Uttarakhand
युवा कांग्रेस के 470 नए पदाधिकारियों ने ग्रहण किया पदभार, ब्लॉक से लेकर जिला स्तर तक नए चेहरों को मिली जिम्मेदारी

Uttarakhand Politics : चुनाव के लिए महज कुछ ही महीने बाकी है, ऐसे में कांग्रेस ने अपने आप को अभी से ही फिल्टर करना शुरू कर दिया है। खासतौर पर कांग्रेस ने युवाओं पर जोर दिया है। युवा कांग्रेस में नए-नए चेहरों को ब्लॉक से लेकर जिला स्तर पर पदाधिकारी बनाया है, वही प्रदेश स्तर पर भी नए लोगों को अध्यक्ष से लेकर अलग-अलग पदों की जिम्मेदारी दी है।
Table of Contents
युवा कांग्रेस के 470 नए पदाधिकारियों ने ग्रहण किया पदभार
उत्तराखंड युवा कांग्रेस के 470 नए पदाधिकारियों ने पदभार ग्रहण किया। इस मौके पर युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदयभान चिब भी मौजूद रहे।
कार्यक्रम में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल, पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत, चुनाव प्रचार समिति अध्यक्ष प्रीतम सिंह, चुनाव प्रबंधन समिति अध्यक्ष हरक सिंह रावत, विधायक आदेश चौहान, समेत कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। नव नियुक्त प्रदेश अध्यक्ष विशाल भोजक के नेतृत्व में पूरी टीम ने संगठन को मजबूत करने और आगामी चुनावों की तैयारी का संकल्प लिया।

ब्लॉक से लेकर जिला स्तर तक नए चेहरों को मिली जिम्मेदारी
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने कहा कि युवा कांग्रेस पूरे देश में प्रभावी है लेकिन नई टीम नए जोश और जज्बे के साथ काम करती है। चुनाव प्रबंधन समिति के प्रदेश अध्यक्ष हरक सिंह रावत ने कहा कि समाज में युवाओं की एक ऐसी कड़ी है जो बड़ा बदलाव ला सकती है यही उम्मीद युवा कांग्रेस से है।
प्रदेश की जनता के बीच जाएगी युवा कांग्रेस
नव नियुक्त अध्यक्ष विशाल भोजक ने कहा कि उनके सामने एक चुनौतियां बहुत हैं लेकिन मौजूदा सरकार ने युवाओं के साथ छलावा किया है इन तमाम विषयों को युवा कांग्रेस प्रदेश की जनता के सामने रखेगी। जिससे भाजपा की पोल खुलेगी।
big news
पुरानी पेंशन बहाली की मांग को लेकर सड़कों पर उतरे कर्मचारी, कलेक्ट्रेट के गेट पर ताला जड़कर किया प्रदर्शन

Udham Singh Nagar : उत्तराखंड में एक बार फिर से पुरानी पेंशन बहाली की मांग तेजी से उठने लगी है। इसे लेकर आज उधम सिंह नगर में कर्मचारी और विभिन्न संगठनों के लोगों ने प्रदर्शन किया।
Table of Contents
रानी पेंशन बहाली की मांग को लेकर सड़कों पर उतरे लोग
उधम सिंह नगर में पुरानी पेंशन बहाली की मांग को लेकर शिक्षक, कर्मचारी और विभिन्न संगठनों से जुड़े लोग सड़कों पर उतर (OPS Protest) आए। नेशनल मूवमेंट फॉर ओल्ड पेंशन स्कीम के बैनर तले आयोजित इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया।
NMOPS के बैनर तले कर्मचारियों ने किया प्रदर्शन
उधम सिंह नगर में आज बड़ी संख्या में शिक्षक, कर्मचारी और विभिन्न विभागों के लोग एकत्र हुए, जहां पुरानी पेंशन बहाली को लेकर आंदोलन तेज होता नजर आया।

नेशनल मूवमेंट फॉर ओल्ड पेंशन स्कीम (NMOPS) के बैनर तले कर्मचारियों ने प्रदर्शन (OPS Protest) करते हुए सरकार के सामने अपनी मांगों को दोहराया और पुरानी पेंशन व्यवस्था लागू करने की अपील की।
एक कर्मचारी ने साइकिल चलाकर दिया खास संदेश
इस दौरान एक अलग पहल भी देखने को मिली, जहां एक कर्मचारी ने साइकिल चलाकर अपनी मांग को सरकार तक पहुंचाने का प्रयास किया। सितारगंज से रुद्रपुर तक मोहित तिवारी ने साइकिल यात्रा कर लोगों और प्रशासन का ध्यान इस मुद्दे की ओर खींचने का प्रयास किया।
Roorkee
महाराष्ट्र में तरबूज खाने से 4 की मौत, उत्तराखंड में एक्शन में खाद्य विभाग, यहां मंडी में ताबड़तोड़ छापेमारी

Roorkee News :महाराष्ट्र में तरबूज खाने के बाद एक ही परिवार के कई लोगों की मौत की घटना सामने आई है। जिसके बाद उत्तराखंड का खाद्य सुरक्षा विभाग अलर्ट मोड में आ गया है।
Table of Contents
तरबूज खाने से 4 की मौत के बाद एक्शन में खाद्य विभाग
महराष्ट्र से सामने आए मामले के बाद उत्तराखंड में भी प्रशासन एक्शन मोड में देखने को मिल रहा है। महराष्ट्र में तरबूज खाने के बाद चार लोगों की मौत के बाद उत्तराखंड में खाद्य विभाग अलर्ट मोड में है। खाद्य आयुक्त सचिन कुर्वे के निर्देश पर रुड़की कृषि मंडी में तड़के छापेमारी कर फलों की जांच की गई।
रूड़की में मंडी पर ताबड़तोड़ छापेमारी
खाद्य उपायुक्त गढ़वाल आर.एस. रावत के नेतृत्व में पहुंची टीम ने मंडी में तरबूज, खरबूजा, पपीता और केले की गहन जांच की। इस दौरान कई दुकानों और गोदामों से फलों के सैंपल लेकर लैब परीक्षण के लिए भेजे गए। जांच के दौरान एक गोदाम से संदिग्ध केमिकल भी बरामद हुआ। जिसका इस्तेमाल फलों को कृत्रिम रूप से पकाने में किया जा रहा था।

व्यापारियों को विभाग ने जारी किए नोटिस
छापेमारी में यह भी सामने आया कि कई व्यापारियों के पास फलों को पकाने से संबंधित वैध लाइसेंस तक मौजूद नहीं था। ऐसे व्यापारियों को विभाग की ओर से नोटिस जारी कर 10 दिन के भीतर जवाब देने के निर्देश दिए गए हैं। जवाब संतोषजनक नहीं मिलने पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
खाद्य विभाग ने आम लोगों से की अपील
खाद्य विभाग ने आम लोगों से अपील की है कि बाजार में जरूरत से ज्यादा चमकदार और असामान्य रूप से पके हुए फल खरीदने से बचें। विभाग का कहना है कि जनता की सेहत से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ ये अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।
Dehradun
मानसून अलर्ट ! देहरादून में नदी किनारे बसने वालों के लिए बड़ा खतरा , NDMA की बड़ी चेतावनी

Dehradun News : देहरादून के लिए मानसून सीजन के लिए अलर्ट जारी, नदी किनारे बसने वालों के लिए बड़ी चेतावनी
Dehradun News : जून के अंत तक उत्तराखंड में मानसून दस्तक देने वाला है। इसे देखते हुए शासन स्तर पर तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। इसी बीच एनडीएमए की देहरादून के लिए बड़ी चेतावनी सामने आई है।
Table of Contents
जून के अंत तक उत्तराखंड में मानसून देगा दस्तक
उत्तराखंड में इस साल जून के अंत तक मानसून की दस्तक हो सकती है। हर साल मानसून के दौरान प्रदेश में आपदाएं बड़ी चुनौती बनती हैं, जिससे जान-माल का भारी नुकसान होता है। खासकर नदी किनारे बसे लोग सबसे ज्यादा प्रभावित होते हैं। इस बीच एनडीएमए के सदस्य डॉ. दिनेश कुमार असवाल का बड़ा बयान सामने आया है।
देहरादून में नदी किनारे बसने वालों के लिए बड़ा खतरा
देहरादून स्थित वाडिया इंस्टीट्यूट ऑफ हिमालयन जियोलॉजी में “हिमालयन डिजास्टर” विषय पर आयोजित कार्यशाला में डॉ. असवाल ने कहा कि नदी किनारे रहना बेहद खतरनाक है। उन्होंने यहां तक कहा कि ऐसे स्थानों पर दीवारों पर लिख देना चाहिए—“यहां मौत फ्री में मिलने वाली है।” उनका कहना है कि बिना वैज्ञानिक प्लानिंग के नदी किनारे निर्माण आपदा को न्योता देता है।

उन्होंने यह भी कहा कि नदियों का अपना एक फ्लड पैटर्न होता है, जिसे HFL (हाइएस्ट फ्लड लेवल) के आधार पर चिन्हित करना जरूरी है। इसके बिना सुरक्षित लैंड यूज प्लानिंग संभव नहीं है।
देहरादून के लिए NDMA की बड़ी चेतावनी
वाडिया इंस्टीट्यूट के डायरेक्टर डॉ. विनीत कुमार गहलोत ने कहा कि जोखिम के बावजूद लोग मजबूरी में नदी किनारे बसते हैं, जिसमें गरीबी एक बड़ा कारण है। देहरादून की रिस्पना और बिंदाल नदी के किनारे ऐसी स्थिति साफ देखी जा सकती है।
सरकार स्तर पर प्रयास जारी हैं, लेकिन बड़ा सवाल यही है कि क्या मानसून से पहले नदी किनारे बसे लोगों को सुरक्षित स्थानों पर बसाने के लिए ठोस नीति बन पाएगी, या फिर हर साल की तरह इस बार भी आपदा का खतरा बरकरार रहेगा।
Dehradun6 hours agoमानसून अलर्ट ! देहरादून में नदी किनारे बसने वालों के लिए बड़ा खतरा , NDMA की बड़ी चेतावनी
big news8 hours agoनैनीताल में प्राइवेट स्कूलों की मनमानी के खिलाफ कार्रवाई, 17 स्कूलों को नोटिस जारी, 15 दिन का अल्टीमेटम
uttarakhand weather9 hours agoसावधान, उत्तराखंड में अगले 48 घंटे भारी, बारिश, ओलावृष्टि व तूफान की चेतावनी, मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट
Roorkee4 hours agoमहाराष्ट्र में तरबूज खाने से 4 की मौत, उत्तराखंड में एक्शन में खाद्य विभाग, यहां मंडी में ताबड़तोड़ छापेमारी
big news1 hour agoपुरानी पेंशन बहाली की मांग को लेकर सड़कों पर उतरे कर्मचारी, कलेक्ट्रेट के गेट पर ताला जड़कर किया प्रदर्शन






































