Rudraprayag
धामों में दर्शन के लिए श्रद्वालुओं की नही हो रही भीड़ कम, 24 दिन की यात्रा में ही दिख रहा ऐसा हाल।

रुद्रप्रयाग – चारधाम यात्रा को 24 दिन का समय पूरा हो गया है। लेकिन धामों में दर्शन के लिए श्रद्वालुओं की भीड़ कम नहीं हुई है। चारधाम यात्रा प्रशासन की रिपोर्ट के अनुसार अब तक 15.67 लाख श्रद्वालु चारधामों व हेमकुंड साहिब में दर्शन कर चुके हैं। यात्रा के शुरूआती 10 दिन में जहां दर्शन करने वालों की संख्या 5.69 लाख से अधिक थी।

वहीं 14 दिन में 9.97 लाख से ज्यादा ने दर्शन किए हैं। इस बार चारधाम यात्रा 10 मई और हेमकुंड साहिब की यात्रा 25 मई से शुरू हुई। चारधाम यात्रा के शुरूआती 10 दिन में केदारनाथ, बदरीनाथ, गंगोत्री व यमुनोत्री धाम में 5.69 लाख अधिक श्रद्वालुओं ने दर्शन किए।
धामों में दर्शन के लिए भीड़ बढ़ने और यात्रा मार्गों पर घंटों जाम लगने से सरकार व प्रशासन को काफी मशक्कत करनी पड़ी। भीड़ नियंत्रित करने के लिए सरकार ने ऑफलाइन पंजीकरण पर भी रोक लगाई थी। एक जून से फिर से आफलाइन पंजीकरण खोल दिए गए। यात्रा मार्गों में अब जाम की पहली जैसी स्थिति नहीं है। लेकिन धामों में दर्शन के लिए काफी भीड़ है।
अब तक का हाल
धाम पंजीकरण दर्शन कर चुके
केदारनाथ 11.81 लाख 6,27,213
बदरीनाथ 11.06 लाख 3,79,042
गंगोत्री 6.48 लाख 2,75,210
यमुनोत्री 5.68 लाख 2,85,631
हेमकुंड साहिब 1.30 लाख 23,425
Rudraprayag
रुद्रप्रयाग में महिलाओं ने बनाए इको-फ्रेंडली अबीर गुलाल, फूलों और सब्जियों से तैयार किया जा रहा रंग
Rudraprayag News : रुद्रप्रयाग ज़िले की केदारघाटी में इस बार होली का पर्व प्रकृति और पर्यावरण संरक्षण के संदेश के साथ मनाया जा रहा है। क्षेत्र की महिलाओं ने बुरांश, फ्यूंली, हल्दी, कचनार, पालक, सरसों और मक्की सहित विभिन्न फूलों और पत्तों से 300 किलो जैविक रंग तैयार किए हैं।
Table of Contents
रुद्रप्रयाग में महिलाओं ने बनाए इको-फ्रेंडली अबीर गुलाल
रूद्रप्रयाग के जवाड़ी, कुमोली, मायकोटी, मेदनपुर और ऊखीमठ क्षेत्र के गांवों में महिला स्वयं सहायता समूहों की ओर से प्राकृतिक और हर्बल रंग तैयार किए जा रहे हैं। होली के त्योहार को देखते हुए इन रंगों की मांग बाजार में लगातार बढ़ रही है।
इन उत्पादों की बिक्री स्थानीय बाजारों के साथ-साथ जनपद मुख्यालय, विकास भवन और हिलांस आउटलेट के जरिए भी की जा रही है। उखीमठ ब्लॉक मुख्यालय में विधायक आशा नौटियाल सहित जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने इन्हीं प्राकृतिक रंगों से होली का शुभारंभ किया।
फूलों और सब्जियों से तैयार किया जा रहा रंग
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन और हिमोत्थान सोसायटी के तहत गठित आठ स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी विभिन्न गांवों की सैकड़ों महिलाएं स्थानीय उत्पादों से आजीविका मजबूत कर रही हैं। इस बार उन्होंने जैविक अबीर-गुलाल के साथ पीला, हरा, लाल, बैंगनी और मेहंदी रंग तैयार किए हैं। रंगों की कीमत 100 रुपये प्रति किलो तय की गई है।
जैविक रंगों के प्रति लोगों को किया जा रहा जागरूक
खंड विकास अधिकारी ने बताया कि रंग तैयार करने में अरारोट और मक्के के आटे का उपयोग किया गया है। लाल रंग के लिए चुकंदर और बुरांश, पीले के लिए हल्दी और फ्यूंली, हरे के लिए पालक और पुदीना का इस्तेमाल किया गया है। विभिन्न प्राकृतिक उत्पादों के मिश्रण से नारंगी और बैंगनी रंग भी बनाए गए हैं। लोगों को इन जैविक रंगों की खरीद के लिए जागरूक किया जा रहा है।
विधायक आशा नौटियाल ने कहा कि महिलाओं ने पर्यावरण संरक्षण के संदेश के साथ होली के लिए जैविक रंग तैयार किए हैं। इससे स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा मिल रहा है और महिलाओं की आर्थिक स्थिति भी मजबूत हो रही है।
Uttarakhand
Rudraprayag; पथरी की शिकायत लेकर हॉस्पिटल पहुंची 16 वर्षीय छात्रा बनी मां, दुष्कर्म की आशंका

9वीं की छात्रा की डिलीवरी से मचा हड़कंप, जांच में जुटा प्रशासन
रुद्रप्रयाग (Rudraprayag): उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिले से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है. जहाँ पर नौवीं कक्षा की एक 16 साल की किशोरी ने अस्पताल में बच्ची को जन्म दिया है. पुलिस ने POCSO एक्ट में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
मुख्य बिंदु
रुद्रप्रयाग में 16 साल की किशोरी ने बच्ची की दिया जन्म
जानकारी के मुताबिक, नाबालिग को पथरी की शिकायत थी, जिसका चेकअप करवाने वो परिजनों के साथ जिला अस्पताल रुद्रप्रयाग गई थी. चेकअप के दौरान डॉक्टर्स भी हैरान हो गए, 16 साल की ये नाबालिग गर्भवती थी. जिसके बाद डॉक्टरों ने लड़की को श्रीनगर बेस अस्पताल रेफर किया.
ये भी पढ़ें_ KOTDWAR: रिश्ते हुए शर्मसार, नाबालिग बेटी ने सौतेले पिता पर लगाए दुष्कर्म के आरोप
11 दिन बाद नवजात का हुआ नामकरण संस्कार
बेस हॉस्पिटल श्रीनगर में अल्ट्रासाउंड जांच के बाद गर्भावस्था की पुष्टि हुई, जिसके बाद नबालिग ने एक एक बच्ची कोई जन्म दिया. अस्पताल प्रबंधन ने तत्काल घटना की सूचना बाल कल्याण समिति को दी. बाल कल्याण समिति के निर्देश पर नवजात शिशु को Special Adoption Agency Rudraprayag के सुपुर्द कर दिया गया है. इसके बाद बच्ची के जन्म के 11वें दिन प्रोबेशन अधिकारी डॉ. अखिलेश मिश्रा की मौजूदगी में स्पेशल एडॉप्शन एजेंसी, बाल कल्याण समिति, वन स्टॉप सेंटर और चाइल्ड हेल्पलाइन के संयुक्त सहयोग से हिंदू रीति-रिवाजों केमुताबिक नामकरण संस्कार कराया गया.
ये भी पढ़ें_ CHAMOLI: 15 साल की किशोरी से दुष्कर्म का मामला, आरोपी गिरफ्तार
एजेंसी की देखरेख में सुरक्षित है बच्ची
स्पेशल एडॉप्शन एजेंसी के प्रबंधक पुनीत चौकियाल ने जानकारी दी कि फिलहाल बच्ची पूरी तरह सुरक्षित है और एजेंसी की देखरेख में रखी गई है. उन्होंने बताया कि लगभग दो माह बाद भारत सरकार द्वारा संचालित Central Adoption Resource Authority (CARA) पोर्टल के माध्यम से बच्ची को दत्तक देने की वैधानिक प्रक्रिया शुरू की जाएगी.
दुष्कर्म की आशंका से मामला गंभीर
दूसरी ओर, नाबालिग के साथ दुष्कर्म की आशंका के चलते मामला गंभीर बना हुआ है. अभी तक आरोपी के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी है. सूत्रों के मुताबिक पीड़िता ने अब तक कथित आरोपी का नाम उजागर नहीं किया है, जिसके कारण जांच आगे बढ़ाने में कठिनाई आ रही है.
ये भी पढ़ें_ उत्तराखंड: ऑफिस जा रही युवती से दुष्कर्म का आरोप, लिफ्ट देने के बहाने की जबरदस्ती
पॉक्सो एक्ट में मामला दर्ज करने की तैयारी
वन स्टॉप सेंटर की प्रबंधक रंजना गैरोला के मुताबिक अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. प्रशासन भी इस पूरे प्रकरण को गंभीरता से ले रहा है. यह मामला जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है और अब लोगों की नजरें पुलिस व प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई हैं.
Rudraprayag
जाम मुक्त चारधाम यात्रा की मुहिम तेज़, डीएम विशाल मिश्रा का अतिक्रमणकारियों को अल्टीमेटम जारी
RUDRAPRAYAG NEWS: उत्तराखंड में महाशिवरात्रि को केदारनाथ धाम के कपाट खुलने की तिथि की घोषणा होने के बाद जिला प्रशासन रुद्रप्रयाग ने अपनी तैयारियां तेज़ कर दी हैं. केदारनाथ यात्रा 2026 से पहले जिला प्रशासन ने अतिक्रमणकारियों को अल्टीमेटम जारी कर दिया है.
मुख्य बिंदु
केदारनाथ हाईवे पर अतिक्रमण कारियों को डीएम का अल्टीमेटम
तिलवाड़ा बाजार में अतिक्रमण को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपना लिया है. जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने केदारनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग का औचक निरीक्षण कर अतिक्रमणकारियों को तुरंत जमीन खाली करने की चेतावनी दी. मुआवजा ले चुके भू-स्वामियों को भी अंतिम नोटिस जारी किया गया है.
जिलाधिकारी ने किया तिलवारा बाजार का औचक निरिक्षण
निरीक्षण के दौरान डीएम ने सड़क चौड़ीकरण कार्य की धीमी प्रगति और सड़क किनारे पड़े मलबे पर नाराजगी जताई. उन्होंने साफ निर्देश दिए कि जिन भवनों को हटाया जा चुका है, उनका मलबा तत्काल साफ किया जाए, अन्यथा संबंधित लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का मानना है कि सड़क पर फैला मलबा और अवैध कब्जे ही जाम की बड़ी वजह बन रहे हैं.\
RUDRAPRAYAG NEWS अधिकारियों को निर्माण कार्य में तेज़ी लाने के निर्देश
इसके अलावा, राष्ट्रीय राजमार्ग अधिकारियों के साथ बैठक में चौड़ीकरण कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए गए. प्रशासन की योजना है कि खाली कराई गई भूमि का उपयोग पार्किंग, बैठने की व्यवस्था और यात्रियों की सुविधाओं के विकास के लिए किया जाएगा, ताकि यात्रा सीजन में यातायात सुचारु रह सके.
तिलवारा बाजार को बनाया जाएगा अतिक्रमण मुक्त
डीएम ने दुकानदारों को भी चेतावनी देते हुए कहा कि सड़क सीमा से बाहर सामान रखने पर चालान के साथ सख्त कार्रवाई की जाएगी. प्रशासन ने सभी विभागों को संयुक्त अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं, ताकि चारधाम यात्रा से पहले तिलवाड़ा बाजार को पूरी तरह अतिक्रमण मुक्त बनाया जा सके.
Dehradun11 hours agoसीएम धामी ने दी प्रदेशवासियों को होली की शुभकामनाएं, कहा – ये रंगों का त्योहार नहीं बल्कि सांस्कृतिक मूल्यों की जीवंत अभिव्यक्ति
Cricket19 hours agoNWD vs LIO Dream11 Prediction : सेनवेस पार्क में Dragons और Lions के बीच होगा रोमांचक मुकाबला..
Breakingnews10 hours agoराज्यपाल गुरमीत सिंह ने दी होली की बधाई, कहा- ये पर्व उमंग और आपसी प्रेम का त्यौहार
uttarakhand weather18 hours agoहोली पर उत्तराखंड में ऐसा रहेगा मौसम का मिजाज, जानें कहां होगी बारिश और कहां खिलेगी धूप ?




































