Rudraprayag
केदारनाथ धाम जाने के लिए प्रशासन ने खोज निकाला गया रास्ता, सुरक्षित और 2km छोटा है मार्ग।

केदारनाथ – केदारनाथ धाम जाने के लिए अब स्थानीय प्रशासन ने एक नया रास्ता खोज निकाला है। यह नया मार्ग चौमासी गांव से होकर गुजरता है, जो गुप्तकाशी से कालीमठ से 25km आगे 2100 मीटर ऊंचाई पर स्थित है।

बता दे कि 31 जुलाई को केदारनाथ से 6 किलोमीटर पहले भीमबली में बादल फटने के कारण 15000 लोग फंस गए थे जिनका 7 दिन तक रेस्क्यू किया गया…ओर सभी सुरक्षित बाहर निकाला।
इस घटना के बाद से रुद्रप्रयाग जिला प्रशासन ने नए रास्ते की खोज के लिए एक टीम का गठन किया था। जो पिछली 9 अगस्त को चौमासी के लिए रवाना हुई थी…. और वैकल्पिक रास्ता तलाश कर वापस लौट आई है। हालांकि अभी रिपोर्ट शासन को नहीं भेजी गई है… टीम के एक एक्सपर्ट ने बताया है कि चौमासी मार्ग पर भूस्खलन का खतरा नहीं है क्योंकि यह मार्ग पहाड़ी नालों से दूर है और इसका अधिकांश हिस्सा बुग्याल यानी घास के मैदानों से होकर गुजरता है। भूस्खलन जैसे हालात इस रूट पर देखने को नहीं मिलेंगे।
Breakingnews
बड़ी खबर : सुबह-सुबह रूद्रप्रयाग में भूकंप के तेज झटकों से डोली धरती, घरों से बाहर निकले लोग

Rudraprayag Earthquake : रूद्रप्रयाग में भूकंप से डोली धरती, 5.02 रही तीव्रता
Rudraprayag Earthquake : शनिवार सुबह-सुबह रूद्रप्रयाग में भूकंप के तेज झटकों से धरती डोल उठी। भूकंप के झंटके महसूस होते ही लोगों में दहशत मच गई और लोग अपने-अपने घरों से बाहर निकल आए।
Table of Contents
सुबह-सुबह रूद्रप्रयाग में भूकंप के तेज झटकों से डोली धरती
शनिवार सुबह उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिले में भूकंप के तेज झटके (Rudraprayag Earthquake) महसूस किए गए। झटकों के कारण क्षेत्र में लोगों के बीच हलचल मच गई।
कई लोग एहतियात के तौर पर अपने घरों और इमारतों से बाहर निकल आए। हालांकि, शुरुआती जानकारी के अनुसार किसी बड़े नुकसान या हताहत की खबर सामने नहीं आई है।

रिक्टर पैमाने पर 5.02 रही तीव्रता
बता दें कि रिक्टर पैमाने पर भूकंप (Rudraprayag Earthquake) की तीव्रता 5.02 रही। राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र से मिली जानकारी मुताबिक रूद्रप्रयाग जिले में भूकंप के झटके सुबह 5:13:17 बजे महसूस किए गए।
भूकंप का केंद्र रुद्रप्रयाग से करीब 10 किलोमीटर पूर्व में था। जबकि इसकी गहराई जमीन से 15 किलोमीटर नीचे बताई जा रही है।
Kedarnath
KEDARNATH HELI TICKET BOOKING 2026: 10 अप्रैल से शुरू होगी ऑनलाइन बुकिंग, जानें पूरा प्रोसेस स्टेप-बाय-स्टेप

Kedarnath Heli Yatra 2026: ऑनलाइन टिकट बुकिंग 10 अप्रैल से, जानें नियम और प्रोसेस
KEDARNATH HELI TICKET BOOKING 2026: उत्तराखंड के विश्व प्रसिद्ध तीर्थ स्थल केदारनाथ धाम जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए एक बड़ी और महत्वपूर्ण खबर सामने आई है। इस वर्ष चारधाम यात्रा को सुगम बनाने के लिए हेली सेवा की ऑनलाइन बुकिंग 10 अप्रैल 2026 से शुरू की जा रही है। श्रद्धालु अपनी सीट केवल आधिकारिक पोर्टल IRCTC के हेलीयात्रा प्लेटफॉर्म heliyatra.irctc.co.in के माध्यम से ही बुक कर सकेंगे।
मुख्य बिंदु
केवल IRCTC की वेबसाइट से ही बुक करें टिकेट
सरकार और प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यात्रियों को किसी भी फर्जी वेबसाइट या एजेंट से बचना चाहिए और केवल आधिकारिक पोर्टल पर ही बुकिंग करनी चाहिए। केदारनाथ धाम तक पहुंचने के लिए कई श्रद्धालु हेलीकॉप्टर सेवा का उपयोग करते हैं, खासकर बुजुर्ग, दिव्यांग और समय की कमी वाले यात्री। यह सेवा फाटा, सिरसी और गुप्तकाशी जैसे हेलीपैड्स से संचालित होती है।
ये भी पढ़ें – चारधाम यात्रा के लिए ग्रीन कार्ड बनने हुए शुरू, इसके बिना नहीं मिलेगी एंट्री, जानें कैसे बनेंगे Green Card
केदारनाथ हेली बुकिंग कब से शुरू होगी?
- ऑनलाइन बुकिंग शुरू: 10 अप्रैल 2026
- यात्रा सीजन: आमतौर पर मई से शुरू (मंदिर कपाट खुलने के बाद)
KEDARNATH HELI TICKET BOOKING PROCESS
1. आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं
सबसे पहले अपने ब्राउज़र में जाकर heliyatra.irctc.co.in खोलें।
2. रजिस्ट्रेशन करें
- नए यूजर को पहले अपना अकाउंट बनाना होगा
- नाम, मोबाइल नंबर, ईमेल और पहचान पत्र (Aadhaar/ID) की जानकारी भरें
3. लॉगिन करें
- रजिस्ट्रेशन के बाद यूजर आईडी और पासवर्ड से लॉगिन करें
4. यात्रा की डिटेल भरें
- यात्रा की तिथि चुनें
- हेलीपैड (फाटा/सिरसी/गुप्तकाशी) का चयन करें
- यात्रियों की संख्या दर्ज करें
5. स्लॉट और फ्लाइट चुनें
- उपलब्ध समय स्लॉट में से अपनी सुविधा के अनुसार फ्लाइट चुनें
6. दस्तावेज अपलोड करें
- सभी यात्रियों के वैध पहचान पत्र अपलोड करना अनिवार्य है
7. भुगतान करें
- ऑनलाइन पेमेंट (UPI, Debit/Credit Card, Net Banking) के माध्यम से भुगतान करें
8. टिकट डाउनलोड करें
- सफल भुगतान के बाद ई-टिकट डाउनलोड करें और उसका प्रिंट रखें
जरूरी निर्देश (Important Guidelines)
- केवल आधिकारिक वेबसाइट IRCTC पर ही बुकिंग करें
- किसी एजेंट या थर्ड पार्टी वेबसाइट पर भरोसा न करें
- यात्रा के दौरान पहचान पत्र साथ रखना अनिवार्य है
- मौसम खराब होने पर उड़ान रद्द हो सकती है
- समय से पहले हेलीपैड पर पहुंचें
KEDARNATH HELI TICKET PRICE किराया और रूट
हेली सेवा का किराया सरकार द्वारा निर्धारित किया जाता है और यह रूट के अनुसार अलग-अलग होता है
- फाटा – केदारनाथ
- सिरसी – केदारनाथ
- गुप्तकाशी – केदारनाथ
(किराया आमतौर पर 2,500 से 8,000 के बीच प्रति व्यक्ति हो सकता है)
ये भी पढ़ें – अपर सचिव लोक निर्माण विभाग पहुंचे रूद्रप्रयाग, केदारनाथ यात्रा की व्यवस्थाओं का लिया जायजा
🧳 किन यात्रियों के लिए सबसे बेहतर?
- बुजुर्ग और वरिष्ठ नागरिक
- स्वास्थ्य संबंधी समस्या वाले यात्री
- कम समय में यात्रा पूरी करने वाले श्रद्धालु
ऑनलाइन टिकट बुकिंग 10 अप्रैल से
केदारनाथ धाम की यात्रा को आसान और सुरक्षित बनाने के लिए हेली सेवा एक बेहतरीन विकल्प है। 10 अप्रैल से शुरू होने वाली ऑनलाइन बुकिंग के साथ श्रद्धालुओं को सलाह दी जाती है कि वे समय रहते अपनी सीट सुरक्षित कर लें और केवल आधिकारिक पोर्टल का ही उपयोग करें।
Rudraprayag
RUDRAPRAYAG NEWS: गधेरे में डूबने से गुप्तकाशी के एक युवक की मौत, परिजनों में मचा कोहराम

RUDRAPRAYAG NEWS: दोस्तों संग नहाने गया छात्र गधेरे में डूबा, मौत से परिवार सदमे में
RUDRAPRAYAG NEWS: बद्रीनाथ नेशनल हाईवे पर खांकरा के पास से एक दर्दनाक हादसा सामने आया है. जहाँ पर एक युवक की गधेरे में नहाते वक़्त डूबने से मौत हो गई है. घटना की सूचना मिलने पर SDRF ने तुरंत कर्रवाई करते हुए मौके से शव्व को बरामद किया. हादसे के बाद मृतक के परिजनों में कोहराम मचा हुआ है.
मुख्य बिंदु
गधेरे में डूबने से गुप्तकाशी के युवक की मौत
जानकारी के मुताबिक, जिला नियंत्रण कक्ष रुद्रप्रयाग को मंगलवार दोपहर 14:10 बजे सूचना मिली कि खांकरा में सम्राट होटल के पास एक युवक की मोलदा गधेरे में डूब गया है. इस पर त्वरित कार्रवाई करते हुए SDRF की टीम मौके पर पहुंची और रेस्क्यू अभियान शुरू किया. गधेरे में डूबने से युवक की मौके पर ही मौत हो गई थी, मृतक के शव को SDRF की टीम ने गधेरे से बाहर निकाल 3 किलोमीटर ऊपर सड़क तक पहुँचाया.
ये भी पढ़ें- अल्मोड़ा में बाघ ने ग्रामीण को बनाया शिकार, जंगल में मिला क्षत-विक्षत शव, पांव छोड़ पूरे शरीर को खाया
मृतक श्रीनगर में करता था पढाई
जिसके बाद SDRF ने अग्रिम कार्रवाई के लिए शव को जिला पुलिस के हवाले कर दिया. मृतक की पहचान- अंशुल जमलोकी, पुत्र विनोद जमलोकी, उम्र 21 वर्ष, निवासी ग्राम कोठड़ा (गुप्तकाशी) के रूप में हुई. मिली जानकारी के मुताबिक मृतक अंशुल श्रीनगर में पढाई करता था. जहाँ से वो दोस्तों के साथ नहाने के लिए मोल्दा गधेरे में गया, जिसके बाद इस दर्दनाक हादसे ने उसकी जान छीन ली.
ये भी पढ़ें- Dehradun News: SGRR मेडिकल कॉलेज की पीजी छात्रा की संदिग्ध मौत, HOD पर गंभीर आरोप
घटना के बाद परिजनों में कोहराम
पुलिस ने मृतक के परिजनों को घटना की सूचना दी. जिसके बाद शव उनके सुपुर्द किया गया. जवान बेटे की मौत से पूरे परिवार में शोक का माहौल है. गौरतलब है कि पहाड़ों में इस तरह की घटनाएँ आये दिन सामने आती हैं. कई बार तो मृतक का शव भी नहीं मिल पाता है, इसलिए लोगों को तेज़ धारा वाली नदियों और गधेरों से दूर रहना चाहिए.
Cricket14 hours agoCSK vs DC Dream11 Prediction Match 18 IPL 2026
Cricket11 hours agoLSG vs GT Dream11 Prediction Match 19 IPL 2026
Cricket10 hours agoMI vs RCB Dream11 Prediction Match 20 IPL 2026
Breakingnews15 hours agoबड़ी खबर : सुबह-सुबह रूद्रप्रयाग में भूकंप के तेज झटकों से डोली धरती, घरों से बाहर निकले लोग
big news9 hours ago14 अप्रैल को लच्छीवाला टोल प्लाजा रहेगा टोल फ्री, आशा रोडी बैरियर भी रहेगा खुला, DM ने जारी किया आदेश
Haridwar13 hours agoहरिद्वार में भीषण सड़क हादसा, पूर्व प्रधान के बेटे समेत दो युवकों की दर्दनाक मौत
big news11 hours ago2027 के चुनाव से पहले सियासी पारा हाई, टिकट बंटवारे को लेकर मचा भाजपा और कांग्रेस में घमासान
Breakingnews14 hours agoपौड़ी में भूकंप के झटकों से दहशत, डेढ घंटे के अंतराल पर दो बार आया भूकंप, इतनी रही तीव्रता





































