में दबने से एक पीएसी जवान घायल
घटना की जानकारी मिलते ही पिरान कलियर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक कमल मोहन भंडारी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिसकर्मियों ने तुरंत मलबा हटाने का काम शुरू किया। इसके साथ ही आपदा राहत टीम को भी घटनास्थल पर बुलाया गया।

घायल जवान को ऋषिकेश स्थित एम्स के लिए किया रेफर
रेस्क्यू टीम ने काफी मशक्कत के बाद मलबे में दबे जवान आदिल को घायल अवस्था में बाहर निकाला। इसके बाद उन्हें उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने जवान की स्थिति को देखते हुए उन्हें ऋषिकेश स्थित एम्स के लिए रेफर कर दिया।
बताया गया है कि घायल पीएसी जवान आदिल मूल रूप से पौड़ी जिले के रहने वाले हैं। हादसे के समय प्लाटून के अन्य जवान अपनी-अपनी ड्यूटी पर गए हुए थे। फिलहाल जवान की हालत नाजुक बताई जा रही है।
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हरिद्वार में बेकाबू बस का कहर, 5 वाहनों को मारी टक्कर, ऑटो चालक का हाथ कटकर अलग

Haridwar News : हरिद्वार के ज्वालापुर क्षेत्र में सोमवार को तेज रफ्तार बस के बेकाबू होने से बड़ा सड़क हादसा हो गया। दुर्गा चौक के पास अनियंत्रित बस ने सड़क किनारे खड़े एक ऑटो समेत चार कारों को जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में ऑटो चालक त्रिलोक सिंह गुसाईं गंभीर रूप से घायल हो गए।
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हरिद्वार में बेकाबू बस का कहर, 5 वाहनों को मारी टक्कर
बताया जा रहा है कि दुर्घटना दुर्गा चौक के नजदीक एक निजी अस्पताल के बाहर हुई। तेज गति से आ रही बस अचानक नियंत्रण से बाहर हो गई और अस्पताल के बाहर खड़े वाहनों से जा टकराई। बस की चपेट में एक ऑटो और चार कारें आ गईं।
ऑटो चालक का हाथ कटकर अलग
हादसे के दौरान एक कुत्ता भी बस की चपेट में आ गया, जिसकी मौके पर मौत हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि उनका एक हाथ कटकर अलग हो गया। गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें जौलीग्रांट स्थित हायर सेंटर रेफर किया गया है। दुर्घटना के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। आसपास मौजूद लोगों ने मौके पर पहुंचकर घायलों की मदद की। हादसे के कारण कुछ समय तक सड़क पर यातायात भी प्रभावित रहा।

सूचना मिलने पर ज्वालापुर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने बस चालक को हिरासत में लेने के साथ दुर्घटनाग्रस्त बस को कब्जे में ले लिया है। मामले की जांच की जा रही है।
पुलिस हादसे की वास्तविक वजह पता लगाने में जुटी
पुलिस हादसे की वास्तविक वजह पता लगाने में जुटी है। शुरुआती जानकारी में बस के अनियंत्रित होने की बात सामने आई है। वहीं, गंभीर रूप से घायल ऑटो चालक त्रिलोक सिंह गुसाईं को बेहतर इलाज के लिए जौलीग्रांट हायर सेंटर भेजा गया है।
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हरिद्वार में खुलेगा ESI मेडिकल कॉलेज, जानें मरीजों से छात्रों तक किसे होगा बड़ा फायदा ?

Haridwar News : हरिद्वार में चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में एक अहम पहल हुई है। कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ESIC) ने हरिद्वार में ESIC मेडिकल कॉलेज शुरू करने को मंजूरी दे दी है। इस मेडिकल कॉलेज में प्रत्येक बैच में 50 छात्रों को MBBS में प्रवेश दिया जाएगा। कॉलेज का संचालन हरिद्वार स्थित मौजूदा ESIC अस्पताल के बुनियादी ढांचे और उपलब्ध संसाधनों का इस्तेमाल करते हुए किया जाएगा।
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हरिद्वार में खुलेगा ESI मेडिकल कॉलेज
मेडिकल कॉलेज की स्थापना का फैसला 30 जून 2026 को नई दिल्ली में हुई ESIC की 198वीं बैठक में लिया गया था। इसी निर्णय के तहत अब हरिद्वार में मेडिकल कॉलेज शुरू करने की प्रक्रिया को मंजूरी मिली है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हरिद्वार में ESIC मेडिकल कॉलेज की स्थापना को मंजूरी मिलने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री का आभार जताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड में स्वास्थ्य सेवाओं और चिकित्सा शिक्षा को मजबूत करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।
मरीजों से छात्रों तक किसे होगा बड़ा फायदा ?
मुख्यमंत्री के अनुसार, इस मेडिकल कॉलेज के शुरू होने से राज्य में MBBS की पढ़ाई के लिए एक और संस्थान उपलब्ध होगा। इससे युवाओं के लिए चिकित्सा शिक्षा के अवसर बढ़ेंगे और क्षेत्र में स्वास्थ्य सुविधाओं को भी मजबूती मिलने की उम्मीद है।

स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार की दिशा में इसे एक महत्वपूर्ण कदम
मौजूदा ESIC अस्पताल के बुनियादी ढांचे का उपयोग करके मेडिकल कॉलेज शुरू किए जाने से पहले से उपलब्ध संसाधनों का इस्तेमाल किया जा सकेगा। इससे मेडिकल शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के बीच बेहतर तालमेल बनाने में भी मदद मिलेगी।
हरिद्वार में ESIC मेडिकल कॉलेज की शुरुआत होने के बाद क्षेत्र में चिकित्सा शिक्षा के साथ-साथ स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार की दिशा में इसे एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
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