big news
Pauri news : पहाड़ में हड़कंप !, जंगली जानवरों के आतंक से बदलना पड़ा स्कूल टाइम

Pauri news : पौड़ी गढ़वाल जिले से बड़ी खबर सामने आ रही है। जहां जंगली जानवरों के आतंक से लोग इतने परेशान हैं कि इसके चलते स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों का समय ही बदलना पड़ा है। शासन ने इसके आदेश जारी कर दिए हैं।
Table of Contents
Pauri news : जंगली जानवरों के आतंक से बदलना पड़ा स्कूल टाइम
पौड़ी जिलें में वन्यजीव संवेदनशीलता को देखते हुए जिले के विद्यालयों व आंगनबाड़ी केंद्रों के समय में अस्थायी परिवर्तन किया गया है। जिलाधिकारी पौड़ी स्वाति भदौरिया ने आपदा प्रबंधन अधिनियम–2005 की धारा 34(ड) के तहत आदेश जारी किया है।
सुबह 9.15 से पहले नहीं खुलेंगे स्कूल
पौड़ी गढ़वाल जिले के सभी शासकीय, अर्द्धशासकीय, निजी विद्यालय और आंगनबाड़ी केंद्र दिसंबर माह में प्रात 9:15 बजे से पहले और दोपहर तीन बजे के बाद संचालित नहीं होंगे। किसी भी विद्यालय या आंगनबाड़ी केंद्र में उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित के विरुद्ध आपदा प्रबंधन अधिनियम–2005 के प्रावधानों के तहत आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।

Pauri News FAQs: जंगली जानवरों के आतंक से बदले स्कूल और आंगनबाड़ी के समय
1. पौड़ी गढ़वाल में स्कूलों का समय क्यों बदला गया?
जिले में जंगली जानवरों की बढ़ती गतिविधियों और वन्यजीव संवेदनशीलता को देखते हुए छात्रों और स्टाफ की सुरक्षा के लिए समय बदला गया है।
2. नया स्कूल टाइम क्या है?
दिसंबर माह में सभी विद्यालय और आंगनबाड़ी केंद्र सुबह 9:15 बजे से पहले नहीं खुलेंगे और दोपहर 3 बजे के बाद नहीं चलेंगे।
3. यह आदेश किन स्कूलों पर लागू होगा?
यह आदेश सरकारी, अर्द्धशासकीय, निजी स्कूलों और सभी आंगनबाड़ी केंद्रों पर लागू है।
4. आदेश किसने जारी किया है?
जिलाधिकारी पौड़ी, स्वाति भदौरिया ने यह आदेश आपदा प्रबंधन अधिनियम–2005 की धारा 34(ड) के तहत जारी किया है।
5. ये बदलाव अस्थायी है या स्थायी?
यह एक अस्थायी बदलाव है और दिसंबर माह के लिए लागू किया गया है। आगे की स्थिति देखकर निर्णय लिया जाएगा।
6. अगर कोई स्कूल नियम का उल्लंघन करता है तो क्या होगा?
उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित स्कूल या आंगनबाड़ी केंद्र के खिलाफ आपदा प्रबंधन अधिनियम–2005 के तहत कार्रवाई की जाएगी।
7. क्या ये परिवर्तन पूरे जिले में लागू है?
हाँ, पौड़ी गढ़वाल जिले के सभी क्षेत्रों में यह आदेश लागू है।
8. लोगों में डर क्यों बढ़ा है?
हाल के दिनों में जंगली जानवरों की बढ़ी आवाजाही, हमलों की घटनाएं और खतरे की आशंका की वजह से स्थानीय लोग परेशान हैं।
9. क्या यह आदेश बच्चों की सुरक्षा के लिए है?
हाँ, आदेश का मुख्य उद्देश्य बच्चों की सुरक्षा, विशेषकर सुबह–शाम के समय वन्यजीवों की सक्रियता के दौरान, सुनिश्चित करना है।
10. क्या आंगनबाड़ी केंद्रों का समय भी बदला गया है?
हाँ, सभी आंगनबाड़ी केंद्र भी नए समय (9:15 AM–3 PM) के अनुसार चलेंगे।
big news
उत्तराखंड में अब मिलावटखोरों की खैर नहीं, हर महीने एक हफ्ते का चलेगा विशेष अभियान

Uttarakhand News : उत्तराखंड में अब जनस्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने वाले मिलावटखोरों पर धामी सरकार का शिकंजा अब और कसेगा। मिलावटखोरी करने वालों के खिलाफ प्रदेश में हर महीने विशेष अभियान चलाया जाएगा।
Table of Contents
उत्तराखंड में अब मिलावटखोरों की खैर नहीं
उत्तराखंड में अब त्यौहारों के समय ही नहीं, बल्कि हर माह में एक सप्ताह खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता जांचने के लिए विशेष अभियान चलेगा। इसके अलावा, खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशाासन विभाग में स्टाफ की कमी को भी दूर किया जाएगा। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि जन स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने वालों को कतई बख्शा न जाए।
हर महीने एक हफ्ते का चलेगा विशेष अभियान
विधानसभा के बजट सत्र के चौथे दिन बृहस्पतिवार को सरकार ने साफ किया कि खाद्य पदार्थों की जांच का काम तेजी से चल रहा है। इसकी गति और तेज की जाएगी। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री डॉ धन सिंह रावत ने कहा कि हाट-मेलों में बिकने वाले खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को खास तौर पर चेक किया जाएगा।

दो सालों में की गई इतनी खाद्य पदार्थों की जांचें
वर्ष 2023-24 -इस वर्ष में खाद्य पदार्थों के कुल 1627 नमूने लिए गए, जिसमें से 171 फेल हुए। इसके आधार पर 171 वाद पंजीकृत कराए गए।
वर्ष 2024-25 -इस वर्ष में खाद्य पदार्थों के 1684 नमूने लिए गए, जिसमें से 159 फेल हुए। इस आधार पर 159 वाद दायर किए गए।
खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की कमी भी होगी दूर
प्रदेश में वर्तमान में 28 खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की कमी है। इन पदों पर नियुक्ति के लिए सरकार ने लोक सेवा आयोग को अधियाचन भेजा है। सरकार का कहना है कि आयोग से भर्ती प्रक्रिया में यदि देर होती है, तो प्रतिनियुक्ति के जरिये भी इन पदों को भरने का प्रयास किया जाएगा।
चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री डाॅ धन सिंह रावत ने कहा कि खाद्य सुरक्षा अधिकारियों के खाली पदों को जल्द से जल्द भरने के लिए सरकार प्रयासरत है। उन्होंने यह भी बताया कि देहरादून में टेस्टिंग लैब का कार्य 31 मार्च 2026 तक पूरा हो जाएगा।
big news
कुपोषण शब्द को लेकर अमर्यादित भाषा विवाद ने पकड़ा जोर, विधायक काजी निजामुद्दीन ने आंकड़ों के साथ सरकार को घेरा

Uttarakhand Politics : सदन में अमर्यादित भाषा विवाद कुपोषण पर सियासत जोर पकड़ते हुए नजर आ रही है। विवादित टिप्पणी पर कांग्रेस विधायक काजी निजामुद्दीन ने आंकड़ों के साथ सरकार को घेरा है।
Table of Contents
कुपोषण शब्द को लेकर अमर्यादित भाषा विवाद ने पकड़ा जोर
विधानसभा के बजट सत्र के तीसरे दिन सदन के भीतर ससंदीय कार्यमंत्री द्वारा अमर्यादित भाषा के प्रयोग को लेकर अब विवाद गहराता जा रहा है। बता दें कि सवाल के जवाब देने के दौरान आवाज ना आने पर कांग्रेस विधायक काजी निजामुद्दीन द्वारा कहा गया कि जनता तो कुपोषित है ही क्या अब मंत्री भी कुपोषित हो गए हैं जिस पर संसदीय कार्यमंत्री द्वारा अमर्यादित भाषा का प्रयोग किया गया था।

विधायक काजी निजामुद्दीन ने आंकड़ों के साथ सरकार को घेरा
ससंदीय कार्यमंत्री द्वारा अमर्यादित भाषा के प्रयोग मामले में कांग्रेस विधायक काजी निजामुद्दीन ने कहा है कि हाल ही में सरकार द्वारा जारी आर्थिक सर्वेक्षण की रिपोर्ट के 329वें पेज पर कुपोषित बच्चों की संख्या करीब तीन गुना बड़ी है।
उत्तराखंड में 2998 बच्चे हैं कुपोषित
साल 2022 में जहां 932 बच्चे कुपोषित थे तो वहीं 2026 में ये आंकड़ा बढ़कर 2998 पहुंच गया है। उन्होंने केंद्र सरकार का हवाला देते हुए कहा कि संसद में एक रिपोर्ट सामने आई है कि उत्तराखंड में 5 साल से कम उम्र के 25% बच्चे कुपोषित हैं। जबकि 15 से 49 साल की 56% महिलाएं कुपोषित बताई गई हैं।
big news
अच्छी खबर : उत्तराखंड के हर ब्लाक में बनेंगे मिनी स्टेडियम, बजट में धामी सरकार ने किया है प्रावधान

Uttarakhand News: प्रदेश के खिलाड़ियों के लिए अच्छी खबर है। प्रदेश में अब हर ब्लॉक में मिनी स्टेडियम बनाए जाएंगे। इसके लिए इस बार धामी सरकार ने बजट में प्रावधान किए हैं।
Table of Contents
उत्तराखंड के हर ब्लाक में बनेंगे मिनी स्टेडियम
38 वें राष्ट्रीय खेलों के भव्य आयोजन के बाद प्रदेश की धामी सरकार जमीनी स्तर पर खेल सुविधाओं के और विस्तार में जुट गई है। इस क्रम में प्रदेश के हर ब्लाक में अब मिनी स्टेडियमों का निर्माण किया जाएगा। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को बजट सत्र के तीसरे दिन सदन को ये जानकारी दी। उन्होंने बताया कि हर ब्लाक में मिनी स्टेडियम के निर्माण के लिए वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट में प्रावधान किया गया है।
प्रदेश में हुआ अंतरराष्ट्रीय स्तर का आधारभूत खेल ढांचा विकसित
वर्ष 2025 में उत्तराखंड ने न सिर्फ 38 वें राष्ट्रीय खेलों की सफल मेजबानी की थी, बल्कि 103 पदक जीतकर इस स्तर के आयोजन में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन भी किया था। इस आयोजन ने उत्तराखंड को खेलभूमि के रूप में भी पहचान दी। इस आयोजन के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर का आधारभूत खेल ढांचा विकसित किया गया।
लेगेसी पॉलिसी बनाकर सरकार ने इस खेल ढांचे का इस्तेमाल एकेडमी के तौर पर करने का निर्णय लिया है। ताकि खेल प्रतिभाओं को उचित प्रशिक्षण प्राप्त हो सके। इस संबंध में शासन स्तर पर कार्यवाही चल रही है।

एक करोड़ 70 लाख की लागत से बनेगा एक मिनी स्टेडियम
अब वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट में हर ब्लाक में मिनी स्टेडियम के निर्माण के लिए प्रावधान कर दिए जाने को भी अहम माना जा रहा है। बुधवार को प्रश्नकाल में जब खेल मंत्री रेखा आर्या पर्वतीय क्षेत्रों में खेल मैदान और मिनी स्टेडियम से संबंधित सवाल का जवाब दे रही थीं।
तब मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सदन को ये अहम जानकारी दी। खेल मंत्री रेखा आर्या के अनुसार-पर्वतीय क्षेत्र में मिनी स्टेडियम के लिए 1.18 एकड़ भूमि की आवश्यकता होती है। इसके निर्माण के लिए एक करोड़ 70 लाख रूपये दिए जाने का प्रावधान है।
Cricket18 hours agoरॉयल राइडर पंजाब बनाम इंडिया टाईगर्स : बेस्ट टीम, पिच रिपोर्ट और ड्रीम 11 टिप्स…
Cricket9 hours agoवेस्टर्न ऑस्ट्रेलिया बनाम एसीटी मीटियौर्स
Haridwar17 hours agoहरिद्वार में 15 फीट गहरे गड्ढे में गिरा गुलदार, वन विभाग की टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद किया रेस्क्यू
big news19 hours agoUttarakhand Budget Session LIVE : बजट सत्र का चौथा दिन आज, सीएम धामी ने दिए सत्र की अवधि बढ़ाने के संकेत
Cricket19 hours agoTIT vs KZL Dream11 Prediction 16वां मैच , CSA Provincial One-Day Challenge 2026..
big news14 hours agoकुपोषण शब्द को लेकर अमर्यादित भाषा विवाद ने पकड़ा जोर, विधायक काजी निजामुद्दीन ने आंकड़ों के साथ सरकार को घेरा
big news18 hours agoअच्छी खबर : उत्तराखंड के हर ब्लाक में बनेंगे मिनी स्टेडियम, बजट में धामी सरकार ने किया है प्रावधान
big news13 hours agoउत्तराखंड में अब मिलावटखोरों की खैर नहीं, हर महीने एक हफ्ते का चलेगा विशेष अभियान






































