Dehradun
मुख्यमंत्री धामी ने सरदार पटेल की जयंती पर ‘रन फॉर यूनिटी’ में लिया भाग…

देहरादून – मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सरदार बल्लभ भाई पटेल के जन्म दिवस के उपलक्ष्य में पवेलियन ग्राउंड देहरादून के ओपन रन फॉर यूनिटी क्रॉस कंट्री दौड़ में प्रतिभाग किया।

मुख्यमंत्री ने एक भारत, श्रेष्ठ भारत की भावना को साकार करने वाले, राष्ट्र के महानायक, लौह पुरुष, भारत रत्न सरदार वल्लभभाई पटेल को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि उन्होंने अपने जीवन का प्रत्येक क्षण देश की एकता और अखंडता के लिए समर्पित कर दिया, उनका संपूर्ण जीवन हमें राष्ट्र सेवा की प्रेरणा प्रदान करता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि “रन फॉर यूनिटी” का आयोजन हर वर्ष 31 अक्टूबर को सरदार पटेल जी की जयंती पर ही होता है। इस वर्ष उनकी जयंती के साथ दीपावली का संयोग होने के कारण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने ‘मन की बात’ कार्यक्रम में यह घोषणा की थी कि इस बार ‘रन फॉर यूनिटी’ का आयोजन 29 अक्टूबर को किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सरदार पटेल ने अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति, दूरदर्शिता, और अटूट समर्पण के माध्यम से अखंड भारत का सपना साकार किया। 560 से अधिक रियासतों को एक सूत्र में पिरोकर भारत को एक सशक्त राष्ट्र बनाया, और हमें एक ऐसा भारत दिया जिसमें विविधता के बावजूद एकता की भावना है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि विस्तृत एवं एकीकृत भारत के निर्माण में देश के पहले उप-प्रधानमंत्री और गृह मंत्री के रूप में सरदार पटेल की कूटनीति व दूरदर्शिता का स्वतंत्र भारत के इतिहास में भी बहुत महत्वपूर्ण योगदान है। अपने अद्वितीय संकल्पशक्ति और दूरदर्शिता से आधुनिक भारत का निर्माण करने वाले लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल जी द्वारा देश को एक सूत्र में पिरोने के लिए किए गए महान योगदान के लिए देश का प्रत्येक नागरिक सदैव उनका ऋणी रहेगा। इस ‘रन फॉर यूनिटी’ का आयोजन इसी उद्देश्य से किया गया है कि प्रत्येक नागरिक के भीतर ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ की भावना को जागृत हो। युनिटी और इंटेग्रीटी की भावना केवल एक विचार नहीं, बल्कि प्रत्येक भारतीय का परम कर्तव्य है। यह एक सामान्य दौड़ नहीं, बल्कि यह हमारे देश की एकता और अखंडता को मजबूती प्रदान करने का एक माध्यम भी है।
इस अवसर पर केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा, विधायक खजान दास, विशेष प्रमुख सचिव खेल अमित सिन्हा, निदेशक खेल प्रशांत आर्य, खेल विभाग के अन्य अधिकारी एवं अनेक प्रतिभागी उपस्थित थे।
Breakingnews
देहरादून में विवाहिता की संदिग्ध मौत, पिता ने पति-सास और ननद पर लगाए गंभीर आरोप

Dehradun News : देहरादून में दहेज प्रताड़ना से जुड़ा एक गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि ननद की शादी के लिए एक लाख रुपये की मांग पूरी नहीं होने पर विवाहिता को लगातार प्रताड़ित किया गया। इसके बाद विवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। अब मृतका के पिता की शिकायत पर पुलिस ने पति, सास और ननद के खिलाफ दहेज हत्या समेत संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।
Table of Contents
देहरादून में विवाहिता की संदिग्ध मौत
मामला देहरादून का है। आगरा के अछनेरा क्षेत्र के साधन गांव निवासी महेश ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उनकी बेटी रचना की शादी 22 अप्रैल 2024 को देहरादून निवासी संजय के साथ हुई थी। आरोप है कि शादी के बाद से ही पति दहेज को लेकर रचना को परेशान करने लगा था। यहां तक कि एक बार प्रेस से उसका हाथ भी जला दिया गया था।
पिता ने पति-सास और ननद पर लगाए गंभीर आरोप
महेश के मुताबिक, 25 अगस्त को रक्षाबंधन के अवसर पर रचना मायके आई थी। ससुराल लौटने के बाद उसने फोन पर बताया कि उसका पति संजय अपनी बहन पूजा की शादी के लिए एक लाख रुपये मांग रहा है। पिता ने आर्थिक स्थिति ठीक नहीं होने की बात कही तो आरोप है कि इसके बाद पति, सास नीतू देवी और ननद पूजा ने रचना को प्रताड़ित करना शुरू कर दिया।
पुलिस ने पति, सास और ननद के खिलाफ दर्ज किया मुकदमा
परिजनों के अनुसार, 24 अक्टूबर की रात करीब एक से डेढ़ बजे के बीच पुलिस ने फोन कर रचना की मौत की सूचना दी। जब पिता देहरादून पहुंचे, तब तक बेटी का पोस्टमार्टम कराया जा चुका था। इसके बाद उन्होंने ससुराल पक्ष के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए पुलिस को तहरीर दी।
सीओ नितिन लोहानी के अनुसार, पुलिस ने एक नवंबर की रात पति संजय, सास नीतू देवी और ननद पूजा के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है। मामले की जांच की जा रही है।
Dehradun
CM धामी का पंचायत प्रतिनिधियों को बड़ा तोहफा, कर दीं 4 बड़ी घोषणाएं

Uttarakhand News : सीएम पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को मुख्य सेवक सदन में आयोजित उत्तराखंड प्रमुख संगठन सम्मेलन-2026 में हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने क्षेत्र पंचायतों को मजबूत बनाने और पंचायत प्रतिनिधियों की समस्याओं के समाधान के लिए चार अहम घोषणाएं कीं।
Table of Contents
CM धामी का पंचायत प्रतिनिधियों को बड़ा तोहफा
मुख्यमंत्री ने क्षेत्र पंचायत निधि को दोबारा शुरू करने, क्षेत्र पंचायत प्रतिनिधियों के मानदेय और भत्तों में बढ़ोतरी के लिए कार्रवाई करने की बात कही। इसके अलावा राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन की विकासखंड स्तरीय समिति में ब्लॉक प्रमुख को शामिल करने और ग्रामीण क्षेत्रों को नगरीय क्षेत्र में शामिल करने से पहले संबंधित ग्राम पंचायत से विचार-विमर्श करने की घोषणा की।

सीएम धामी ने की 4 बड़ी घोषणाएं
मुख्यमंत्री ने कहा कि ब्लॉक प्रमुख और पंचायत प्रतिनिधि सरकार और जनता के बीच महत्वपूर्ण कड़ी हैं। वे अपने क्षेत्रों की समस्याओं और जरूरतों को बेहतर तरीके से जानते हैं। सड़क, पेयजल, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसी बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाने में उनकी अहम भूमिका रहती है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि पंचायत प्रतिनिधियों के सुझावों और समस्याओं पर संबंधित विभागों के साथ चर्चा कर सकारात्मक कदम उठाए जाएंगे।
Dehradun
कांग्रेस नेता सोनिया आनंद पर धोखाधड़ी का आरोप, इंसाफ के लिए SSP के दर पहुंचे बुजुर्ग

Dehradun News : देहरादून के प्रेमनगर थाना क्षेत्र के कंडोली में मकान की खरीद-फरोख्त को लेकर कथित धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। पीड़ित हरिओम सहगल ने जसवीर कौर, आनंद और सोनिया आनंद पर मकान खरीदने के दौरान तय रकम का भुगतान नहीं करने और दिए गए चेक बाउंस होने का आरोप लगाया है। शिकायत के बाद एसएसपी देहरादून प्रमेंद्र डोभाल ने मामले की जांच एसपी सिटी को सौंपी है।
Table of Contents
कांग्रेस नेता सोनिया आनंद पर धोखाधड़ी का आरोप
पीड़ित हरिओम सहगल के मुताबिक, उन्होंने आर्थिक मजबूरी के चलते 21 जून 2021 को खुड़बुड़ा मोहल्ले स्थित अपना मकान जसबीर कौर आनंद उर्फ सोनिया आनंद को बेचा था। उनका आरोप है कि रजिस्ट्री के दिन ही आरोपियों ने उनकी जेब से कुछ चेक निकाल लिए और भुगतान के लिए जो चेक दिए गए, वे बाद में बाउंस हो गए।
इंसाफ के लिए SSP के दर पहुंचे बुजुर्ग
पीड़ित का कहना है कि उन्होंने इस मामले में कानूनी कार्रवाई शुरू की, लेकिन आरोपी पक्ष कथित तौर पर अदालत में पेश नहीं हुआ। इसके बाद वर्ष 2024 में सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर मामला देहरादून स्थानांतरित किया गया। शिकायत में यह आरोप भी लगाया गया है कि सोनिया आनंद रावत के अलग-अलग बैंकों में तीन अलग-अलग नामों से खाते संचालित हैं।

MDDA की सील तोड़ने और मकान पर कब्जे का आरोप
हरिओम सहगल ने आरोप लगाया कि 30 जनवरी 2022 को पूर्व मंत्री के कथित संरक्षण में कुछ लोगों ने उन्हें जबरन मकान से बाहर निकाल दिया और भवन पर कब्जा कर लिया। उनका यह भी दावा है कि जिस भवन को वर्ष 2018 में मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण (MDDA) ने सील किया था, उसकी सील भी अवैध रूप से तोड़ी गई।
uttarakhand weather13 hours agoउत्तराखंड में आज 5 जिलों में बारिश-बर्फबारी की संभावना, घाटियों में कोहरा छाने की संभावना
Haridwar11 hours agoएक साल तक बेटी के साथ करता रहा अश्लील हरकतें, मां की शिकायत पर पिता गिरफ्तार
Breakingnews10 hours agoदेहरादून में विवाहिता की संदिग्ध मौत, पिता ने पति-सास और ननद पर लगाए गंभीर आरोप
Breakingnews7 hours agoबागेश्वर में रिश्तों का कत्ल, भतीजे ने चाचा-चाची की हत्या की, डबल मर्डर से इलाके में मची सनसनी







































