Almora
अल्मोड़ा में जंगली जानवरों की दहशत, ड्रोन और वन कर्मियों की निगरानी में हुई प्रयोगात्मक परीक्षा

Almora: वन कर्मियों की तैनाती और ड्रोन की निगरानी में छात्रों ने दी परीक्षा
मुख्य बिंदु
अल्मोड़ा (Almora): उत्तराखंड में जंगली जानवरों का आतंक इस कदर छाया हुआ है कि अब छात्रों को स्कूल जाने में भी भारी मुश्किलों का समाना करना पढ़ रहा है. ऐसा ही एक मामला अल्मोड़ा जिले से सामने आया है. जहाँ पर वन विभाग की तैनाती और ड्रोन कैमरों की निगरानी में छात्र परीक्षाएं देते हुए नजर आए.
अल्मोड़ा में वन विभाग की तैनाती में छात्रों की परीक्षाएं
अल्मोड़ा जिले में जंगली जानवरों हमलों से स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल है. इसी कड़ी में सल्ट विधानसभा क्षेत्र के टोटाम गाँव में इंटर कॉलेज के छात्रों की प्रयोगात्मक परीक्षाएं चल रही हैं. जहाँ बीते रोज वन विभाग की टीम सुबह से ही स्कूल परिसर में तैनात रही. इसके साथ ही ड्रोन कैमरे से स्कूल परिसर और आस-पास के इलाकों में कड़ी निगरानी रखी गई.
ये भी देखें _ अल्मोड़ा: क्वैराली गांव में चोरी की वारदात, शिकायत के बावजूद नहीं हुई कार्रवाई
ड्रोन से रखी गई स्कूल परिसर में नजर
वन कर्मियों की तैनाती के बीच छात्रों और स्टाफ की सुरक्षा के पुख्ता इन्तेजाम किए गए. इसके बाद छात्रों की प्रयोगात्मक परीक्षा समय पर पूरी हुई. वन कर्मियों की इस पहल के बाद शिक्षकों और अभिभावकों ने राहत की सांस ली.
शनिवार को स्कूल परिसर में तेंदुआ दिखने से दहशत
दरअसल, टोटाम इंटर कॉलेज और प्राइमरी स्कूल के पास शनिवार शाम तेंदुआ दिखने से क्षेत्र में दहशत फैल गई. सूचना पर वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर गश्त की और तेंदुए को दूर भगाने के लिए पटाखे जलाए. लेकिन बाद के दिनों में उसकी गतिविधि नजर नहीं आई, फिर भी परीक्षाओं के दौरान सुरक्षा के लिए वनकर्मी विद्यालय में तैनात रहे.
वन विभाग के मुताबिक, गांव में मादा तेंदुआ अपने तीन शावकों के साथ देखी गई है. निगरानी और पकड़ के लिए गांव में पिंजरे, ट्रैप कैमरे और ड्रोन कैमरों की मदद से लगातार नजर रखी जा रही है.
ये भी देखें _ अल्मोड़ा में बीमार को डोली से पहुंचाया अस्पताल, संकरे रास्तों पर गिरते-गिरते बची महिला, देखें वीडियो
वन विभाग की टाम आगे भी क्षेत्र में करेगी गश्त
वन विभाग की टीम की कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच विद्यार्थियों ने अपनी प्रयोगात्मक परीक्षाएं संपन्न कीं. तेंदुए के भय से लोगों को राहत दिलाने के लिए विभागीय टीम विद्यालय और गांव क्षेत्र में लगातार गश्त करती रहेगी. बीते दो दिनों से क्षेत्र में तेंदुए के दिखाई देने की कोई सूचना नहीं मिली है, जिससे ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है.
— गंगासरन, वन क्षेत्राधिकारी, मोहान रेंज
Uttarakhand
उत्तराखंड में भारी बारिश ओर बर्फ़बारी का अलर्ट, इन जिलों में आज रहेंगे स्कूल बंद

Uttarakhand School closed : इन जिलों में बारिश और बर्फ़बारी का अलर्ट, स्कूलों में रहेगा अवकाश
Uttarakhand School closed: उत्तराखंड में मौसम विभाग ने 26 जनवरी को अपने पूर्वानुमान में कई जिलों में ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी किया था। जिसके बाद बच्चों की सुरक्षा और ख़राब मौसम के मद्देनजर देहरादून, अल्मोड़ा और पिथौरागढ़ जिलों में सभी स्कूलों में अवकाश घोषित किया गया।
इन जिलों में रहेंगे स्कूल बंद
दरअसल, मौसम विभाग के जारी पूर्वानुमान में प्रदेश के कई जिलों में मौसम बिगड़ने की संभावनाएं जताई गई थी। जिसके बाद जिला प्रशासन ने बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए आंगनबाड़ी केन्द्रों समेत जिले में कक्षा 1 से लेकर 12 तक के सभी शासकीय और अशासकीय विद्यालयों में 27 जनवरी को एक दिन का अवकाश घोषित किया है।
आज 27 जनवरी को भारी बर्फ़बारी और बारिश के अलर्ट के चलते देहरादून, अल्मोड़ा और पिथौरागढ़ जिलों में छुट्टी के आदेश दिए गए हैं। जिसके आदेश ये हैं
देहरादून :

अल्मोड़ा :

Almora
अल्मोड़ा: क्वैराली गांव में चोरी की वारदात, शिकायत के बावजूद नहीं हुई कार्रवाई

ALMORA: अल्मोड़ा में चोरी के मामले में राजस्व पुलिस कर रही किनारा, पीड़ित ने प्रशासन को लिख पत्र
अल्मोड़ा (ALMORA): उत्तराखंड के अल्मोड़ा जिले के हवालबाग क्षेत्र के क्वैराली गांव में एक घर से चोरी का मामला सामने आया है। जिससे ग्रामीणों में चिंता का माहौल है। पीड़ित परिवार ने प्रशासन से मामले में जल्द कार्रवाई की मांग की है।
मुख्य बिंदु
अल्मोड़ा में चोरी के मामले में पीड़ित ने प्रशासन से लगाई गुहार
ग्राम क्वैराली निवासी नरेंद्र चौहान ने बताया कि वो 22 नवंबर को किसी रिश्तेदार की शादी समारोह में शामिल होने के लिए गांव से बाहर गए थे। दिसंबर में जब वो वापस लौटे तो घर का ताला टूटा मिला और कीमती सामान चोरी होने के साथ ही घर में तोड़-फोड़ की गई थी।
ये भी पढ़ें – अल्मोड़ा में पुलिस के हाथ लगी बड़ी कामयाबी, सल्ट में 13 लाख के गांजे के साथ 3 तस्कर गिरफ्तार
राजस्व पुलिस पर तहकीकात न करने का आरोप
घटना की जानकारी मिलते ही पीड़ित ने सबसे पहले क्षेत्रीय राजस्व निरीक्षक को सूचना दी, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद कोतवाली अल्मोड़ा से संपर्क किया गया, जहां इसे राजस्व क्षेत्र का मामला बताते हुए जिम्मेदारी से किनारा कर लिया गया।
पीड़ित ने तहसीलदार को पत्र लिख कार्रवाई की मांग की
लगातार प्रयासों के बावजूद सुनवाई न होने पर नरेंद्र चौहान ने तहसीलदार सदर अल्मोड़ा को लिखित शिकायत दी और सीपी ग्राम ऑनलाइन पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज कराई। पीड़ित ने प्रशासन से मांग की है कि चोरी के इस मामले में जल्द से जल्द जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
ये भी पढ़ें – अल्मोड़ा बस हादसे में घायलों को किया जा रहा एयरलिफ्ट, मृतकों और घायलों के नाम हुए जारी
Almora
अल्मोड़ा में अंकिता भंडारी न्याय यात्रा में उमड़ी भीड़, करन माहरा बोले- धामी सरकार की चुप्पी असहनीय

Almora News : अल्मोड़ा में कांग्रेस पार्टी द्वारा आयोजित अंकिता भंडारी न्याय यात्रा में कांग्रेसजनों, मातृशक्ति, युवाओं और बड़ी संख्या में आम नागरिकों शामिल हुए। इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
Table of Contents
अल्मोड़ा में अंकिता भंडारी न्याय यात्रा में उमड़ी भीड़
कांग्रेस ने आज अल्मोड़ा में Ankita Bhandari न्याय यात्रा निकाली। कार्यक्रम में संबोधित करते हुए कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष करन माहरा ने कहा कि ये केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि उत्तराखंड की अस्मिता, स्वाभिमान और हमारी बहन-बेटियों की इज़्ज़त के लिए उठी निर्णायक आवाज़ है। प्रदेश की जनता अब स्पष्ट रूप से कह रही है कि न्याय के साथ किसी भी तरह का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।
सरकार अगर निर्दोश है तो जांच से कैसा डर ?
Ankita Bhandari हत्याकांड में आज भी सबसे गंभीर और मूल सवाल अनुत्तरित है कि आख़िर किस ‘वीआईपी’ को बचाने के लिए सरकार ने सच्चाई पर पर्दा डाला? क्यों सरकार सीबीआई जांच से लगातार बच रही है? क्या पुष्कर सिंह धामी की कुर्सी उसी वीआईपी की बैसाखियों पर टिकी है? अगर सरकार निर्दोष है, तो निष्पक्ष जांच से डर किस बात का?

माहरा ने कहा कि भाजपा के पूर्व विधायक औरर मंत्री से जुड़ा कथित ऑडियो, जिसे उनकी ही कथित पत्नी द्वारा सार्वजनिक किया गया है, सरकार के सामने मौजूद है। उस ऑडियो में पूर्व विधायक द्वारा ‘गट्टू’ का नाम लिया जाना सरकार की कथनी और करनी पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगाता है। इतने महत्वपूर्ण संकेतों के बावजूद जांच को आगे न बढ़ाना, सत्ताधारी दल की मंशा को उजागर करता है। सरकार को और क्या सबूत चाहिए?
जब तक अंकिता को न्याय नहीं मिलता संघर्ष जारी रहेगा
करन माहरा ने कहा कि ये सरकार इसे अपनी कुर्सी बचाने की राजनीति समझ सकती है, लेकिन हमारे लिए ये हमारी बेटियों की सुरक्षा, सम्मान और न्याय का सवाल है। उत्तराखंड की जनता ने राज्य निर्माण इसलिए नहीं किया था कि रसूख़दारों को बचाने के लिए कानून को मोड़ा जाए और पीड़ित परिवार को न्याय से वंचित रखा जाए।
सत्ता का संरक्षण, जांच से पलायन और चुप्पी..ये सब जनता को स्वीकार्य नहीं हैं। कांग्रेस पार्टी स्पष्ट करती है कि जब तक अंकिता भंडारी को पूर्ण न्याय नहीं मिलता, तब तक हमारा संघर्ष जारी रहेगा।
Cricket22 hours agoZIM vs OMAN Dream11 Prediction Today – एक्सपर्ट गाइड, प्लेइंग 11, पिच रिपोर्ट और फैंटेसी टिप्स…
big news4 hours agoहरिद्वार में SSP प्रमेंद्र डोभाल ने किया बड़ा फेरबदल, 11 इंस्पेक्टर और 4 दारोगाओं के किए तबादले
Haridwar23 hours agoशारदीय कांवड़ मेला 2026 के लिए हरिद्वार पुलिस का ट्रैफिक प्लान, यहाँ देखें…
big news21 hours agoधामी राज में नौकरी की बरसात !, 4.5 साल में 28 हजार युवाओं को मिली सरकारी नौकरी की सौगात
Ramnagar4 hours agoगर्जिया देवी मंदिर अस्थायी रूप से बंद, 13 फरवरी तक श्रद्धालुओं की एंट्री पर रोक, ये है वजह
big news1 hour agoआपके बच्चे के फोन में भी है ये गेम तो हो जाएं सावधान !, एक टास्क ने ले ली तीन सगी बहनों की जान
Cricket4 hours agoRCB vs DC Dream11 Prediction – WPL फाइनल के लिए बेस्ट फैंटेसी टीम, प्लेइंग 11 और कप्तान विकल्प…
Uttarakhand23 hours agoकेदारनाथ हाईवे पर पहाड़ की अवैध कटिंग, प्रशासन की चुप्पी से उड़ी नियमों की धज्जियाँ





































