Dehradun
हनीमून ट्रिप पर मसूरी आया था नवविवाहित जोड़ा, होमस्टे में पत्नी की रहस्यमयी मौत, जाचं में जुटी पुलिस

Mussoorie News : हनीमून पर आई नवविवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत…
Mussoorie News : मसूरी-धनोल्टी मार्ग स्थित कियाना टिपरीधार क्षेत्र के एक होमस्टे में ठहरी नवविवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। इस घटना की सूचना के बाद से इलाके में सनसनी मच गई है। जानकारी पर पुलिस ने शव को अपने कब्जे में ले लिया है।
Table of Contents
हनीमून के लिए मसूरी आई नवविवाहिता की संदिग्ध मौत
दिल्ली से एक जोड़ा हनीमून के लिए मसूरी आया था। यहां वो एक होमस्टे में रूके हुए थे जहां पत्नी की संदिग्ध परिस्थियों में मौत हो गई। मिली जानकारी के मुताबिक मृतका की पहचान 27 वर्षीय पी. राधा गायत्री के रूप में हुई है, जो पूर्वी दिल्ली के शकरपुर क्षेत्र की निवासी थीं। वो अपने पति के साथ घूमने के लिए उत्तराखंड आई थीं। दंपती 13 जून को दिल्ली से ऋषिकेश पहुंचे थे और इसके बाद 14 जून की रात मसूरी-धनोल्टी मार्ग पर स्थित एक होमस्टे में रुके थे।
मृतक के मुंह से निकल रहा था खून
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक देर रात दोनों अपने कमरे में आराम करने चले गए थे। सुबह जब पति की नींद खुली तो उन्होंने पत्नी को अचेत अवस्था में पाया। बताया जा रहा है कि महिला के मुंह से खून निकल रहा था। इसके बाद तुरंत पुलिस और स्वास्थ्य विभाग को सूचना दी गई।
पुलिस मामले की जांच में जुटी
मौके पर पहुंची पुलिस ने कमरे का निरीक्षण किया, जहां कुछ खून के निशान भी मिले हैं। घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य एकत्र किए गए हैं और मामले की गहन जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस का कहना है कि मौत के कारणों का पता लगाने के लिए सभी संभावित पहलुओं की जांच की जा रही है।
नवंबर 2025 में हुई थी मृतका की शादी
जानकारी के अनुसार दोनों की शादी नवंबर 2025 में हुई थी। पति और पत्नी आईटी क्षेत्र से जुड़े हुए थे और अलग-अलग शहरों में कार्यरत थे। घटना की सूचना मृतका के परिजनों को दे दी गई है, जो उत्तराखंड पहुंच रहे हैं। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
Uttarakhand
देहरादून में देर रात बड़े पैमाने पर हुए पुलिस इंस्पेक्टरों के तबादले, यहाँ देखें पूरी सूची…

देहरादून में बड़े पैमाने पर कई थाना प्रभारियों और निरीक्षकों के हुए तबादले
देहरादून के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) प्रमेंद्र डोबाल ने जिले में कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से कई थाना प्रभारियों और निरीक्षकों के कार्यक्षेत्र में फेरबदल किया है। जारी आदेश के तहत विभिन्न कोतवाली और शाखाओं में तैनात पुलिस अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से नई जिम्मेदारियां सौंप दी गई हैं।
निरीक्षकों के तबादले की विस्तृत सूची
स्थानांतरित किए गए पुलिस निरीक्षकों और उनकी नई नियुक्तियों का विवरण इस प्रकार है:
- यशपाल सिंह बिष्ट: रिजर्व पुलिस लाइन ➔ प्रभारी निरीक्षक, कोतवाली ऋषिकेश
- कैलाश चंद्र भट्ट: प्रभारी निरीक्षक, कोतवाली ऋषिकेश ➔ प्रभारी निरीक्षक, कोतवाली नगर
- हरिओम राज चौहान: कोतवाली नगर ➔ प्रभारी, चुनाव सेल (पुलिस कार्यालय)
- राकेश गुसाईं: रिजर्व पुलिस लाइन ➔ प्रभारी निरीक्षक, कोतवाली डोईवाला
- कमल कुमार लुंठी: कोतवाली डोईवाला ➔ प्रभारी निरीक्षक, थाना रायवाला
- संतोष सिंह कुंवर: कोतवाली डालनवाला ➔ प्रभारी, शिकायत प्रकोष्ठ शाखा
- नरेंद्र सिंह गहलावत: शिकायत प्रकोष्ठ शाखा ➔ प्रभारी निरीक्षक, कोतवाली डालनवाला

एसएसपी का निर्देश: एसएसपी प्रमेंद्र डोबाल के आदेशानुसार, सभी स्थानांतरित अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वे तत्काल प्रभाव से अपनी नई तैनाती के स्थान के लिए रवाना हों और कार्यभार संभालें।
Dehradun
उत्तराखण्ड पुलिस को मिला ‘Institutional Performance Award’, बढ़ाया प्रदेश का मान

Dehradun News : उत्तराखण्ड पुलिस को वित्तीय वर्ष 2025-26 के दौरान पासपोर्ट आवेदनों के सत्यापन में उत्कृष्ट और प्रभावी कार्य निष्पादन के लिए भारत सरकार द्वारा “Institutional Performance Award for State Police” से सम्मानित किया गया है। ये प्रतिष्ठित सम्मान देशभर में पासपोर्ट आवेदनों के पुलिस सत्यापन संबंधी प्रदर्शन के आधार पर प्रदान किया गया।
Table of Contents
उत्तराखण्ड पुलिस को मिला ‘Institutional Performance Award’
नई दिल्ली स्थित विदेश मंत्रालय के जवाहरलाल नेहरू भवन में शुक्रवार को आयोजित समारोह में माननीय विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर द्वारा उत्तराखण्ड पुलिस की ओर से ए. पी. अंशुमान, अपर पुलिस महानिदेशक, प्रशासन को ये सम्मान प्रदान किया गया।
पासपोर्ट सत्यापन प्रक्रिया को सरल बानने के प्रयासों का परिणाम
पुलिस महानिदेशक दीपम सेठ ने बताया कि ये सम्मान उत्तराखण्ड पुलिस द्वारा पासपोर्ट सत्यापन प्रक्रिया को समयबद्ध, पारदर्शी और नागरिक-केंद्रित बनाने के लिए किए गए सतत प्रयासों का परिणाम है।

पुलिस मुख्यालय द्वारा सभी जनपदों में पासपोर्ट सत्यापन कार्यों की नियमित समीक्षा, तकनीकी संसाधनों के प्रभावी उपयोग व निर्धारित समय सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण सत्यापन सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया गया। जिसके फलस्वरूप उत्तराखण्ड पुलिस ने राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया।
उत्तराखण्ड पुलिस को सीएम धामी ने दी बधाई
माननीय मुख्यमंत्री उत्तराखण्ड, पुष्कर सिंह धामी ने इस उपलब्धि के लिए उत्तराखण्ड पुलिस को बधाई देते हुए कहा कि नागरिकों को गुणवत्तापूर्ण, पारदर्शी एवं समयबद्ध सेवाएं उपलब्ध कराना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। यह उपलब्धि उसी दिशा में किए जा रहे प्रयासों की सफलता का प्रतीक है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि भविष्य में भी उत्तराखण्ड पुलिस नागरिक सेवाओं के क्षेत्र में इसी प्रकार उत्कृष्ट प्रदर्शन कर राज्य का गौरव बढ़ाती रहेगी।
Dehradun
देहरादून : मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 4,400 श्रमिकों को वितरित किए 11 करोड़ रुपये

Dehradun News : मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को उत्तराखंड भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड द्वारा संचालित विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के 4400 से अधिक श्रमिक लाभार्थियों के खाते में डीबीटी के माध्यम से लगभग 11 करोड़ रुपये की धनराशि का अंतरण किया।
Table of Contents
CM धामी ने 4,400 श्रमिकों को वितरित किए 11 करोड़ रुपये
मुख्यमंत्री आवास में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बोर्ड की विवाह उपरांत सहायता, मृत्यु उपरांत अनुदान, प्रसूति सुविधा तथा शिक्षा सहायता योजनाओं के लाभाथियों के खाते में वन क्लिक के माध्यम से यह राशि वितरित की।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने श्रम विभाग को निर्देश दिए कि श्रमिक कल्याण योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए तथा विभिन्न क्षेत्रों में शिविर आयोजित कर अधिक से अधिक पात्र श्रमिकों को योजनाओं का लाभ पहुंचाया जाए। उन्होंने कहा कि श्रमिकों के कार्यस्थलों के निकट ही आवश्यक सामग्री वितरण की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, जिससे उन्हें सुविधाजनक तरीके से लाभ मिल सके।

श्रमिकों के स्वास्थ्य परीक्षण के लिए लगाएं जाएं शिविर
मुख्यमंत्री ने श्रमिकों के स्वास्थ्य परीक्षण, उनके आश्रित बच्चों की शिक्षा को प्रोत्साहन और जीवनोपयोगी सामग्री के वितरण हेतु विशेष शिविरों के आयोजन पर भी जोर दिया। उन्होंने सभी योजनाओं के संचालन में पूर्ण पारदर्शिता बनाए रखने और सूचना प्रौद्योगिकी के अधिकाधिक उपयोग के निर्देश दिए। साथ कहा कि यह सुनिश्चित किया जाए कि केवल पात्र श्रमिकों को ही योजना का लाभ मिले।
इस अवसर पर जानकारी दी गई कि बोर्ड द्वारा पिछले एक वर्ष में 24,323 श्रमिकों को विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से कुल 93 करोड़ 6 लाख रुपये की अनुदान राशि वितरित की जा चुकी है।












































