Dehradun
एक अप्रैल से कई नियमों में होगा बदलाव, आधार कार्ड से लिंक नहीं है पैन तो होगा निष्क्रिय…आम आदमी पर पड़ेगा असर।

देहरादून – 1 अप्रैल 2024 से नए वित्तीय वर्ष 2024-2025 की शुरुआत के साथ ही कई नियम बदल जाएंगे। एक अप्रैल यानी सोमवार से कुछ नियमों को लेकर कई बड़े बदलाव हो रहे हैं। इन बदलावों में पैन आधार लिंकिंग, नेशनल पेंशन सिस्टम, जीएसटी फास्ट टैग से जुड़े नियम शामिल हैं। इन बदलावों से आम आदमी पर भी असर पड़ेगा।

एक अप्रैल से नई व्यवस्था लागू हो रही है। सीए पंकज कबड़वाल कहते हैं कि आधार से पैन कार्ड को लिंक कराने के लिए कई बार मौका दिया गया है। अब तक जुर्माना जमा करने के बाद आधार कार्ड से पैन को लिंक किया जा रहा था। अब आज से यह मौका खत्म हो जा जाएगा। अगर 31 मार्च तक आधार कार्ड से पैन कार्ड लिंक नहीं है तो पैन कार्ड डिएक्टिव हो जाएगा। इसके बाद वह दोबारा एक्टिव हो पाएगा या नहीं? इसके लिए नए आदेश का इंतजार करना होगा।
सीए पंकज कबड़वाल कहते हैं कि वर्ष- 2023-24 के बजट में टैक्स जमा करने की व्यवस्था में बदलाव किया है। इसमें तीन लाख तक आय होने की स्थिति में कोई भी टैक्स नहीं देना होगा। तीन लाख से अधिक आय होने पर पांच प्रतिशत टैक्स देना होगा। इसी तरह अन्य व्यवस्था की गई है। आईटीआर जमा करने की व्यवस्था नए वित्तीय वर्ष में शुरू होगी। इसकी अंतिम तिथि 31 जुलाई होगी। इसमें अगर किसी करदाता को टैक्स जमा करने की पुरानी व्यवस्था मसलन 80सी का लाभ लेना है। मकान निर्माण के कारण आय पर होने वाली छूट, एलआईसी की किस्त पर मिलने वाली छूट आदि जो कि कुल डेढ़ लाख तक होती है, उस स्लैब को चाहते हैं तो नए आईटीआर फार्म में उसका उल्लेख करना होगा। यह न करने पर नए टैक्स की व्यवस्था बाई डिफाॅल्ट लागू हो जाएगी।
Uttarakhand
Earth Hour 2026: उत्तराखंड में 28 मार्च को एक घंटे बंद रहेंगी गैर-जरूरी लाइटें, जानिए क्या है Earth Hour

Earth Hour 2026: उत्तराखंड में पर्यावरण संरक्षण की पहल
Earth Hour 2026: उत्तराखंड शासन ने 28 मार्च 2026 को रात 8:30 बजे से 9:30 बजे तक ‘अर्थ ऑवर (Earth Hour)’ मनाने का निर्णय लिया है. इस दौरान प्रदेशवासियों से एक घंटे के लिए सभी गैर-जरूरी लाइटें एवं विद्युत उपकरण बंद रखने की अपील की गई है.
मुख्य बिंदु
क्या है Earth Hour और क्यों है खास?
‘Earth Hour’ एक वैश्विक पर्यावरणीय अभियान है, जिसका उद्देश्य लोगों को ऊर्जा संरक्षण और पर्यावरण संतुलन के प्रति जागरूक करना है. यह पहल प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण और आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है.
WWF India की पहल पर आयोजन
ये कार्यक्रम WWF India, नई दिल्ली के पत्र के क्रम में आयोजित किया जा रहा है. WWF द्वारा इस अभियान के माध्यम से दुनियाभर में लोगों को जलवायु परिवर्तन के प्रति जागरूक किया जा रहा है.
प्रदेशवासियों से की गई विशेष अपील
उत्तराखंड शासन ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वो निर्धारित समय (रात 8:30 से 9:30 बजे तक) के दौरान:
- गैर-जरूरी लाइटें बंद रखें
- विद्युत उपकरणों का उपयोग कम करें
- इस अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाएं
पर्यावरण संरक्षण की दिशा में छोटा कदम
सरकार का मानना है कि यह एक छोटा कदम होते हुए भी बड़े बदलाव की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है.इससे न सिर्फ ऊर्जा की बचत होगी, बल्कि पर्यावरण संरक्षण के प्रति जन-जागरूकता भी बढ़ेगी.
Uttarakhand
UTTARAKHAND PRE SIR: 1 अप्रैल से चलेगा सघन मैपिंग अभियान, एक क्लिक पर बुक होंगे BLO

85% मैपिंग हो चुकी है पूरी, कम मैपिंग वाले बूथ पर स्पेशल फोकस
UTTARAKHAND PRE SIR: देहरादून में अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ विजय कुमार जोगदंडे ने शुक्रवार को सचिवालय स्थित मीडिया सेंटर में प्रेस कान्फ्रेंस कर आगामी विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम (SIR) की तैयारियों और प्रगति के बारे में विस्तृत जानकारी दी।
मुख्य बिंदु
1 अप्रैल से चलेगा प्री SIR में मैपिंग का सघन अभियान
अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ जोगदंडे ने बताया कि मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ बीवीआरसी पुरुषोत्तम के निर्देशन में प्रदेश में आगामी विशेष गहन पुनरीक्षण के दृष्टिगत प्री-एसआईआर फेज में 85 प्रतिशत से अधिक मैपिंग का लक्ष्य प्राप्त कर लिया गया है। उन्होंने बताया कि आगामी अप्रैल माह से प्रदेश में और भी सघन डोर-टू-डोर अभियान चलाकर कम मैपिंग वाले बूथ पर स्पेशल फोकस करते हुए मैपिंग का कार्य पूर्ण किया जाएगा। उन्होंने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों के कम में प्रत्येक बूथ पर एब्सेंट, शिफ्टेड और डेथ (ASD) सूची तैयार की जा रही है ताकि मतदाता सूची के शुद्धिकरण कार्य और गहनता से किया जा सके।
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एक क्लिक पर अपने BLO के लिए बुक करा सकते हैं फोनकॉल
अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ विजय कुमार जोगदंडे ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग द्वारा मतदाताओं की सुविधा के लिए “बुक ए कॉल विद बीएलओ” के फीचर से मतदाता एक क्लिक पर अपने बीएलओ के साथ कॉल बुक करा सकते हैं। इसके लिए मतदाता https://voters.eci.gov.in वेबसाइट पर विजिट करके या ECI-NET मोबाइल ऐप को डाउनलोड कर अपनी कॉल बुक करा सकते हैं। कॉल बुक कराने के बाद दो दिन के भीतर बीएलओ द्वारा मतदाता से स्वयं संपर्क किया जाएगा।
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राजनैतिक दलों ने अब तक की 19 हजार BLA’S नियुक्ति
अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ विजय कुमार जोगदंडे ने राजनैतिक दलों से शत प्रतिशत बूथ लेवल एजेंट्स की नियुक्त करने का आग्रह किया है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में प्रदेश में 11733 पोलिंग बूथों के सापेक्ष सभी दलों द्वारा 19116 बीएलए की ही नियुक्ति हुई है। उन्होंने बताया कि भारतीय जनता पार्टी द्वारा 9276, कांग्रेस पार्टी द्वारा 9506, सीपीआई (एम) द्वारा 217, बीएसपी द्वारा 117 बीएलए की नियुक्ति की गई है।
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National
प्रधानमंत्री मोदी की सभी राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक, पश्चिम एशिया संकट पर होगी चर्चा

PM Modi Meeting with CMs Today: वैश्विक तनाव के बीच अहम बैठक, बड़े फैसलों की संभावना
PM Modi Meeting with CMs Today: वैश्विक तनाव के बीच अहम बैठक, बड़े फैसलों की संभावना मिडिल ईस्ट तनाव के बीच पूरे विश्व पर ईंधन की आपूर्ति का संकट बना हुआ है. भारत में भी लोगों पर इसका असर देखने को मिल रहा है, सबसे अधिक एलपीजी गैस को लेकर लोग चिंतित हैं. आज ईरान और इजराइल के मध्य इस युद्ध का 28 वां दिन है, इस बढ़ते संघर्ष का असर अब वैश्विक स्तर पर साफ दिखाई दे रहा है, खासकर तेल और LPG सप्लाई को लेकर चिंताएं तेजी से बढ़ रही हैं.
मुख्य बिंदु
प्रधानमंत्री मोदी की सभी मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक
इस युद्ध के प्रभाव से भारत भी अछूता नहीं है. यही कारण है कि आज शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सभी राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक करने जा रहे हैं. इस बैठक में मौजूदा हालात पर विस्तृत चर्चा की जाएगी. माना जा रहा है कि बैठक के बाद प्रधानमंत्री कोई बड़ा ऐलान भी कर सकते हैं.
शाम को होगी अहम बैठक
दरअसल, प्रधानमंत्री वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से मुख्यमंत्रियों से संवाद करेंगे. इस दौरान राज्यों की तैयारियों, आवश्यक योजनाओं और संकट से निपटने की रणनीतियों पर चर्चा होगी. साथ ही, भविष्य में उठाए जाने वाले कदमों पर भी विचार किया जाएगा. हालांकि, जिन पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं, उनके मुख्यमंत्री इस बैठक में शामिल नहीं होंगे.
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पहले भी दे चुके हैं चेतावनी
इससे पहले भी संसद में प्रधानमंत्री ने पश्चिम एशिया के हालात पर चिंता जताई थी. उन्होंने कोविड-19 काल का जिक्र करते हुए कहा था कि देश को संभावित संकट के लिए तैयार रहना चाहिए. प्रधानमंत्री ने कहा था कि इस युद्ध का प्रभाव लंबे समय तक बना रह सकता है, इसलिए सतर्कता जरूरी है.
केंद्र और राज्यों के समन्वय पर जोर
इसी के साथ प्रधानमंत्री ने राज्यों से सहयोग की अपील भी की है. उन्होंने कहा कि जैसे कोरोना काल में केंद्र और राज्यों ने मिलकर बेहतर प्रबंधन किया था, वैसे ही इस बार भी सामूहिक प्रयास जरूरी होंगे. स्पष्ट है कि इस बैठक का मुख्य उद्देश्य एकजुट होकर स्थिति से निपटना है. खबरों के मुताबिक, इस बैठक में कई अहम निर्णय लिए जा सकते हैं. यही नहीं, बैठक के बाद शाम तक प्रधानमंत्री द्वारा बड़े ऐलान की संभावना भी जताई जा रही है। ऐसे में पूरे देश की नजर इस मीटिंग पर टिकी हुई है.
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क्या दोबारा लगेगा लॉकडाउन ?
वहीँ दूसरी ओर प्रधानमंत्री द्वारा संसद में दिए गए भाषण में कोरोना का जिक्र करते ही देशभर में एक नई बहस शुरू हो गई है. कई लोग कयास लगा रहे हैं की देश में कोरोना काल के जैसे ही लोकडाउन लग सकता है. हालांकि इस बात की सरकार की तरफ से कोई भी अधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है. केन्द्रीय मंत्री हरदीप पुरी ने इन बातों को सिरे से ख़ारिज करते हुए कहा कि सरकार अभी इस दिशा में कुछ नहीं सोच रही है. आज की इस बैठक के बाद बड़ा फैसला आने की उम्मीद है.
किन मुद्दों पर होगी चर्चा?
संभावना है कि इस बैठक में कई अहम मुद्दों पर बातचीत हो सकती . उदाहरण के तौर पर—
- बाजार में कालाबाजारी को रोकना
- आम जनता में घबराहट फैलने से बचाना
- सही और प्रमाणिक जानकारी का प्रसार
- आवश्यक वस्तुओं की सप्लाई सुनिश्चित करना
मिडिल ईस्ट में बढ़ता तनाव पैदा कर सकता है आर्थिक संकट
आज की इस बैठक पर देश भर के लोगों की नजर टिकी रहेगी. अब देखन ये होगा कि अगर मिडिल ईस्ट में संघर्ष इसी तरह से जारी रहेगा तो आगे सरकार क्या फैसला लेगी. एलपीजी, खाद्य सामग्री और ईंधन पर सरकार क्या निर्णय लेती है. इस युद्ध से विश्व भर में एक बड़ी आर्थिक मंदी के संकेत भी बड़ रहे हैं. इससे दुनिया भर में शेयर बाजार की स्थिति में बभी लगातार भारी गिरावट की संभावनाएं जताई जा रही हैं.
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