Dehradun
चारधाम यात्रा के लिए ग्रीन कार्ड का आंकड़ा 23 हजार पार, टैक्सी के लिए सबसे ज्यादा जारी हुए कार्ड…विभाग कर चुका करोड़ों की कमाई।

देहरादून – चारधाम यात्रा के लिए ग्रीन कार्ड का आंकड़ा 23 हजार पार हो गया है। टैक्सी के लिए सबसे ज्यादा ग्रीन कार्ड जारी हुए हैं। इससे परिवहन विभाग एक करोड़ से ऊपर की कमाई कर चुका है। संयुक्त परिवहन आयुक्त सनत कुमार सिंह ने बताया, चारधाम यात्रा के लिए चार अप्रैल से ग्रीनकार्ड बनाने का काम शुरू हुआ था। बताया, अब तक 23,662 ग्रीनकार्ड बन चुके हैं। इनमें बसों के 2,557, मिनी बसों के 3,665, मैक्सी कैब के 5,481, टैक्सी कैब के 11,959 ग्रीन कार्ड शामिल हैं। परिवहन विभाग को इन ग्रीन कार्ड से अब तक एक करोड़ 19 लाख 12 हजार 150 रुपये शुल्क प्राप्त हो चुका है।

बताया, अब तक 17,986 ट्रिप कार्ड जारी किए जा चुके हैं। भद्रकाली, ब्रह्मपुरी, कुठालगेट व बाड़वाला चेकपोस्ट पर अब तक 11,142 वाहनों को चेक किया गया है, जिनमें से 600 वाहनों का विभिन्न अभियोगों में चालान किया गया है। प्रवर्तन दलों ने यात्रा मार्गों पर 18,176 वाहनों का चेक किया, जिनमें से 1,822 के चालान किए गए हैं।
संयुक्त रोटेशन की 1,533 बसों के माध्यम से 48,485 यात्रियों, परिवहन निगम की 163 बसों के माध्यम से 5,252 यात्रियों को मिलाकर कुल 1,696 बसों से 53,737 यात्रियों को यात्रा पर भेजा गया है। सोनप्रयाग से गौरीकुंड परिवहन शटल सेवा से अब तक 2,263 वाहनों के 34,965 फेरों के माध्यम से 2,83,340 यात्रियों को यात्रा पर भेजा गया है। उन्होंने बताया, संयुक्त रोटेशन ने 2,033 बसों और परिवहन निगम ने 125 बसों की व्यवस्था की है। इसके अलावा करीब 300 बसों का संचालन हरिद्वार से यात्रा के लिए किया जा रहा है।
20 हजार श्रद्धालुओं ने किए बदरीनाथ धाम के दर्शन
बदरीनाथ (चमोली)। बदरीनाथ धाम में यात्रियों के आने का सिलसिला बना हुआ है। बुधवार को धाम में 20,180 श्रद्धालु दर्शनों के लिए पहुंचे। धाम में अभी तक 1,78,521 श्रद्धालु पहुंच चुके हैं। भीड़ अधिक होने के चलते श्रद्धालुओं को दर्शन के लिए लंबी लाइन में लगना पड़ रहा है। सुबह से शाम तक धाम में यात्रियों की चहल-पहल बनी हुई है।
बदरीनाथ धाम मंदिर परिसर में बुधवार को रील और वीडियो बनाना 15 लोगों को भारी पड़ गया। पुलिस ने सभी का चालान कर दिया और आठ घंटे तक उनके मोबाइल जब्त रखे। कहा, यदि स्थिति नहीं संभली तो रील और वीडियो बनाने वालों के विरुद्ध मुकदमा भी दर्ज किया जाएगा। प्रदेश सरकार ने चारोंधामों में मंदिर परिसर में 50 मीटर के दायरे में रील बनाने और वीडियोग्राफी पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाया हुआ है। बुधवार को बदरीनाथ मंदिर परिसर में मोबाइल से रील और वीडियो बनाने हुए पुलिस ने 15 यात्रियों को पकड़ा।
पुलिस के मुताबिक, सभी अलग-अलग जगह से धाम में आए हुए हैं। पुलिस ने सभी के मोबाइल जब्त कर लिए। करीब आठ घंटे बाद पुलिस ने सबका चालान किया और मोबाइल लौटा दिए। बदरीनाथ कोतवाली के कोतवाल नवनीत भंडारी ने बताया, मंदिर परिसर में रील बनाने वालों में कोलकाता, आंध्र प्रदेश, गुजरात, मध्यप्रदेश और उत्तर प्रदेश के साथ ही अन्य क्षेत्रों के यात्री शामिल थे।
बताया, सभी का 500-500 रुपये का चालान किया गया है। उन्होंने सख्त हिदायत दी कि मंदिर परिसर के आसपास वीडियोग्राफी न करें। कहा, यदि स्थिति नहीं संभली तो रील और वीडियो बनाने वालों के विरुद्ध मुकदमा भी दर्ज किया जाएगा।
Uttarakhand
मंच पर भावुक हुई गीता धामी, कहा मुख्यमंत्री धामी ने चार सालों में नहीं ली एक भी छुट्टी

Uttarayani Kauthik Mahotsav 2026: समापन समारोह पर पहुंचे सीएम धामी
मुख्य बिंदु
Uttarayani Kauthik Mahotsav 2026: उत्तराखंड की राजधानी देहरादून के परेड ग्राउंड में चार दिवसीय उत्तरायणी कौथिक महोत्सव का आयोजन हुआ. ये आयोजन सेवा संकल्प फाउंडेशन की ओर से आयोजित किया गया था . इस महोत्सव में उत्तराखंड की संस्कृति और लोक गीतों ने समां बांधा, इसके साथ ही महोत्सव में बड़ी संख्या में लोगों ने हिस्सा लिया. पहली बार इस तरह का आयोजन देहरादून में आयोजित किया गया है. जिसमें प्रदेश के हर कोने की संस्कृति नजर आई.
जनता को संबोधित करते समय भावुक हुई गीता धामी
समापन समारोह के दौरान GEETA DHAMI ने जनता को संबोधित किया. संबोधन के दौरान गीता धामी भावुक हो गई. दरअसल, वो मातृशक्ति के बारे में बात कर रही थी. इस दौरान उन्होंने देश की कई महान वीरांगनाओं का जिक्र किया. उन्होंने कहा कि अगर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की माता विशना देवी न होती और वो परिवार की देखभाल न करती तो आज वो इस पद पर ना होते.

पुष्कर धामी ने परिवार से पहले राज्य को दी प्राथमिकता
इसी दौरान उन्होंने कहा की प्रदेश के मुख्य सेवक पुष्कर सिंह धामी ने परिवार के लिए एक दिन भी नहीं निकाला. चार साल से लगातार प्रदेश की सेवा में लग रहे. उन्होंने अपने कार्यकाल के दौरान कई कड़े नियम बनाए. 26 हजार से अधिक युवाओं को नौकरी दी, नकल विरोधी कानून बनाया. फिर भी उन पर झूठे आरोप लगाए जा रहे हैं.
सीएम पर लगाए जा रहे बेबुनियाद आरोप
GEETA DHAMI ने संबोधन के दौरान कहा कि कुछ लोग आरोप लगा रहे हैं कि पुष्कर सिंह धामी धर्म के खिलाफ UCC लाए और लिव इन रिलेशन को मान्यता दी. जबकि धामी ने कोई नई मान्यता नहीं दी. लिव-इन रिलेशनशिप को मान्यता सुप्रीम कोर्ट और हाई कोर्ट पहले ही दे चुके हैं. धामी ने सिर्फ उसके लिए नियम बनाए.
पुष्कर सिंह धामी हैं धर्म के रक्षक
गीता धामी ने कहा पुष्कर सिंह धामी को धर्म रक्षक के नाम से जाना जाता है. आज पूरे प्रदेश में बहने खुद को धामी की लाई गई योजनाओं से सशक्त बना रहीं हैं. फिर भी कुछ लोग उन पर कई तरह के आरोप लगाकर भ्रम फैला रहे हैं.
Dehradun
बड़ी खबर ! भोजन माताओं, आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का जल्द बढ़ सकता है वेतन

उत्तराखंड में भोजन माताओं, आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का मानदेय बढ़ाने की तैयारी
Anganwadi workers salary: प्रदेश भर की भोजन माताओं और आशा कार्यकर्ताओं के लिए अच्छी खबर है. सरकार जल्द ही उनके मानदेय में बढ़ोतरी कर सकती है. उत्तराखंड में वर्तमान में 24000 भोजन माताएं कार्यरत हैं. जबकि 12000 आशा कार्यकर्ता और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की संख्या 40 हजार से अधिक है.
मुख्य बिंदु
Anganwadi workers salary: सरकार जल्द ले सकती है मानदेय बढ़ाने का फैसला
उत्तराखंड में भोजन माताओं, आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को जल्द ही खुशखबरी मिल सकती है. शिक्षा, स्वास्थ्य और महिला सशक्तीकरण एवं बाल विभाग इस सम्बन्ध में शासन को प्रस्ताव भेज चुके हैं. इसके आलावा मध्य क्षेत्र परिषद की पिछले दिनों छत्तीसगढ़ में हुई बैठक में भी उत्तराखंड सरकार की ओर से आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का मानदेय बढ़ाने का प्रस्ताव रखा गया था.
प्रदेश में 24 हजार भोजन माताएं कार्यरत
प्रदेश में पीएम पोषण योजना के तहत लगभग 24 हजार भोजन माताएं सेवाएं दे रही हैं. वर्तमान में उन्हें हर महीने तीन हजार रुपये वेतन मिलता है, जिसमें केंद्र सरकार का 900 रुपये और राज्यांश के रूप में 100 रुपये शामिल हैं, जबकि शेष दो हजार रुपये राज्य सरकार अलग से देती है. लेकिन बढ़ती महंगाई के बीच ये राशि अपर्याप्त मानी जा रही है, जिसे लेकर लंबे समय से मानदेय बढ़ाने की मांग उठ रही है.
ये भी पढ़ें- उत्तराखंड : आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को सौगात, अब रिटायरमेंट पर मिलेंगे 4 लाख
आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को मिलेगी खुशखबरी
इसके अलावा प्रदेश में 40 हजार से अधिक आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाएं भी कार्यरत हैं, जो काफी समय से मानदेय वृद्धि की मांग कर रही हैं. फिलहाल इन्हें केंद्र सरकार की ओर से 4500 रुपये और राज्य सरकार की ओर से हर महीने 4800 रुपये का मानदेय दिया जा रहा है. अब राज्य सरकार इन कर्मचारियों के मानदेय में बढ़ोतरी पर गंभीरता से विचार कर रही है, ताकि उनके कार्य को सम्मानजनक आर्थिक सहयोग मिल सके.
विभाग शासन को भेज चुका है रिपोर्ट
इसी कड़ी में सरकार ने प्रमुख सचिव आरके सुधांशु की अध्यक्षता में एक कमेटी का गठन किया है. महिला सशक्तीकरण एवं बाल विकास विभाग के निदेशक बंशीलाल राणा के मुताबिक, विभाग अपनी रिपोर्ट शासन को सौंप चुका है, जिसमें केंद्र और राज्य सरकार की ओर से दिए जा रहे मानदेय का पूरा विवरण शामिल है. विभागीय अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और भोजन माताओं के साथ-साथ प्रदेश में कार्यरत करीब 12 हजार आशा कार्यकर्ताओं के मानदेय में भी वृद्धि किए जाने की दिशा में फैसला लिया जा सकता है.
Dehradun
उत्तरायणी कौथिक महोत्सव 2026 का भव्य समापन, सीएम धामी ने प्रेरक व्यक्तियों को किया सम्मानित

Dehradun News : सेवा संकल्प फाउंडेशन द्वारा परेड ग्राउंड, देहरादून में आयोजित 4 दिवसीय उत्तरायणी कौथिक महोत्सव 2026 के समापन समारोह में रविवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग किया।
Table of Contents
उत्तरायणी कौथिक महोत्सव 2026 का भव्य समापन
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तरायणी कौथिक महोत्सव–2026 के सफल आयोजन पर सेवा संकल्प फाउंडेशन को बधाई देते हुए कहा कि यह महोत्सव उत्तराखंड की आत्मा, संस्कृति और परंपराओं का जीवंत प्रतिबिंब है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन नई पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ने का कार्य करते हैं और लोक संस्कृति के संरक्षण व संवर्धन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
सीएम ने कहा कि उत्तरायणी कौथिक जैसे सांस्कृतिक उत्सव न केवल प्रदेश की पहचान को राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मजबूत करते हैं, बल्कि स्थानीय कलाकारों, शिल्पकारों और उत्पादों को भी एक सशक्त मंच प्रदान करते हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार उत्तराखंड की लोकसंस्कृति, भाषा, परंपराओं और स्थानीय उत्पादों के संरक्षण एवं प्रचार-प्रसार के लिए निरंतर कार्य कर रही है और भविष्य में भी ऐसे आयोजनों को हर संभव सहयोग देती रहेगी।
हर क्षेत्र हमारी बालिकाएं, महिलाएं आगे – पद्म भूषण कोश्यारी
पद्म भूषण भगत सिंह कोश्यारी ने उत्तरायणी कौथिक महोत्सव के सफल आयोजन पर शुभकामनाएं देते हुए कहा कि सभी लोगों का राज्य की संस्कृति के प्रति बड़ा प्रेम है। हमारे राज्य की परंपराओ के प्रति प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का विशेष प्रेम है। हर क्षेत्र हमारी बालिकाएं, महिलाएं आगे हैं। हमारी मातृशक्ति निरंतर देश प्रदेश को आगे बढ़ा रही हैं।

अध्यक्ष केन्द्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड पद्मश्री प्रसून जोशी ने कहा कि हमारे उत्तराखंड की संस्कृति बांसुरी की तरह है, जिससे सुनने के लिए शांति की आवश्यकता है। पूरे विश्व में जो शोर है, उसमें उत्तराखंड की संस्कृति “बांसुरी” की तरह शांत है। उन्होंने कहा हमने अपनी भाषा को बचाना है, और इसके लिए बड़े तौर पर प्रयास करने होंगे। उन्होंने कहा निर्णयों से हम तस्वीर बदल सकते हैं। हमने भाषा को बचाने का निर्णय लेना होगा। उन्होंने कहा कि मातृ भाषा पर गर्व करना बेहद जरूरी है।
कौथिक के माध्यम से पूरे राज्य की संस्कृति आई एक मंच पर
सेवा संकल्प फाउंडेशन की फाउंडर ट्रस्टी गीता धामी ने कहा कि बीते 4 दिनों से इस महोत्सव के माध्यम से उत्तराखंड की लोक संस्कृति को जीवंत रखने का कार्य किया गया है। इस महोत्सव में उत्तराखंड की समृद्ध लोक संस्कृति, पारंपरिक उत्पाद, जीवनशैली को सुंदर रूप में प्रस्तुत किया गया। उन्होंने कहा इस महोत्सव का शुभारंभ शंखनाद से हुआ था। इस कार्यक्रम का सफल आयोजन सभी की मेहनत का फल है।
गीता धामी ने कहा कि उत्तरायणी कौथिक में पूरे राज्य से लोग आए। ये मात्र संस्था का नहीं बल्कि पूरे राज्य का आयोजन है। जिसमें पूरे राज्य से लोगों ने प्रतिभाग किया है। हमने इस कौथिक के माध्यम से पूरे राज्य की संस्कृति एक मंच पर दिखाया। उन्होंने कहा युवा पीड़ी को इतिहास से जोड़ते हुए उनका भविष्य बनाना है। उन्होंने कहा हमने अपने भविष्य को अपनी जड़ों से जोड़े रखना है।
आधुनिकता के साथ संस्कृति का संरक्षण भी बेहद जरूरी
गीता धामी ने कहा कि आधुनिकता के साथ संस्कृति का संरक्षण भी बेहद जरूरी है। जब तक संस्कृति जीवित है, तब तक हमारी पहचान और सम्मान है। हमारी सनातन संस्कृति ही सबसे पुरातन संस्कृति है। हमें गर्व है कि हम उत्तराखंड और भारत के लोग हैं। उन्होंने सभी से उत्तराखंड के स्थानीय उत्पादों की अधिक से अधिक खरीदारी करने की बात कही। उन्होंने कहा जिससे हम राज्य के अर्थव्यवस्था को बढ़ा सके और उत्तराखंड को आत्मनिर्भर उत्तराखंड बनाएं।
गीता धामी ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में प्रदेश ने विकास की नई ऊंचाइयों को छुआ है। मुख्यमंत्री के नेतृत्व में राज्य में सबसे पहले समान नागरिक संहिता लागू हुआ, सख्त नकल विरोधी लागू कर हजारों लोगों को रोजगार दिया है। आज उत्तराखंड नए आयाम स्थापित कर रहा है।

मुख्यमंत्री ने उत्कृष्ट कार्य करने वालों को किया सम्मानित
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री ने विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले लोगों को सम्मानित किया। सम्मानित व्यक्तियों ने अपने कार्यों से समाज में प्रेरणा और उदाहरण पेश किया है। इस अवसर पर महावीर लाल, अनुश्रिया गुलाटी, मनमोहन भारद्वाज, शशि थपलियाल, पुष्पा देवी, कन्हैया सिंह, संजना मंडल, अपर्णा पनेरू, चम्पा पांगती और राजमती देवी को सम्मानित किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसे सम्मान समाज में सकारात्मक बदलाव लाने वाले लोगों को प्रोत्साहित करते हैं।
उत्तरायणी महोत्सव में लोकगीतों ने मचाई धूम
उत्तराखंड की समृद्ध लोक संस्कृति को जीवंत करते हुए उत्तरायणी कौथिक महोत्सव में इन्दर आर्या, बी.के सामंत मनमोहन बटकोरा, रेशमा शाह और अरविंद राणा के लोकगीतों ने उपस्थित जनसमूह का मन मोह लिया। उनकी स्वर और गायन की मधुर प्रस्तुति पर लोग झूम उठे और नाचने लगे।
उत्तरायणी कौथिक महोत्सव में सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ-साथ सामाजिक जागरूकता से जुड़े आयोजनों ने भी लोगों का ध्यान आकर्षित किया। महोत्सव के दौरान नशा मुक्ति अभियान के तहत जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें लोगों को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जानकारी दी गई। सी.आई.एम.एस कॉलेज के छात्रों द्वारा ड्रग्स अब्यूज़ विषय पर प्रस्तुत नुक्कड़ नाटक ने दर्शकों को तक सामाजिक संदेश को प्रभावी ढंग से पहुंचाया।
Cricket11 hours agoOman vs ZIM Dream11 Prediction : आईसीसी टी20 विश्व कप 2026 8वां मैच (9-2-2026)
Cricket5 hours agoSA vs CAN Dream11 Prediction – आज का मैच, फैंटेसी टीम, पिच रिपोर्ट, प्लेइंग 11 और पूरी जानकारी…
uttarakhand weather6 hours agoउत्तराखंड में आज से बदलेगा मौसम का मिजाज, इन इलाकों में होगी बारिश और बर्फबारी
Dehradun5 hours agoउत्तरायणी कौथिक महोत्सव 2026 का भव्य समापन, सीएम धामी ने प्रेरक व्यक्तियों को किया सम्मानित
Haridwar4 hours agoशारदीय कांवड़ यात्रा को लेकर गंगा घाटों पर सुरक्षा के कड़े प्रबंध, 9 जोन और 19 सेक्टरों में बांटा गया मेला क्षेत्र
big news23 hours agoविधानसभा चुनावों से पहले बीजेपी ने तेज की तैयारियां, कांग्रेस समेत कई दलों के कार्यकर्ताओं ने थामा BJP का दामन
Uttarakhand24 hours agoस्वामी दर्शन भारती का आरोप, अंकिता हत्याकांड की आड़ में स्वार्थी देवभूमि का माहौल कर रहे खराब
Uttarkashi4 hours agoउत्तरकाशी के सीमांत गांवों के लिए उम्मीद की किरण, नेलांग और जादुंग गांव को दोबारा बसाने की तैयारी तेज





































