Politics
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी वीर बाल दिवस पर पहुंचे नई टिहरी, टीला साहिब गुरुद्वारा में टेका मत्था, फिर रोड शो में किया प्रतिभाग, दी सौगात।

नई टिहरी – मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी आज मंगलवार को वीर बाल दिवस के मौके पर नई टिहरी पहुंचे। इस दौरान उन्होंने टीला साहिब गुरुद्वारा में मत्था टेका।

वहीं, इसके बाद अब मुख्यमंत्री ने रोड शो बौराड़ी से प्रताप इंटर कॉलेज मैदान तक किया। इसके बाद सीएम विभिन्न विकास योजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण भी किया।

इस दौरान सीएम धामी ने प्रताप इंटर कॉलेज बौराड़ी में आयोजित “बेटी-ब्वारयूं कु कौथिग” कार्यकम में बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। साथ ही जनपद टिहरी में 415 करोड़ 75 लाख से अधिक धनराशि की 160 योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास कर जनपद वासियों को दी विकास की सौगात दी। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने 201 करोड़ 32 लाख 74 हजार धनराशि की 44 योजनाओं का लोकार्पण व 214 करोड़ 43 लाख 02 हजार धनराशि की 116 योजनाओं का शिलान्यास किया।
Dehradun
मोदी–धामी तालमेल बना विकास का इंजन, उत्तराखंड को मिली विकास की नई रफ्तार

Uttarakhand News : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की सशक्त केमिस्ट्री केवल राजनीतिक समीकरण नहीं, बल्कि परिणाम देने वाली साझेदारी के रूप में सामने आई है। केंद्र और राज्य सरकार के बेहतर समन्वय से उत्तराखंड के विकास की रफ्तार मिली है।
Table of Contents
मोदी–धामी तालमेल बना विकास का इंजन
केंद्र की मोदी सरकार और राज्य की धामी सरकार का तालमेल उत्तराखंड के विकास के लिए इंजन बन गया है। बहुप्रतीक्षित लखवाड़ और सौंग परियोजनाओं को गति देना हो, वंदे भारत ट्रेन का संचालन सुनिश्चित करना हो, एयरपोर्ट विस्तार की दिशा में ठोस प्रगति हो, ऑल वेदर सड़क परियोजना के लिए अतिरिक्त धनराशि मुक्त करानी हो या उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के बीच वर्षों से उलझे परिसंपत्ति विवाद को सुलझाना—ऐसे अनेक जटिल और संवेदनशील मुद्दों पर धामी ने अपनी धाकड़ शैली में समाधान प्रस्तुत किए हैं।
यही कारण है कि राज्य गठन के बाद के कालखंड में अपने साढ़े चार वर्ष के कार्यकाल में पुष्कर धामी ने मुख्यमंत्री के रूप में केंद्र से सर्वाधिक विकास योजनाओं को स्वीकृत कराकर उन्हें धरातल पर उतारने का रिकॉर्ड स्थापित किया है।
उत्तराखंड को मिली विकास की नई रफ्तार
कुछ दिन पूर्व ही मुख्यमंत्री ने हरिद्वार में कुंभ की तैयारियों को लेकर अधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय बैठक की थी। इस बैठक में व्यवस्थाओं, भीड़ प्रबंधन, स्वच्छता, सुरक्षा और समयबद्ध क्रियान्वयन को लेकर स्पष्ट और सख्त निर्देश दिए गए। उन्होंने दो टूक कहा कि कुंभ की तैयारियों में किसी भी प्रकार की ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी। इस प्रशासनिक कसावट के तुरंत बाद वे पूरी तैयारी और विस्तृत प्रस्तावों के साथ दिल्ली रवाना हुए।

वहां केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सी आर पाटिल से हुई मुलाकात निर्णायक साबित हुई। राज्य की आवश्यकताओं, विस्तृत परियोजना खाके और वित्तीय औचित्य को मजबूती से रखने के बाद ही हरिद्वार कुंभ 2027 के लिए ₹500 करोड़ की राशि जारी हुई। यह स्पष्ट संकेत है कि दिल्ली की यात्रा केवल औपचारिक नहीं थी, बल्कि ठोस परिणाम लेकर लौटी।
कुंभ 2027 बनेगा भीड़ प्रबंधन का मॉडल
हरिद्वार में 2027 का कुंभ अब केवल धार्मिक आयोजन नहीं रह गया है, बल्कि आधुनिक अवसंरचना, सुनियोजित यातायात, सुदृढ़ पेयजल व्यवस्था और व्यवस्थित भीड़ प्रबंधन का मॉडल बनने की दिशा में अग्रसर है। 34 बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स घाटों का पुनर्निर्माण, 90 मीटर स्पान का द्वि-लेन स्टील गर्डर पुल, अस्थायी पुलों की स्थापना, प्रमुख मार्गों का चौड़ीकरण, पेयजल के लिए ओवरहेड टैंक और नए ट्यूबवेल इन सबके पीछे एक स्पष्ट प्रशासनिक दृष्टि दिखाई देती है।
big news
बजट सत्र 2026 की तारीख का हुआ ऐलान, 9 से 13 मार्च तक गैरसैंण में होगा बजट सत्र

Uttarakhand Budget 2026: शासन से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है। विधानसभा के बजट सत्र की तारीखों का ऐलान हो गया है। बजट सत्र 9 मार्च से गैरसैंण में होगा।
Table of Contents
बजट सत्र 2026 की तारीख का हुआ ऐलान
उत्तराखंड के बजट सत्र की तारीखों का ऐलान हो गया है। इस संबंध में विधाई एवं संसदीय कार्य विभाग के प्रमुख सचिव धनंजय चतुर्वेदी ने आदेश जारी कर दिए हैं। जारी आदेश के मुताबिक 9 से 13 मार्च तक गैरसैंण स्थित विधानसभा भवन में बजट सत्र आहूत होगा।

big news
भाजपा की कोर ग्रुप की बैठक से नदारद रहे प्रदेश प्रभारी, अब 17 अप्रैल से होगी प्रदेश स्तरीय कार्यशाला

Uttarakhand Politics : बीजेपी कोर ग्रुप की बैठक से नदारद रहे प्रदेश प्रभारी, नहीं दिखे पूर्व मुख्यमंत्री भी
Uttarakhand Politics : 4 साल में भाजपा की पहली बार कोर ग्रुप की बैठक हुई। जिसमें प्रदेश प्रभारी दुष्यंत गौतम नदारत रहे। बैठक में भारतीय जनता पार्टी के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा के साथ ही प्रदेश कोर ग्रुप के 14 सदस्य मौजूद रहे।
Table of Contents
भाजपा की कोर ग्रुप की बैठक से नदारद रहे प्रदेश प्रभारी
सालों बाद शनिवार को उत्तराखंड भारतीय जनता पार्टी की कोर कमेटी की बैठक हुई। लेकिन इस बैठक से प्रदेश प्रभारी दुष्यंत गौतम नदारद नजर आए। इसके साथ ही उत्तराखंड भाजपा के दिग्गज नेता और पूर्व मुख्यमंत्री भी बैठक में नहीं दिखे।
बैठक खत्म होने के बाद प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने जानकारी देते हुए बताया कि आगामी 2027 के चुनाव को लेकर बैठक में रणनीति बनाई गई जिसमें मंडल स्तर से लेकर प्रदेश स्तर तक कार्यक्रम निर्धारित किए गए।
बैठक में आगामी चुनावों की रणनीति पर हुई चर्चा
प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने बताया कि सरकार और संगठन के कार्यक्रमों की समीक्षा की गई और आगामी रणनीति पर विचार विमर्श किया गया। इसी कड़ी में 7 से 14 मार्च तक मंडल स्तर पर प्रशिक्षण तय किया गया। जबकि 17 अप्रैल को प्रदेश स्तरीय कार्यशाला आयोजित करने का निर्णय लिया गया।
17 अप्रैल से होगी प्रदेश स्तरीय कार्यशाला
कार्यशाला में सरकार के चार वर्षो के कार्यों पर मुख्यमंत्री चर्चा करेंगे। इसके साथ ही एक बड़ा कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा, जिसमें प्रदेश के 2 लाख से ज्यादा पार्टी कार्यकर्ता शामिल होंगे, इस कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्रियों समेत प्रधानमंत्री को आमंत्रित किया जाएगा। मुख्यमंत्री धामी प्रत्येक लोकसभावार समीक्षा करेंगे जिसमें विधायक मौजूद रहेंगे।
Uttarakhand9 hours agoDehradun: कांग्रेस पार्षद पर महिला सफाई कर्मी से मारपीट का आरोप, कर्मचारी हड़ताल पर
Cricket22 hours agoZIM vs SA Dream11 Team Today : टी20 वर्ल्ड कप 2026 – सुपर 8 मैच प्रिव्यू, पिच रिपोर्ट और फैंटेसी टिप्स…
Maharastra8 hours agoनागपुर के बारूद कारखाने में भीषण विस्फोट, 15 की मौत, 18 घायल
Almora3 hours agoALMORA FIRING NEWS: आपसी विवाद में पड़ोसी ने चलाई गोली, तीन घायल




































